Advertisement

गर्मी की वजह से होने वाले पेट दर्द को कैसे ठीक करें? जानें 5 असरदार घरेलू उपाय

Stomach Pain During Summer: अगर गर्मी की वजह से आपको कभी भी पेट दर्द शुरू हो जाता है तो दवा खाने से पहले ये कुछ घरेलू उपाय आजमा लें, हो सकता है आपको दवाई खाने की जरूरत ही न पड़े।

Written By Vidya Sharma
Published : April 30, 2026 4:48 PM IST

स्टमक पेन

Garmiyo Mai Pet Dard Kyu Hota Hai: गर्मियां शुरू हो गई हैं, ऐसे में तेज धूप के कारण हमारे शरीर में डिहाइड्रेशन होगा और फिर कई तरह की बीमारियां भी। उन्हीं में से एक है पेट का दर्द जो अक्सर गर्मियों में सताता है। यह कई कारणों से हो सकता है जैसे शरीर में पानी की कमी, सामान्य की तुलना में खाना पचने में अधिक समय लगना या कुछ भारी सामान उठाना आदि। अच्छी बात यह है कि ज्यादातर पेट दर्द गंभीर नहीं होते हैं और ज्यादातर मामलों में इनके लिए तुरंत और आसान उपाय मौजूद होते हैं।

आज हम आपको इस लेख में 5 ऐसे ही आसान व असरदार उपायों के बारे में बताने वाले हैं, जिनकी मदद से आप अपने पेट के दर्द को छींक कर देंगे। बता दें कि ऐसी स्थिति में समय पर सही घरेलू उपाय और भरपूर पानी/इलेक्ट्रोलाइट लेना बहुत जरूरी होता है। आइए अब हम गर्मी से होने वाले पेट दर्द को ठीक करने के तरीकों के बारे में बताएं।

Advertisement

हीटिंग पैड का इस्तेमाल करें

वेबमेड के एक आर्टिकल में डॉक्टर जेनिफर रोबिनसन, MD बताती हैं कि पेट दर्द अक्सर मरोड़ उठने के कारण हो सकता है, ऐसे में एक आसान उपाय यह है कि आप अपने पेट के उस हिस्से पर हीटिंग पैड रखें, जहां आपको दर्द हो रहा है। गर्मी आपके पेट की बाहरी मांसपेशियों को आराम देती है और पाचन तंत्र में हलचल को बढ़ावा देती है। आमतौर पर, लेटकर ऐसा करना सबसे ज्यादा असरदार होता है। इसे 15 मिनट तक अपने पेट पर रखे रहें।

FAQ'S

1. खाली पेट में दर्द क्यों होता है?

गैस बनने या एसिडिटी की वजह से खाली पेट दर्द हो सकता है।

2. पेट दर्द क्यों होता है?

अपच, गैस, कब्ज और फूड प्वाइजनिंग की वजह से पेट दर्द हो सकता है।

3. पेट दर्द होने पर सबसे पहले क्या करें?

पेट दर्द होने पर सबसे पहले शरीर को आराम दें। हल्का और आसानी से डाइजेस्ट होने वाला भोजन खाएं। साथ ही, पानी खूब पिएं।

4. पेट दर्द से तुरंत राहत कैसे पाएं?

पेट दर्द से राहत पाने के लिए आप गर्म पानी से सिकाई कर सकते हैं।

दूसरा तरीका है खूब पानी और ORS पीने का

क्यों? अगर आपके मन में भी यही सवाल आ रहा है तो बता दें कि पानी की कमी से शरीर में इलेक्ट्रोलाइट का संतुलन बिगड़ जाता है, जिससे पेट में ऐंठन और डाइजेशन से जुड़ी समस्याएं पैदा होती है। इसलिए रोजाना कम से कम 3-4 लीटर पानी पिएं। साथ ही घर से बाहर जाते समय अपने बैग में एक पैकेट ओआरएस या एलेक्ट्रल का रखें। जरूरत पड़ने पर पीना न भूलें।

Advertisement

ज्यादा अधिक मात्रा में न खाएं

वेबमेड के आर्टिकल में डॉक्टर जेनिफर रोबिनसन, MD बताती हैं कि ज्यादा खाने से आपका पेट फूल जाता है और दूसरे अंदरूनी अंगों पर दबाव डालता है, जिससे आपको बेचैनी महसूस होती है। इससे आंतों को ज्यादा हाइड्रोक्लोरिक एसिड बनाना पड़ता है, जो ऊपर की ओर आपके पेट में आ सकता है, जिससे दर्द होता है। आप कितना खाते हैं, इसे कंट्रोल करने से न सिर्फ वजन बढ़ने से रोकने में मदद मिलती है, बल्कि यह आपके पेट की पूरी सेहत और काम करने की क्षमता को बेहतर बनाने में भी मदद कर सकता है। इसलिए कोशिश करें कि लिमिट में ही खाएं।

नींबू-सोडा या नींबू-पानी

नींबू पानी या सोडा पीने की सलाह इसलिए दे रहे हैं क्योंकि कभी-कभार हमारे पेट में दर्द का कारण गैस होती है, जिसके बारे में हमें पता ही नहीं होता है। ऐसे में तुरंत हम या तो डॉक्टर के पास चले जाता हैं या घर पर रखी को दवाई खा लेते हैं। पेट की इस समस्या के लिए नींबू पानी असरदार माना जाता है।

साथ ही इसमें एक चुटकी बेकिंग सोडा मिलाने से पेट के एसिड में क्षारीय संतुलन बनता है, जिससे जलन कम होती है। लेकिन ध्यान रखें कि नींबू पानी में अधिक मात्रा में लेना हानिकारक हो सकता है, इसलिए निर्देशित मात्र से अधिक नहीं लें। पेट खराबी या अल्सर की स्थिति में डॉक्टर से सलाह के बिना न लें।

डॉक्टर से कब मिलें?

पेट में लगातार दर्द इस बात का संकेत हो सकता है कि कोई गंभीर समस्या है, और आपको डॉक्टर से सलाह लेने के बारे में सोचना चाहिए। उदाहरण के लिए, लगातार उल्टी होने से डिहाइड्रेशन जैसी दूसरी बीमारियां हो सकती हैं। अगर आपको लगातार पेट में तेज ऐंठन, दस्त, या खून की उल्टी जैसे गंभीर लक्षण दिखाई दे रहे हैं, तो अपने डॉक्टर को फोन करें या क्लिनिक ही चले जाएं। अगर कुछ खास तरह का खाना खाने या कोई खास काम करने के बाद आपको लगातार पेट से जुड़ी समस्याएं होती हैं, तो भी आपको डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

डिस्क्लेमर- हम आपको सलाह देते हैं कि पेट दर्द को नजरअंदाज बिल्कुल न करें। शुरुआत में भले ही यह कम फील हो लेकिन अगर घरेलू उपाय करने के बाद भी ठीक नहीं होता है तो तुरंत डॉक्टर के पास जाएं। समय पर की कई सावधानी बड़ी-बड़ी बीमारियों को होने से बचा सकती है।