
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Updated : August 23, 2022 5:31 PM IST
हमारे शरीर के कुछ अंग ऐसे होते हैं, जिनका हम दिनभर इस्तेमाल करते हैं और हमे पता भी नहीं चलता। यही कारण है कि कई बार ज्यादा काम या मांसपेशियों में खिंचाव आदि आने के कारण उस अंग में दर्द होने लगता है। कंधा भी एक ऐसा ही अंग है, जिसका दिनभर इस्तेमाल किया जाता है और कई बार इसमें दर्द होने लगता है। कंधे का दर्द ज्यादातर मामलों में मांसपेशियों में खिंचाव या ऐंठन से जुड़ी समस्या होती है और कई बार हड्डी से जुड़ी कोई समस्या भी कंधे के दर्द का कारण बन सकती है। लेकिन अक्सर कंधे का दर्द किसी अन्य कारण से भी हो सकता है, जिनमें कई बार कोई गंभीर बीमारी भी हो सकती है। कंधे का दर्द कई बार दिल की बीमारियों से लेकर कई बड़ी बीमारियों का संकेत हो सकता है, इसलिए कभी भी इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
अगर आपको कंधे में लंबे समय से दर्द हो रहा है और दवाओं के असर के बाद फिर से विकसित हो जाता है, तो यह निम्न बीमारियों का संकेत हो सकता है -
हृदय रोग - अचानक से बाएं कंधे में दर्द होना एक अच्छा संकेत नहीं है, क्योंकि कई बार यह कुछ लोगों में हार्ट अटैक से पहले आने वाला एक संकेत हो सकता है। वहीं कुछ लोगों को बाएं कंधे के साथ-साथ दाएं में भी दर्द हो जाता है। अगर आपको कंधे के साथ-साथ सीने में दर्द या दबाव महसूस हो रहा है, तो जल्द से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें।
रूमेटाइड अर्थराइटिस - कंधे का दर्द कई बार रूमेटाइड अर्थराइटिस का संकेत हो सकता है। यह शरीर के जोड़ों को प्रभावित करने वाली एक ऑटोइम्यून बीमारी है, जिसका कोई स्थायी इलाज नहीं है। अगर आपके परिवार में पहले किसी को रूमेटाइड अर्थराइटिस या अन्य कोई ऑटोइम्यून बीमारी (जैसे सोरायसिस आदि) है, तो ऐसे में आपको कंधे के दर्द को इग्नोर नहीं करना चाहिए।
शॉल्डर टेंडनाइटिस - टेंडनाइटिस एक गंभीर व दर्दनाक स्थिति होती है, जिसमें मांसपेशियों को हड्डियों से जोड़ने वाले ऊतक (टेंडन) में सूजन व लालिमा आ जाती है। अगर कंधे के जोड़ में मौजूद टेंडन में सूजन व लालिमा आ गई गई है, तो उस स्थिति को शॉल्डर टेंडनाइटिस कहा जाता है।
हालांकि, ऐसा जरूरी नहीं है कि कंधे में होने वाला दर्द निश्चित रूप से किसी बड़ी बीमारी का संकेत देता है। यह आमतौर पर किसी सामान्य समस्या के कारण भी हो सकता है, जैसे कंधे में चोट लगना या मोच आना आदि। ऐसे में आप घर पर पेनकिलर व अन्य घरेलू तरीकों से इस स्थिति का इलाज कर सकते हैं। अगर पेन किलर से दर्द कम नहीं हो रहा है या फिर दर्द बढ़ता ही जा रहा है, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
हालांकि, अगर आपको खेलकूद के दौरान चोट या मोच आदि आई है, तो ठंडी व गर्म सिकाई की मदद से इस स्थिति को ठीक किया जा सकता है। मोच या चोट के मामले में जितना हो सके कंधे के जोड़ को आराम दें और समय-समय पर गर्म व ठंडी सिकाई करते रहें। दर्द व सूजन को कम करने के लिए पेन किलर व एंटी-इंफ्लेमेटरी दवाएं डॉक्टर की सलाह से ली जा सकती हैं।