योग के अभ्यास के लिये क्यों ज़रूरी है योग मैट

क्या आपको पता है कि कुछ योगासन ऐसे भी होते हैं जिन्हें बिना Yoga Mat के भी किया जा सकता है ?

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Written By: Editorial Team | Updated : January 5, 2017 12:13 PM IST

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अनुवादक : Anoop Singh

जब भी आप गंभीरता से योग करने का निर्णय करतें हैं तो जिस चीज की ज़रूरत सबसे पहले पड़ती है वह है योगा मैट। योग की शुरुवात करने वाले अधिकतर लोगों की यह सोच होती है कि बिना योगा मैट के योग किया ही नहीं जा सकता है। लेकिन क्या सच में इसका इस्तेमाल ज़रूरी है? इस बारे में हमने अपने योगा एक्सपर्ट सुनैना रेखी से बात की तो उन्होंने बताया कि, हालांकि यह सच है कि जब आप एडवांस्ड योग कर रहें हो तब आपको गिरने या किसी भी प्रकार की चोट से बचाने में एक मोटी, न फिसलने वाली योग मैट काफी मदद करती है। जबकि आप कुछ स्थिर रहने वाले योग आसन जैसे कि उत्तासन (आगे की तरफ झुकने वाला आसन) और वीरभद्रासन को तो सीधे फ्लोर पर ही कर सकते हैं। वास्तव में पुराने समय में ऋषि-मुनि योग करते समय ऐसी किसी भी चीज का इस्तेमाल नहीं करते थे। वे बहुत आसानी से आगे या पीछे की तरफ शरीर को झुका लेते थे। फ्लोर पर योग की प्रैक्टिस करने से आपकी बैलेंस करने की क्षमता का विकास होता है और आपको खुद के शरीर के बारे में सचेत भी करता है। फ्लोर का सख्त धरातल ज्यादा घर्षण देता है और स्ट्रेच में सहायक होता है।

हालांकि विन्यास फ्लो(Vinyasa Flow) जैसे आसनों को कभी भी सीधे फ्लोर पर न करें इससे आपके कलाइयों पर ज्यादा जोर पड़ सकता है। इसके साथ ही तड़ासन और वृक्षासन जैसे आसनों को भी न करें। जब आप कहीं बाहर योगा कर रहे हों तो कोशिश करें की बैलेंस बनाने वाले आसनों को जैसे कि दाढो मुख श्वनासन (Dadho mukha svanasan)और कुम्भ्कासन को मुलायम धरातल पर जैसे कि बालू या घास वाली जगह पर न करें। आप किसी कम फिसलने वाले तल पर कालीन या कंबल बिछाकर भी योग कर सकते हैं।

क्या बेड पर योग किया जा सकता है?

निश्चित तौर पर बेड पर बैलेंस बनाना या स्ट्रेचिंग वाले आसन करने में बहुत ज्यादा मुश्किल होगी। लेकिन अच्छी बात यह है कि कुछ ऐसे भी योग आसन हैं जिन्हें आप सुबह बिस्तर छोड़ने से पहले ही अपने बेड पर कर सकते हैं। पश्चिमोत्तानासन जैसे आसन को सुबह ही कर लेने से आपका मस्तिष्क दिन भर के लिए उर्जा से भर जाता है। आप अपनी गद्दे पर कुछ ताकत बढ़ाने वाले आसन जैसे कि बलासन और शवासन भी कर सकते हैं।बस ध्यान रखें कि योग करते समय आपका गद्दा बिलकुल समतल हो। सच तो ये है कि योग मैट आपके और आपके योग प्रैक्टिस के बीच नहीं आता है। याद रखें ये सिर्फ आपको प्रैक्टिस करने में मदद करता है।

चित्र स्रोत : Shutterstock


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