
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Published : January 14, 2020 4:45 PM IST
बेसिल, थाइम और रोज़मेरी जैसे हर्ब्स खाने से होते हैं कई हेल्दी फायदे, कूंकिग में करें इनका इस्तेमाल
हेल्दी डायट (Healthy Diet) में हर्ब्स (Eating Herbs Health Benefits) भी गिने जाते हैं। विंटर सीज़न की तरह पूरे साल भर, भारत में मिंट (पुदीना), हरी धनिया, करी पत्ते जैसी हर्ब्स उपलब्ध होती हैं। इसी तरह, थाइम, रोज़मेरी और पार्सली जैसी चीज़ें भी भोजन में इस्तेमाल होती है। इसीलिए, डायट में फलों, सब्ज़ियों, मसाले, ड्राई फ्रूट्स, नट्स और हर्ब्स को भी शामिल करना चाहिए। क्योंकि, इन हर्ब्स को अपनी कूंकिग या डिश की सीज़निंग के लिए इस्तेमाल करने के फायदे होते हैं।
डिशेज़ में फ्लेवर और अरोमा के लिए थाइम (Thyme) को मिलाया जाता है। लेकिन, यह केवल एक खुश्बूदार हर्ब के अलावा भी बहुत से गुणों से भरपूर है। इसमें, एंटी-ऑक्सिडेंट्स की मात्रा काफी अधिक होती है। थाइमोल और फ्लेवेनॉइड्स की अच्छी मात्रा होती है थाइम में। इससे, फ्री-रैडिकल्स की वजह से स्किन और बॉडी को होने वाले नुकसान को कम करता है। इन एंटी-ऑक्सिडेंट्स से इम्यूनिटी बढ़ाने और उम्र बढ़ने या एजिंग के लक्षणों को कम करने में मदद करता है।
इसमें, रोज़मैरिनिक एसिड नामक तत्व होते हैं। जो, एंटी-इंफ्लेमेटरी प्रभावों के तौर पर शरीर को फायदा पहुंचाता है। विभिन्न रिसर्च में ऐसा कहा गया कि, रोज़मेरी (Rosemary) के सेवन से मेमरी बढ़ती है। इसके, अलावा यह मूड को बेहतर बनाने में मदद करती है।
पार्सली के पत्ते फ्लेवेनॉयड्स से भरपूर होते हैं। जो, कैंसर के खतरे को कम करती है। दरअसल, पार्सली में मौजूद इसेंशियल ऑयल इम्यूनिटी बढ़ाते हैं। इससे, हार्ट को हेल्दी बनाने और दिल की बीमारियों से सुरक्षा भी मिलती है।
इसके, कई फायदों के चलते ही तुलसी के पत्तों को भारत जैसे देशों में बहुत अहमियत दी जाती है। यह बैक्टेरिया, फंगल, कीटाणुओं से सुरक्षा दिलाने वाले तत्वों से भरपूर है। इसकी एंटी-बायोटिक प्रापर्टीज़ बुखार और मौसमी बीमारियों से बचने में मदद करती हैं। तो, वहीं तुलसी के पत्तों के सेवन से ब्लड शुगर लेवल को मैनेज करना आसान हो जाता है। जिससे, डायबिटीज़ के मरीज़ों के लिए भी यह फायदेमंद होता है।