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Written By: Yogita Yadav | Published : February 18, 2019 9:47 AM IST
अगर आप भीतर-बाहर की हलचल और मानसिक उथल पुथल से परेशान हैं तो जरूरी है कि आप हर रोज कम से कम पंद्रह मिनट ध्यान लगाने का अभ्यास करें, यह आपकी कई मानसिक परेशानियों को समाप्त कर सकता है। © Shutterstock
कई बार हमारे आसपास ऐसी घटनाएं घटित होती हैं कि आप मन की शांति खो बैठते हैं, जिससे किसी भी काम में मन नहीं लगता। हम इन घटनाओं को तो नहीं रोक सकते पर अपने मन को शांत कर मस्तिष्क को सुचारू रूप से काम करने के लिए योग और ध्यान की शरण में जा सकते हैं।
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अगर बढ़ रहा है तनाव
काम के बढ़ते लोड में कई बार ऐसा होता है कि आप क्या करें और क्या न करें के फेर में ही परेशान हो जाते हैं। यह असल में काम का मन पर बोझ जाने की स्थिति है। यहीं से होती है चिंता और अवसाद की शुरूआत। अगर आप भी काम के बढ़ते बोझ से परेशान हैं तो करें ध्यान योग। निश्चित रूप से इसके बाद आप स्वयं महसूस करेंगे कि आपकी कार्यक्षमता में सुधार हो रहा है।
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ध्यान योग करने की विधि
सबसे पहले एक आसन पर आराम पूर्वक बैठ जाए, साथ ही पूरे ध्यान के दौरान तनावहीन और निश्छल होकर बैठे रहे।
इसके बाद अपने कंधो के चारो ओर एक ऊनि वस्त्र डाल सकते है।
हाथ चिन मुद्रा (ज्ञान मुद्रा) में घुटनों और जांघो पर रहे।
अब आंखे बंद कर ले।
साथ ही चेहरे कि मांसपेशियों, विशेषकर आँख ,पलकों और मस्तक को तनावहीन रखे।
जैसे ही आप सचेत रहते हुए कोहनियों, पेट, निचले जबड़े और मस्तक को तनाव मुक्त करते हैं, शरीर को गहनता प्राप्त होती है।
जब ये “मुख्य बिंदु” तनावमुक्त हो जाते हैं, तब बैठने की पूरी स्थिति तनावहीन हो जाती है।
इस स्थिति में करीब 5 मिनट तक रहें| इस दौरान अपने विचारों और भावनाओं को शान्त रखे।
ॐ का उच्चारण करें और संबद्ध व्यायाम स्तर के मुताबिक ध्यान व्यायाम का अभ्यास करें।
ॐ उच्चारण करते हुए हथेलियों को जोर से रगड़ें और उनको चेहरे पर रखें और चेहरे की मांसपेशियों को गर्म करें।
तब तक धड़ को आगे झुकाएं जब तक कि मस्तक फर्श को स्पर्श न कर ले। आराम के साथ हाथों को सिर के समीप फर्श पर रखें ।
अब चेहरे की मांसपेशियों में रक्त के प्रवाह को महसूस करें।
थोड़ी देर के लिए इसी स्थिति में बने रहें।
इस प्रकार लगातार बैठे रहने से आपका प्रयास सफल होता है और सिर में अच्छी तरह से रक्त की पूर्ति होती है।
अब धीरे से बिल्कुल सीधे हो जाएं और आँखे खोल लें।
ध्यान पूरा हुआ। इसे प्रारम्भ में 10 से 20 मिनट, बाद में 30-60 मिनट करे, साथ ही ध्यान में आपकी सांसे सामान्य ही रहनी चाहिए।