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डाइट में बस इस 1 बदलाव से छूमंतर हो जाएगी यूरिक एसिड की परेशानी

डाइट में बस इस 1 बदलाव से छूमंतर हो जाएगी यूरिक एसिड की परेशानी

जीवनशैली और खानपान में कुछ परिवर्तन करके आप यूरिक एसिड की परेशानी को दूर कर सकते हैं।

Written by Atul Modi |Published : December 6, 2023 4:53 PM IST

हमारी बिगड़ी हुई लाइफस्टाइल और ईटिंग हैबिट्स यानी खानपान के गलत तरीकों के कारण कई बीमारियां हमें 'सौगात' में मिल गई हैं। इन्हीं में से एक है 'यूरिक एसिड'। एक समय था जब शरीर में यूरिक एसिड बढ़ने की परेशानी बड़ी उम्र के लोगों में होती थी, लेकिन आजकल कम उम्र के लोग भी इसका शिकार हो रहे हैं। चिंता की बात यह है कि अक्सर लोग इस परेशानी का समय रहते अनुभव नहीं कर पाते और परेशानी बहुत ज्यादा बढ़ने के बाद ही डॉक्टर के पास जाते हैं। हालांकि लाइफस्टाइल में कुछ बदलाव कर हम इस परेशानी को दूर कर सकते हैं।

यूरिक एसिड बढ़ने से होती हैं ये परेशानियां

दरअसल, शरीर में प्यूरीन नामक रसायन के टूटने के कारण यूरिक एसिड जैसा टॉक्सिन बढ़ने लगता है। वैसे तो किडनी यूरिक एसिड को फिल्टर कर टॉयलेट के माध्यम से शरीर से बाहर निकाल देती है, लेकिन अगर आप इसका अत्यधिक सेवन करते हैं तो किडनी इसे फिल्टर नहीं कर पाती। ऐसे में शरीर में यूरिक एसिड एकत्रित होने लगता है, जो कई परेशानियां खड़ी कर देता है। यूरिक एसिड शरीर के जोड़ों में जाकर क्रिस्टल के रूप में जमा हो जाता है। इसके कारण हड्डियों में परेशानी होने लगती है, गैप बढ़ने लगता है। साथ ही हड्डियां कमजोर होने लगती हैं, जिससे चलने फिरने में भी परेशानी होने लगती है। कई बार इसके कारण जोड़ों में सूजन भी आने लगती है।

इस एक परिवर्तन से हारेगा यूरिक एसिड

खास बात यह है कि यूरिक एसिड का इलाज संभव है। वहीं लाइफस्टाइल और खानपान में थोड़े-थोड़े से परिवर्तन करके आप यूरिक एसिड की परेशानी को दूर कर सकते हैं। इसके लिए सबसे जरूरी है आटा बदलना। जी हां, अगर आप गेहूं की जगह बाजरे का आटा खाना शुरू कर दें तो यूरिक एसिड की परेशानी काफी कम हो सकती है। दरअसल, बाजरे के आटे में प्यूरीन की मात्रा गेहूं के आटे के मुकाबले काफी कम होती है। प्यूरिन एसिड ही बॉडी में यूरिक एसिड बढ़ने का कारण है। अगर आप यूरिक एसिड की समस्या से जूझ रहे हैं तो हाई फाइबर वाला बाजरे के आटा आपके लिए बेस्ट है। इसकी मदद से शरीर से अतिरिक्त यूरिक एसिड निकलने में भी मदद मिलती है। क्योंकि यह तेजी से इस टॉक्सिन एसिड को अवशोषित कर लेता है। अगर आप बाजरे का आटा खाना पसंद नहीं करते हैं तो आप ज्वार के आटे की रोटी भी खा सकते हैं।

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बस एक चम्मच करेगा जादू

अगर आप चाहते हैं कि यूरिक एसिड की समस्या आपको नहीं हो, या फिर यह जल्दी ठीक हो तो आप बाजरे या फिर ज्वार के आटे में अजवाइन मिलाकर इसका सेवन करें। अजवाइन में एंटी इंफ्लेमेटरी गुण मौजूद होते हैं, जो शरीर की सूजन और दर्द दोनों कम करती है। इसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड भी काफी मात्रा में होता है, जिससे शरीर में यूरिक एसिड का स्तर नियंत्रण में रहता है। इतना ही नहीं अजवाइन शरीर की कई अन्य परेशानियों को दूर करती है।