
रश्मि उपाध्याय
रश्मि उपाध्याय साल 2014 से मीडिया क्षेत्र से जुड़ी हैं और TheHealthSite.Com में बतौर एडिटर काम कर रही हैं। इन्हें ... Read More
Written By: Rashmi Upadhyay | Updated : August 7, 2020 11:46 AM IST
अरे! तुम तो बहुत पतले/पतली हो, खाना नहीं खाते क्या? यार कोई इतना पतला कैसे हो सकता है? हड्डी का ढांचा और अंडरवेट! ये वो ताने हैं जो अक्सर पतले लोगों को सुनाए जाते हैं। यह सच है कि आज के समय में लोग अपने बढ़ते हुए वजन से परेशान हैं। लेकिन आधे से ज्यादा लोग ऐसे भी हैं जो अंडरवेट हैं और किसी भी कीमत पर अपना वजन बढ़ाना चाहते हैं। वजन बढ़ाने का सबसे अच्छा और सफल तरीका अपनी डाइट को हेल्दी रखना है। डाइट में हेल्दी चीजें शामिल करने से सही दिशा में वजन बढ़ाया जा सकता है। अगर आप कुछ लोगों की कही बातों में आकर वजन बढ़ाने के लिए जंक फूड खा रहे हैं तो जरा संभल जाइए। क्योंकि ये वजन बढ़ाने के बजाय आपको बीमार कर सकता है। वजन बढ़ाने के लिए मक्के से बेहतर विकल्प शायद ही कुछ और होगा। अगर इसका सही तरीके से सेवन किया जाए तो वजन तेजी से बढ़ सकता है।
मक्का न आपको केवल भारी मात्रा में कैलोरी देता है बल्कि यह विटामिन, प्रोटीन और अच्छी गुणवत्ता वाले फाइबर का भी सीधा स्त्रोत है। आप मक्के को भून कर, उबाल कर और मक्के के आटे की रोटी बनाकर कैसे भी खा सकते हैं। एक्सपर्ट कहते हैं कि दिन में 2 बार उबला हुआ माक्का खाने से वजन तेजी से बढ़ सकता है। मक्के को उबालते वक्त अगर आप इसमें थोड़ा सा नमक डालना चाहें तो डाल सकते हैं, यह स्वाद को बढ़ाता है। लेकिन इसके अलावा इसमें और कुछ न डालें। ऐसे उबले हुए मक्के का दिन में 2 बार सेवन करने से वजन जल्दी बढ़ता है साथ ही पेट भी हेल्दी रहता है।
कॉर्न विटामिन बी 12, फोलिक एसिड और आयरन से भरपूर होता है जो शरीर में लाल रक्त कोशिकाओं के उत्पादन में मदद करता है। कॉर्न के सेवन से शरीर में खून की कमी दूर होती है जिससे एनीमिया का जोखिम कम होता है। पोषण विशेषज्ञों के अनुसार, 1 कप मच्चे में 125 कैलोरी, 27 ग्राम कार्बोहाइड्रेट, 4 ग्राम प्रोटीन, 9 ग्राम चीनी, 2 ग्राम वसा और 75 मिलीग्राम आयरन होता है।
यदि आप वर्कआउट करते हैं या जिम में खूब पसीना बहाने के आदि हैं तो आपको अपनी डाइट में मक्के को जरूर शामिल करना चाहिए। इसमें भरपूर मात्रा में कार्बोहाइड्रेट होता है जो धीमी गति से पच जाता है, जो लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान करता है। एक कप मक्के में लगभग 29 ग्राम कार्ब होती है जो न केवल शारीरिक ऊर्जा प्रदान करती है बल्कि मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र के समुचित कार्य को सुनिश्चित भी करती है।
कॉर्न या कॉर्न का तेल रक्त प्रवाह को बढ़ाता है और बेड कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। इसके सेवन से इंसुलिन नियंत्रित रहता है जिससे मधुमेह का खतरा भी कम होता है। एक्पर्ट कहते हैं कि मक्का पोषक तत्वों से लैसे होने के साथ ही विटामिन बी 1, विटामिन बी 5 और विटामिन सी से लैस होता है, जो रोगों से लड़ने और नई कोशिकाओं को उत्पन्न करने में मदद करते हैं। फाइबर में उच्च, मकई भी मधुमेह रोगियों में रक्त शर्करा के स्तर को कम करके शरीर में कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने में मदद करता है।
प्रेग्नेंसी में भी मक्के का सेवन कई मायनों में फायदेमंद साबित हो सकता है। मां और बच्चे दोनों के लिए गर्भावस्था के दौरान इसके कई फायदे हैं। कॉर्न फोलिक एसिड में समृद्ध होता है और इसमें ज़ेक्सैन्थिन और रोगजनक एसिड भी होता है जो बच्चे में जन्म दोषों के जोखिम को कम करते हैं। यह बच्चे को मांसपेशियों को मजबूत कर शारीरिक समस्याओं से बचाता है।