शादी के 10–12 साल साथ रहने के बाद कपल तलाक क्यों ले रहे हैं? क्या सच में प्यार अचानक खत्म हो जाता है?

साइकोलॉजिस्ट डॉक्टर मालिनी सबा लंबी शादी में तलाक को लेकर कहती हैं कि प्यार अचानक खत्म नहीं होता, बल्कि धीरे-धीरे अनदेखा हो जाता है। लेकिन इसके पीछे क्या कारण है, आइए उन्हीं से जानते हैं।

WrittenBy

Written By: Vidya Sharma | Published : February 2, 2026 9:31 AM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dr. Malini Saba

Shaadi Ke Bahut Time Baad Talak Lene Ka Karan: अक्सर सुनने में आता है कि जो कपल 10 या 12 साल तक साथ रहे, बच्चों की परवरिश की, मुश्किल समय देखा, वे अचानक तलाक का फैसला ले लेते हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि 'क्या सच में इतने सालों बाद प्यार अचानक खत्म हो जाता है?' या इसके पीछे कुछ और वजहें होती हैं? खासकर बॉलीवुड में भी हमें कई ऐसे तलाक के केस देखने को मिले जिनकी शादी लंबे समय से चल रही थी और बिना किसी कारण टूट भी गई। 

जैसे ईशा देओल और भरत तख्तानी, मलाइका अरोड़ा और अरबाज खान और आमिर खान और किरण राव आदि। शादी के लंबे समय बाद तलाक को लेकर साइकोलॉजिस्ट डॉक्टर मालिनी सबा मानती हैं कि प्यार अचानक खत्म नहीं होता, बल्कि धीरे-धीरे अनदेखा हो जाता है।' इसके अलावा लंबी शादी के बाद कपल के बीच तलाक होने के उन्होंने 5 कारण बताए, आइए आपको बताते हैं।

जिम्मेदारियों में उलझकर रिश्ते को भूल जाना

शादी के शुरुआती सालों में कपल एक-दूसरे के लिए समय निकालते हैं। लेकिन जैसे-जैसे जिम्मेदारियां बढ़ती हैं- बच्चे, करियर, परिवार, आर्थिक दबाव- रिश्ते को 'समझा हुआ' मान लिया जाता है। बातचीत कम हो जाती है, भावनाएं साझा करना बंद हो जाता है। यहीं से दूरी धीरे-धीरे बढ़ने लगती है।

बदलाव स्वीकार न करना और इमोशनल अनअवेलेबिलिटी

10–12 साल में इंसान बदल जाता है। सोच, प्राथमिकताएं और जरूरतें बदलती हैं। लेकिन कई रिश्तों में पति-पत्नी एक-दूसरे को वही पुराना व्यक्ति मानकर चलते रहते हैं। जब बदलाव को स्वीकार नहीं किया जाता, तो मन में असंतोष पैदा होता है। वहीं इमोशनल अनअवेलेबिलिटी को लेकर डॉक्टर कहती हैं कि 

शारीरिक साथ होना और भावनात्मक रूप से जुड़े रहना- दो अलग बातें हैं। कई कपल साथ रहते हुए भी अकेलापन महसूस करने लगते हैं। जब कोई सुने नहीं, समझे नहीं, तो रिश्ता बोझ जैसा लगने लगता है।

'अब तो सब ठीक है' वाली गलतफहमी

कई कपल सोचते हैं कि शादी के इतने साल बाद अब रिश्ते पर काम करने की जरूरत नहीं है। लेकिन सच यह है कि रिश्ता भी एक जिम्मेदारी है, जिसे समय-समय पर संभालना पड़ता है। जब इस पर ध्यान नहीं दिया जाता, तो दरारें गहरी हो जाती हैं।

समाज और आर्थिक स्वतंत्रता

आज खासतौर पर महिलाएं मानसिक और आर्थिक रूप से ज्यादा आत्मनिर्भर हैं। वे यह समझने लगी हैं कि सिर्फ निभाना ही रिश्ता नहीं होता। अगर सम्मान, समझ और भावनात्मक सुरक्षा नहीं है, तो रिश्ते में बने रहना जरूरी नहीं।

प्यार खत्म नहीं होता, अभिव्यक्ति खत्म होती है

डॉ. मालिनी साबा कहती हैं कि ज्यादातर मामलों में प्यार खत्म नहीं होता, बल्कि उसे जताने की आदत खत्म हो जाती है। तारीफ, स्पर्श, साथ बैठकर बात करना- ये सब धीरे-धीरे गायब हो जाता है।

तलाक आखिरी नहीं, अंतिम फैसला होता है

तलाक अचानक लिया गया फैसला नहीं होता। यह लंबे समय की चुप्पी, दर्द और कोशिशों के बाद लिया गया कदम होता है। कई बार कपल काफी पहले अलग हो चुके होते हैं, बस कागजों पर साथ होते हैं।

आखिर में यह समझना जरूरी है

10–12 साल बाद होने वाला तलाक प्यार की असफलता नहीं, बल्कि संवाद की कमी का परिणाम होता है। अगर रिश्ते में समय रहते बातचीत, समझ और सम्मान को जगह दी जाए, तो कई रिश्ते बचाए जा सकते हैं। शादी को जिंदा रखने के लिए सिर्फ साथ रहना नहीं, एक-दूसरे के साथ बढ़ना भी जरूरी है।

Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source