इन 6 तरीकों से पकाएंगे भोजन तो होंगे कई फायदे

भाप में भोजन को पकाने से पोषक तत्वों को सुरक्षित रखा जा सकता है।

WrittenBy

Written By: Editorial Team | Published : September 7, 2018 12:01 PM IST

आमतौर पर खाना को हम कितना भी सावधानीपूर्वक पकाएं, उसके 10 से 15 प्रतिशत तक पोषक तत्व नष्ट हो ही जाते हैं। लेकिन खाना पकाने के भी कई तरीके हैं और उन तरीकों से सेहत पर कई फायदे भी होते हैं। इससे पाचन सुधरता है और पोषक तत्व उस रूप में परिवर्तित हो जाते हैं, जो शरीर में आसानी से अवशोषित हो सकें। कुछ खाद्य पदार्थों को पकाना तो बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि उन्हें कच्चा नहीं खाया जा सकता।

स्टीमिंग यानी भाप में पकाना

भाप में भोजन को पकाने से पोषक तत्वों को सुरक्षित रखा जा सकता है। इसके लिये ताजी सब्जियां, चावल और दलिया को जहां तक हो कम पानी में भाप में ही पकाएं। सब्जियों को प्रेशर कुकर के भाप में पकाना अच्छा होता है। इसमें तेल की जरूरत भी नहीं होती है, समय भी कम लगता है और विटामिन व दूसरे पोषक तत्व भी सुरक्षित बने रहते हैं। इस तरह से खाना पकाने पर सब्जियों की रंग और चमक भी बरकरार रहेगी और उनमें पोषक तत्वों की मात्रा उतनी ही अधिक रहेगी। साथ ही इस प्रकार तैयार भोजन से आपका अतिरिक्त वजन कम करने में भी मदद मिलती है।

यह भी पढ़ें- वजन को करना है कंट्रोल तो इन 5 तरह के सूप का न करें सेवन

खाना बनाने की सुरक्षित विधियां

हम क्या खाते हैं, उससे ज्यादा यह जरूरी है कि उसे कैसे खाते और पकाते हैं। खाद्य पदार्थों को दो रूप में खाया जाता है, कच्चा या पकाकर। कई सब्जियों और फलों को कच्चा खाना फायदेमंद होता है, लेकिन हर चीज को कच्चा नहीं खाया जा सकता, इसलिए हम भोजन को पकाते हैं। खाने को स्वादिष्ट बनाने के लिए कई मसाले, शक्कर, घी, तेल और दूसरी चीजें डालकर हम उसके पोषक तत्वों को नष्ट कर देते हैं। लेकिन पकाने की कुछ ऐसी विधियां हैं, जिनसे अधिक से अधिक पोषक तत्वों को सुरक्षित रखा जा सकता है, जिनमें से एक है स्टीमिंग।

यह भी पढ़ें-नॉन-वेज खाने वाले आयोडिन के लिए डायट में शामिल कर सकते हैं ये 4 चीज़ें !

पोषक तत्व संरक्षित रहते हैं

स्टीम्ड फूड यानी भाप में पकी सब्जियों में पौष्टिकता की मात्रा भरपूर रहती है और विटामिन और खनिज की दैनिक खुराक मिलती रहती है। खाना पकाने की इस विधी से कोई पोशक तत्व नष्ट नहीं होता है। पानी से बनी भाप सब्जी को खाने लायक गला देती है और इसमें अधिक पानी न होने से पानी को सब्जी से अलग भी नहीं किया जाता और सारी पौष्टिकता उसमें समाई रहती है। जैसा कि स्टीमिंग में तेल की कोई ज़रूरत नहीं होती है, ये भोजन को फ्राई या ग्रील करने से कहीं बेहतर विकल्प होता है। इस तरह खाना पकाने से न तो ये फैट बढ़ाता है और न ही उनका स्वाद ही खराब होता है।

यह भी पढ़ें-आंवले और शहद का मुरब्बा बनाएं और गजब के फायदे पाएं

खाना जलता नहीं

खाने को फ्राई करने, उबालने या बेक करने की तुलना में यदि आप एक स्टीमर का उपयोग कर रहे हैं, तो न तो आपका खाना ज्यादा पकता है और न ही जलता है। साथ ही स्टीम करने पर सब्जियों को भी पकाने के लिए कम समय लगेगा।

लो कैलोरी

स्टीमिंग किये भोजन को खाने से कौलोरी भी कम जाती हैं, जिससे आपके मोटे होने और हार्ट डिज़ीज होने का खतरा भी कम होता है। वहीं दूसरी ओर जब आप भोजन को फ्राई किया जाता है तो भोजन में तेल अवशोषित हो जाता है और अधिक फैट और कैलोरी जमा हो जाती हैं। मांस, चिकन व मछली को पकाने के लिए बहुत कम पानी लें और इन्हें भाप में गला लें और बेहद न के बराबर मसालों और तेल में पकाएं। अगर ज्यादा पानी में बना रहे हैं तो उस पानी का सूप के रूप में उपयोग करें।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source