विश्व एड्स वैक्सीन दिवस 2019ः एड्स वैक्सीन में गाय की एंटीबॉडीज का प्रयोग

WrittenBy

Written By: akhilesh dwivedi | Updated : May 18, 2019 10:22 AM IST

विश्व एड्स वैक्सीन दिवस पर यह जानना बेहद दिलचस्प हो सकता है कि गाय एड्स के वैक्सीन में मददगार हो सकती है। अमरीकी शोधकर्ताओं का कहना है कि एचआईवी से निपटने के लिए वैक्सीन बनाने में गाय काफी मददगार साबित हो सकती है. प्रतिरक्षा के तौर पर ये जानवर लगातार ऐसे विशेष एंटीबॉडीज प्रोड्यूस करते हैं जिनके जरिए एचआईवी को खत्म किया जा सकता है. विश्व एड्स वैक्सीन दिवस पर यह जानकारी गाय के पालन और उससे मिलने वाले खाद्य पदार्थ के उपयोग को भी बढ़वा दे सकती है.

ऐसा माना जा रहा है कि कॉप्लेक्स और बैक्टीरिया युक्त पाचन तंत्र की वजह से गायों में प्रतिरक्षा की क्षमता ज़्यादा विकसित हो जाती है. अमरीका के नेशनल इंस्टीच्यूट्स ऑफ़ हेल्थ ने इस नई जानकारी को बेहतरीन बताया था.

एचआईवी एड्स की बीमारी एक जानलेवा बीमारी है। एचआईवी के वायरस अपनी स्थित को बहुत तेजी के साथ बदलते हैं। एचआईवी का वायरस मरीज के प्रतिरक्षा सिस्टम पर सीधा हमला करता है। एचआईवी अपनी उपस्थिती को बदलता रहता है।

वर्ल्ड एड्स वैक्सीन डे 2019 : क्या है एचआईवी एड्स और इसके लक्षण, कारण और उपचार

how AIDS Vaccine help preventing hiv

वैक्सीन कैसे काम करता है 

एक वैक्सीन मरीज़ के रोग प्रतिरोधक सिस्टम को विकसित कर सकती है और लोगों को संक्रमण के पहले स्टेज पर बचा सकती है. इंटरनेशनल एड्स वैक्सीन इनिशिएटिव और द स्क्रिप्स रिसर्च इंस्टीच्यूट ने गायों की प्रतिरक्षा क्षमता को लेकर टेस्ट शुरू किया.

एक शोधकर्ता डॉक्टर डेविन सोक ने बीबीसी न्यूज़ को बताया, "इसके परिणाम ने हमें हैरान कर दिया." ज़रूरी एंटीबॉडीज़ गायों के प्रतिरक्षा तंत्र में कई सप्ताह में बनते हैं.

डॉक्टर सोक ने कहा, "यह बेहद उन्मुक्त कर देने वाला मौका था. इंसानों में ऐसे एंटीबॉडी विकसित होने में क़रीब तीन से पांच साल लग जाते हैं."

एड्स की बीमारी का हो सकता है इलाज – लंदन का एक मरीज हुआ एड्स मुक्त

उन्होंने कहा, "यह बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके पहले यह इतना आसान नहीं लग रहा था. किसे पता था कि एचआईवी के इलाज में गाय का योगदान होगा."

'नेचर' नाम के जर्नल में प्रकाशित नतीजों में बताया गया है कि गाय की एंटीबॉडीज से एचआईवी के असर को 42 दिनों में 20 फ़ीसदी तक खत्म किया जा सकता है.

प्रयोगशाला परीक्षण में पता चला कि 381 दिनों में ये एंटीबॉडीज़ 96 फीसदी तक एचआईवी को बेअसर कर सकते हैं.

एड्स को खत्म करने वाली एंटीबॉडीज 

एक और शोधकर्ता डॉक्टर डेनिस बर्टन ने कहा कि इस अध्ययन में मिली जानकारियां बेहतरीन हैं. उन्होंने कहा, "इंसानों की तुलना में जानवरों के एंटीबॉडीज ज्यादा यूनीक होते हैं और एचआईवी को खत्म करने की क्षमता रखते हैं."

इन लोगों को सबसे ज्यादा होता है एड्स, कहीं आप भी तो नहीं हैं इसकी जद में

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source