
... Read More
Written By: Atul Modi | Updated : February 14, 2024 4:21 PM IST
फिटनेस आपको न सिर्फ शारीरिक रूप से मजबूत बनाती है, बल्कि ये आपके मानसिक स्वास्थ्य को भी बेहतर करती है। फिट रहने के लिए यह बिलकुल जरूरी नहीं है कि आप जिम में घंटों पसीना बहाएं। आप वॉकिंग के जरिए भी हेल्दी रह सकते हैं। दुनियाभर में हुए अध्ययनों में वाॅकिंग को बेस्ट एक्सरसाइज माना गया है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि दिनभर में कम से कम कितने स्टेप चलना आपके लिए बेस्ट है। अगर नहीं तो चलिए हम आपको बताते हैं यह राज।
अध्ययन के अनुसार प्रतिदिन 4000 स्टेप्स चलने से आप मानसिक और शारीरिक दोनों तौर पर हेल्दी रहते हैं। नियमित रूप से वाॅकिंग करने से आपका मस्तिष्क एक्टिव रहता है। आपका हर कदम मस्तिष्क में ब्लड सर्कुलेशन को बढ़ाता है। ऐसे में मस्तिष्क को भरपूर ऑक्सीजन और पोषक तत्व मिल पाते हैं। प्रतिदिन 4000 कदम चलने से आपके मस्तिष्क को कई फायदे होते हैं। इससे आपकी सोचने की क्षमता को बढ़ावा मिलेगा, फोकस बढ़ेगा, याददाश्त मजबूत होगी और सबसे जरूरी आप रिलेक्स रहेंगे।
उम्र बढ़ने के साथ ही अधिकांश लोगों की याददाश्त कमजोर होने लगती है, उनकी सोचने-तर्क करने की क्षमता भी प्रभावित होती है। वे बातों और बदलावों को सहजता से समझ नहीं पाते हैं। कई बार उन्हें न्यूरोडीजेनेरेटिव बीमारियां घेर लेती हैं। इन सभी परेशानियों को दूर करने का आसान तरीका है वाॅकिंग। शोध बताते हैं कि नियमित रूप से वाॅकिंग आपके लिए किसी मजबूत रक्षा तंत्र की तरह काम करती है। प्रतिदिन 4000 स्टेप्स चलने से आपका ब्रेन वाॅल्यूम बढ़ता है, जिससे आप बातों से आसानी से जुड़ पाते हैं और उन्हें समझ पाते हैं। इससे अल्जाइमर और डिमेंशिया जैसे गंभीर रोगों का खतरा भी कम होता है।
प्रतिदिन 4000 स्टेप्स चलना आपको मेंटली स्ट्रांग बनाता है। इससे न सिर्फ आपका तनाव कम होता है, बल्कि आपका मूड भी अच्छा रहता है। इतना ही नहीं आप खुश भी रहते हैं। नियमित रूप से वाॅकिंग से न्यूरोट्रांसमीटर एंडोर्फिन का स्राव बढ़ता है। एंडोर्फिन आपके मूड को बेहतर बनाता है। इससे आप रिलेक्स रहेंगे और दिनभर के तनाव के बीच भी आप खुद को शांत रख पाएंगे।
वॉकिंग आपके मस्तिष्क को एक्टिव रहने के साथ आपके तंत्रिका तंत्र यानी न्यूरल कनेक्शन को भी मजबूती देती है। प्रतिदिन 4000 कदम चलने से आपके शरीर का संकेत और संचार दोनों ही प्रक्रियाएं सुचारू और तेज होती हैं। ऐसे में आपका मस्तिष्क संकेतों को बेहतर तरीके से समझ पाता है और प्रतिक्रिया देे पाता है। यानी से आपके शरीर और मस्तिष्क के बीच के कनेक्शन और कनेक्टिविटी को मजबूत बनाता है।
वाॅकिंग से आपके शरीर में डोपामाइन और सेरोटोनिन जैसे न्यूरोकेमिकल्स का उत्पादन बढ़ता है। ये दोनों ही आपके मूड को अच्छा रखने के साथ उसे तेज भी बनाते हैं। रोजाना 4000 कदम चलने से कैस्केड नामक न्यूरोकेमिकल भी मिलता है। जिससे आप चुनौतियों का सामना आसानी से कर पाते हैं, समस्याओं को आसानी से सुलझा पाते हैं और रचनात्मक तरीके से सोच पाते हैं।