
अंजू रावत
अंजू रावत एक अनुभवी हेल्थ, फिटनेस, रिलेशनशिप, ब्यूटी और लाइफस्टाइल लेखक हैं, जिन्हें इन विषयों पर लिखने ... Read More
Silent Treatment in Relationship: जब तक दो पार्टनर लड़ रहे हैं, एक-दूसरे से शिकायत कर रहे हैं, एक-दूसर की कमियां बता रहे हैं, तब तक सब सही रहता है। तब तक एक रिश्ता सही तरह से चल रहा होता है। लेकिन, जैसे ही एक पार्टनर शिकायत करना और लड़ना बंद कर देता है यानी साइलेंटट्रीटमेंट देना शुरू कर देता है, तो इस स्थिति में रिश्ता दगमगा सकता है। यहएकऐसीस्थितिहै, जिसमेंअगररिश्तेपरध्यान न दियाजाएतोटूटनेकेगरारपरभी आ सकताहै।इसलिएसाइलेंटट्रीटमेंटकोसमझनाबहुतजरूरीहै। आइए, जानतेहैंक्याहैऔरइसस्थितिसेकैसेबचें?
जब रिश्ते में कोई व्यक्ति किसी मुद्दे या लड़ाई को सुलझाने के बजाय, बात करना बंद कर देता है, तो इसे ही साइलेंटट्रीटमेंट कहा जाता है। इससे न सिर्फ रिश्ता खराब होता है, सामने वाला व्यक्ति तनाव या डिप्रेशन में भी चला जाता है। इससे एक-दूसरे के साथ इमोशनल दूरी बननी शुरू हो जाती है। इस तरह का रिश्ता काफी टॉक्सिक होने लगता है।
Disclaimer : प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।