Don’t Miss Out on the Latest Updates.
Subscribe to Our Newsletter Today!
- लेटेस्ट
- डिज़ीज़
- डाइट
- फिटनेस
- ब्यूटी
- घरेलू नुस्खे
- वीडियो
- पुरुष स्वास्थ्य
- मेंटल हेल्थ
- सेक्सुअल हेल्थ
- फोटो स्टोरी
- आयुष
- पेरेंटिंग
- न्यूज
माइग्रेन की समस्या जिन लोगों को होती है, उनमें ये अचानक होने वाले सिर दर्द को ट्रिगर कर सकता है। साथ ही ये लंबे समय के लिए हो सकता है और लगातार परेशान कर सकता है। कुछ लोगों में ये लाइट सेंसिटिविटी यानी कि रोशनी पड़ते ही तेज सिर दर्द का भी कारण बन सकता है। इसके अलावा कुछ लोगों में मतली और उल्टी जैसे लक्षणों को भी ट्रिगर करता है। इन तमाम स्थितियां माइग्रेन के रोगी की हालत और खराब कर देता है। ऐसी स्थिति में माइग्रेन के लक्षणों को को करने में कुछ योगासन (yoga in migraine) आपकी मदद कर सकते हैं। कैसे, जानते हैं।
माइग्रेन में योग दो तरीके से काम करता है। पहले तो ये सिर दर्द को कम करता है और दूसरा ये शरीर का ब्लड सर्कुलेशन सही करके इसके लक्षणों को कंट्रोल करने में मदद कर सकता है। साथ ही ये इसे ट्रिगर करने वाले लक्षणों को कंट्रोल करने में भी ये कारगर है, जैसे पहले तो ये स्ट्रेस कम करता है, हार्मोनल गड़बड़ियों को दूर करता है और फिर इसके खतरे को कम करता है।
माइग्रेन से राहत पाने में हस्तपादासन काफी कारगर तरीके से काम करता है। इसे स्टैंडिंग फॉरवर्ड बेंड भी कहते हैं जो कि शरीर में खून की आपूर्ति बढ़ाकर तंत्रिका तंत्र को मजबूत करता है और मन को भी शांत करता है। इसके अलावा ये स्ट्रेस और हार्मोनल हेल्थ को कम करने में मददगार है, जिससे माइग्रेन से राहत पाने में मदद मिलती है।
मार्जरी आसन दिमाग को शांत करने में कारगर तरीके से काम करता है। मार्जरी आसन वैसे तो शरीर में खिंचाव पैदा करती है खास कर कि पीठ की मांसपेशियों में। लेकिन, ये मार्जरी आसन स्ट्रेस फ्री रखने में भी कारगर है। इसे करने से न्यूरल हेल्थ को बढ़ावा मिलता है और इससे दिमाग की नसें शांत पड़ जाती हैं जिससे माइग्रेन के लक्षणों में सुधार आ जाता है।
माइग्रेन जिन लोगों को होता है उनके नसों में ये एक तेज वाइब्रेशन पैदा करता है। इससे सिर में तेज दर्द होता है। ऐसे में अधो मुख संवासना मस्तिष्क में ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ाता है और इस प्रकार सिरदर्द से राहत दिलाता है। इसके अलावा ये पेट की मांसपेशियों को भी शांत करता है जिससे मतली और उल्टी आदि से राहत मिलती है।
सेतु बंधासन करना शरीर और मन दोनों के लिए फायदेमंद है। सेतु बंधासन करने से दिमाग शांत हो जाता है और स्ट्रेस में कमी आती है। साथ ही इससे नींद अच्छी आती है जो कि माइग्रेन के लक्षणों को कम करने में मदद कर सकता है। तो, माइग्रेन के लक्षणों से राहत पाने के लिए आपको सेतु बंधासन करना चाहिए।
शवासन करने से मन में स्थिरता आती है और माइग्रेन के लक्षणोंसुधार आ सकता है। शवासन आपकी ब्रेन की तेज गतिविधियों को शांत करता है और विचारों को भी रोक लगता है। इससे स्ट्रेस में कमी आती है और माइग्रेन के लक्षणों को कंट्रोल किया जा सकता है। तो, माइग्रेन की समस्या से बचने के लिए आप इस योगसानों की मदद ले सकते हैं।