डायबिटीज और हाई ब्लड शुगर जैसी कई बीमारियों को कंट्रोल करेगी पीपल की छाल, जानें इस्तेमाल का तरीका

Peepal bark benefits: हाई ब्लड शुगर, ब्लड प्रेशर और यूरिक एसिड जैसी बीमारियों को कंट्रोल करने के लिए पीपल की छाल का इस्तेमाल किया जा सकता है, जो काफी प्रभावी रूप से काम कर सकता है।

WrittenBy

Written By: Mukesh Sharma | Updated : August 25, 2023 12:50 PM IST

Pipal ped ke fayde: आजकल हर व्यक्ति की हेल्थ कुछ ऐसी हो गई है, कि लोगों को स्वस्थ रहने के लिए भी दवाओं के ही भरोसे रहना पड़ता है। शारीरिक गतिविधियां इतनी कम हो गई हैं, कि मोटापा और फिर मोटापे के साथ कई बीमारी लगातार बढ़ने लगी हैं। वहीं खानपान भी इतना हेल्दी नहीं रहा है और उसके माध्यम से पर्याप्त पोषक तत्व नहीं मिल पाते हैं। शरीर को पर्याप्त पोषक तत्व देने के लिए भी अलग से सप्लीमेंट्स लेने पड़ते हैं। यही कारण है कि शरीर में अलग-अलग प्रकार की गंभीर व क्रोनिक बीमारियां होने लगी हैं और कुछ बीमारियों का तो कोई जड़ से इलाज भी नहीं है। लेकिन दवाओं की मदद से उन्हें कंट्रोल करके रखा जाता है। हालांकि, सिर्फ दवाएं ही नहीं आज भी कई ऐसी नेचुरल चीजें हैं, जिनसे एक नहीं बल्कि कई बीमारियों को एक साथ कंट्रोल किया जा सकता है। इसमें एक पीपल की छाल भी है, जिसकी मदद से डायबिटीज जैसी कई बीमारियों को कंट्रोल किया जा सकता है। चलिए जानते हैं, पीपल की छाल के फायदे और इस्तेमाल का तरीका

डायबिटीज के लिए पीपल की छाल (Peepal bark for diabetes)

पीपल की छाल की मदद से डायबिटीज को कंट्रोल करने में भी काफी मदद मिल सकती है। इसमें कई ऐसे एंटी-डायबिटीज तत्व होते हैं, जो शरीर में ब्लड शुगर लेवल को बढ़ने से रोकते हैं। पीपल की छाल को पानी में उबाल पानी का सेवन किया जा सकता है। वहीं सूखी छाल को पीसकर इसका पाउडर बनाया जा सकता है, जिसे आप गुनगुने पानी के साथ ले सकते हैं।

पीपल की छाल से हाई ब्लड प्रेशर कंट्रोल (Peepal bark for hypertension)

हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के लिए भी सिर्फ दवाएं ही नहीं बल्कि पीपल की छाल का इस्तेमाल भी किया जा सकता है। हाइपरटेंशन जैसी बीमारियों के लिए पीपल की छाल को घरेलू नुस्खा माना जाता है। कई अध्ययनों में यह पाया जा चुका है कि पीपल की छाल का सही इस्तेमाल करने से यह धमनियों की रुकावट को खोलने में मदद करता है, जिससे पीपल की छाल में मदद मिलती है।

यूरिक एसिड कम करने में पीपल की छाल (Peepal bark for uric acid)

बढ़े यूरिक एसिड को कम करने के लिए भी पीपल की छाल का इस्तेमाल किया जा सकता है। नीम की तरह पीपल के पेड़ में भी यूरिक एसिड कम करने वाले कई गुण पाए जाते हैं। पीपल की छाल को पानी में अच्छे से उबालकर काढ़ा बना लें और फिर इसका सुबह व शाम के समय आधा कप सेवन करें। लगातार तीन दिन इसका सेवन करने के बाद रिजल्ट देखें।

इस्तेमाल करने का सही तरीका (How to use peepal bark)

पीपल की छाल का इस्तेमाल कई अलग-अलग तरीके से किया जाता है, जो कई बार जरूरत के अनुसार निर्धारित किया जाता है। हाई ब्लड शुगर से पीड़ित लोग पीपल की छाल को रातभर एक गिलास पानी में भिगोकर रखते हैं और सुबह खाली पेट इसका सेवन किया जा सकता है। साथ ही जिन लोगों को हाई ब्लड प्रेशर की दिक्कत है, वे पीपल की छाल का पाउडर बनाकर गुनगुने पानी के साथ लेते हैं।

डॉक्टर से संपर्क जरूरी (When to connect doctor)

हालांकि, यदि आपको उपरोक्त में से कोई भी हेल्थ समस्या है, तो आपको पीपल की छाल का इस्तेमाल भी डॉक्टर से सलाह लेकर भी किया जा सकता है। कुछ पीपल की छाल का इस्तेमाल करने से पेट से जुड़ी समस्याएं भी हो सकती हैं, जैसे जी मिचलाना, पेट दर्द या उल्टी आना आदि। वहीं कुछ लोग पीपल की छाल में मौजूद तत्वों से एलर्जिक भी हो सकते हैं, इसलिए डॉक्टर से संपर्क करना जरूरी है।

डिस्क्लेमर: यह लेख पूरी तरह से जानकारी के तौर पर लिखा गया है और इसमें दिए गए नुस्खे या उपचार के तरीकों का उपयोग करने से पहले एक बार डॉक्टर से पूछने की सलाह दी जाती है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source