नवरात्री में नंगे पैर चलते हुए रखें इन 6 बातों का ध्यान

क्या डाइबिटीज़ के मरीजों को नंगे पैर चलना चाहिए?

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Written By: Editorial Team | Updated : January 5, 2017 2:34 PM IST

नवरात्री के समय रास, गरवा, हवन-पूजा, जागरण और नौ रंगों का धूम तो रहता ही हैं लेकिन लोग इस समय कठीन व्रत करने के साथ ही नंगे पैर भी चलने के व्रत का पालन करते हैं। वैसे तो सुबह-सुबह हरी घास पर चलना सेहत के नजरिये से बहुत फायदेमंद होता है लेकिन नंगे पैर चलने के व्रत का पालन करने के पहले कुछ विशेष बातों का ध्यान रखना भी ज़रूरी होता है। इसके बारे में सही जानकारी हमारे विशेषज्ञ नोबल हॉस्पिटल, हडपसर-पुणे डिपार्टमेंट ऑफ प्रोसथेटिक्स एंड ऑरथोटिक्स के इनचार्ज डॉ. संजीव कश्यप ने दिया है। उन्होंने कुछ ऐसे टिप्स के बारे में जिक्र किया है जिनको फॉलो करने पर नंगे पैर चलने पर पैरों में जो तकलीफ होती है वह कुछ तक कम हो सकता है। चलिये इन टिप्स के बारे में विस्तार से जानते हैं-

• नंगे पैर चलने की आदत नहीं होने से नवरात्री के दौरान ऐसे व्रत का पालन करने से पैरों को बहुत तकलीफों का सामना करना पड़ता है। इस तकलीफ को कम करने के लिए सुबह उठकर सबसे पहले पैरों को स्ट्रेच करने का एक्सरसाइज करना चाहिए। इससे पैर के नर्वस को स्ट्रेसफ्री होने में मदद मिलता है।

• नंगे पैर चलने के समय जल्दी-जल्दी चलने की गलती न करें, ज्यादा सफर न करें क्योंकि उपवास के दौरान शरीर की उर्जा वैसे ही कम होती है इसलिए अधिक चलने पर हद से ज्यादा थकान महसूस हो सकती है।

• हां नंगे पैर कभी भी ज्यादा उबड़-खाबड़ वाले रास्तों पर न चलें यानि सपाट रास्तों पर चलने से पैरों को ज्यादा तकलीफ नहीं होती है। उसके ऊपर रास्ते पर चलने के समय नीचे देखकर चले ताकि गंदे चीजों या चोट लगने वाले चीजों से पैरों को चोट या इंफेक्शन होने का खतरा न हो।

• नंगे पैर चलते समय जब आपके पैरों में बहुत दर्द होने लगे तब घर लौटने के बाद गुनगुने गर्म पानी में थोड़ा नमक डालकर पैरों को डुबाकर सेंकने से दर्द में जल्दी आराम मिलता है। आप पैरों के तलवे में तेल का मसाज भी कर सकते हैं, इससे दर्द से राहत मिलता है।

• नंगे पैर जब आप बाहर चलते हैं तब एक बात का ज़रूर ध्यान रखें कि जब भी आप घर लौटे तब सबसे पहले अपने पैरों को साफ पानी से धोयें। अगर कट या छिल जाये तो साफ पानी से धोने के बाद पैर को कपड़े पोंछकर एन्टीसेप्टिक क्रीम लगायें, नहीं तो इंफेक्शन से पैरों को ज्यादा कष्ट होने का खतरा हो सकता है। रास्ते पर चलने के वक्त धूल, कीचड़, कचरा आदि देखकर चलें।

टिप्स- नवरात्री के दौरान डाइबिटीक, अर्थराइटिस, पेरिफेरल वसकुलर डिज़ीज (Peripheral vascular disease( PVD) के मरीज़ कभी भी नंगे पैर चलने की गलती न करें। क्योंकि इससे बीमारी के बढ़ने की खतरा ज्यादा होता है।

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अनुवादक: Mousumi Dutta

चित्र स्रोत: Shutterstock

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