
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : June 15, 2023 4:45 PM IST
Dhage wali mishri ke fayde: आज की जनरेशन के लिए मीठा खाना उनका दुश्मन बन गया है। ऐसा आमतौर पर इसलिए है क्योंकि खराब लाइफस्टाइल और अनहेल्दी डाइट के कारण शरीर का वजन तेजी से बढ़ रहा है और ऐसे में मीठा खाना इन समस्याऔं को और ज्यादा बढ़ा सकता है। वहीं बड़ी संख्या में लोग डायबिटीज के शिकार हो चुके हैं और भारत की गिनती भी उन देशों में है, जहां डायबिटीज के मरीज सबसे ज्यादा पाए जाते हैं। लेकिन अभी भी कुछ ऐसी मीठी चीजें हैं, जिन्हें आयुर्वेद में स्वास्थ्यकर बताया गया है। इनमें से एक मिश्री भी है, आपने भी प्रसाद आदि में मिश्री का सेवन जरूर किया होगा, जो दिखने में कुछ-कुछ चीनी के मोटे दानों जैसी दिखती है। लेकिन बहुत ही कम लोगों ने धागे वाली मिश्री को देखा होगा और उसके फायदो के बारे में पता होगा। मीठी होने के बावजूद भी धागे वाली मिश्री सेहत के लिए बेहद फायदेमंद होती है और इसके फायदे कुछ इस प्रकार हैं।
आयुर्वेद के अनुसार धागा मिश्री का सेवन करने से आंखों की रोशनी बढ़ती है। वर्तमान में भी ग्रामीण भारत में बुजुर्ग लोग अपनी आंखों की रोशनी को सुरक्षित रखने के लिए धागा मिश्री का उपयोग करते हैं। आयुर्वेद में भी कई आंखों की दवाई में धागा मिश्री का उपयोग किया जाता है। आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए धागा मिश्री काफी फायदेमंद रहती है।
धागा मिश्री मुंह में ठंड देने का काम करती हैं और इसका सेवन करने से मुंह के छालों को भी दूर किया जा सकता है। यदि आपके मुंह में छाले हैं, तो धागा मिश्री को पीसकर ठंडे बर्फ वाली पानी में घो लें। एक-एक घूंट करके धीरे-धीरे इसका सेवन करें। ऐसा करने से छालों की जलन कम होती है और साथ इनसे जल्दी छुटकारा भी मिलता है।
पाचन से जुड़ी समस्याओं के लिए भी धागा मिश्री को काफी अच्छा बताया गया है। दादी-नानी के नुस्खों में मिश्री का इस्तेमाल पेट से जुड़ी बीमारियो को दूर करने के लिया किया जाता है। आयुर्वेद में भी पाचन से जुड़ी समस्याओं को दूर करने के लिए थोड़ी धागा मिश्री चबाने की सलाह दी जाती है। हालांकि, इसके पीछे मेडिकल साइंस का कोई प्रमाण नहीं मिल पाया है।
बवासीर काफी परेशान कर देने वाली समस्या है और इसका इलाज करना बहुत जरूरी हो जाता है। लंबे समय तक कब्ज रहना भी बवासीर का कारण बन सकता है। बवासीर की समस्या को दूर करने के लिए भी धागा मिश्री काफी फायदेमंद मानी गई है। बवासीर को गाय के दूध से बने मक्खन में मिलाकर खाने से बवासीर की समस्या दूर हो जाती है।
मिश्री की तासीर ठंडी होती है और इसलिए गर्मियों में भी इसका सेवन काफी फायदेमंद बताया गया है। गर्मियों में जिन लोगों को नकसीर की समस्या रहती है, उनके लिए धागा मिश्री काफी फायदेमंद हो सकती है। धागा मिश्री का सेवन करने से नाक से खून आना बंद हो जाता है।
हालांकि, यह भी नहीं है कि धागा मिश्री हर किसी के लिए फायदेमंद है, कुछ लोगों को इससे उल्टा स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं। खासतौर पर जिन लोगों को डायबिटीज है, उन्हें धागा मिश्री का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए, क्योंक धागा मिश्री एक रिफाइंड शुगर है, जो ब्लड शुगर लेवल तेजी से बढ़ा सकता है। साथ ही जिन लोगों का शरीर का वजन बढ़ा हुआ है, उनके लिए भी धागा मिश्री अच्छा ऑप्शन नहीं है।