ऑनलाइन रहते हैं ज़्यादा तो डिप्रेशन और एंग्जायटी का खतरा है ज़्यादा, मेंटली फिट रहने के लिए फॉलो करें ये टिप्स

कोरोना वायरस की वजह से लोगों ने सोशल मीडिया पर बहुत अधिक समय बिताया और अब धीरे-धीरे कई स्टडीज़  सामने आ रही हैं, जिनमें सोशल मीडिया और तनाव से जुड़े दावे किए जा रहे हैं। इन सब बातों से यह समझा जा सकता है कि सोशल मीडिया का प्रयोग हमारी मानसिक सेहत को बुरी तरह प्रभावित कर सकता है। इसीलिए सभी को कोशिश करनी चाहिए कि, सोशल मीडिया पर कम से कम रहें और अगर आप वहां समय बिताते भी हैं तो, खुद को मेंटली फिट रख सकें। (World Mental Health Day 2020)

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : October 8, 2020 9:43 PM IST

World Mental Health Day 2020: मेंटल हेल्थ  हमारी फिजिकल हेल्थ से भी जुड़ी हुई होती है। क्योंकि, जब हम मानसिक स्तर (Mental Health Importance) पर फिट और हेल्दी महसूस करते हैं, तो हमारे शरीर की कार्यप्रणालियां भी बेहतर तरीके से काम करती हैं। जबकि, मेंटली परेशान होने से अनिद्रा (Insomnia), ब्लड प्रेशर, डिप्रेशन और डायबिटीज़ जैसी बीमारियों का खतरा भी बढ जाता है। ( Poor Mental Health Side Effects)

स्ट्रेस एक ऐसी मानसिक समस्या है जो इन दिनों बहुत से लोगों को महसूस हो रही है। तनाव (Stress) के कई कारण हैं जैसे, ख़राब तबियत, नौकरी जाने का डर या नौकरी में प्रतिस्पर्धा और टारगेट जैसी स्थितियां , पैसे की कमी, रिश्तों में अकेलापन या असुरक्षा की भावना। इन सबके अलावा मेंटल स्ट्रेस बढ़ाने में सोशल मीडिया (Social Media and Mental Stress) की भी एक बड़ी भूमिका है। क्योंकि, अब लोग दिन में बहुत अधिक वक़्त सोशल मीडिया पर बिताते हैं। ऐसे में वे वहां होने वाली गतिविधियों और लोगों के विचारों से भी प्रभावित होते हैं। जिससे, उनकी सोचने-विचार करने की क्षमता पर प्रभाव पड़ता है। साथ ही गुस्सा, ईर्ष्या और अभाव जैसी भावनाएं भी सोशल मीडिया की वजह से बढ़ सकती हैं। ये सभी तनाव बढ़ाने का काम करती हैं।

सोशल मीडिया की वजह से बढ़ रही हैं मेंटल हेल्थ प्रॉब्लम्स:

कुछ वर्ष पहले यूनिवर्सिटी ऑफ पेन्सिलवेनिया (अमेरिका) द्वारा की गयी एक स्टडी में कहा गया कि, फेसबुक, स्नैपचैट और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल करने वाले लोगों में मेंटल हेल्थ से जुड़ी परेशानियां अधिक हो रही हैं। ऐसे लोगों में डिप्रेशन, एंक्जायटी, अकेलापन, उदासी और उदासीनता जैसी समस्याएं देखने को मिल रही हैं।  इस स्टडी के दौरान ध्यान दिया गया कि लोग सोशल मीडिया पर कितना वक्त बिताते हैं और उनमें डिप्रेशन या अकेलेपन की भावना कितनी अधिक है। शोधकर्ताओं ने स्टडी के दौरान पाया कि सोशल मीडिया का प्रयोग तनाव और डिप्रेशन बढ़ाता है।

कोरोना वायरस की वजह से लोगों ने सोशल मीडिया पर बहुत अधिक समय बिताया और अब धीरे-धीरे कई स्टडीज़  सामने आ रही हैं, जिनमें सोशल मीडिया और तनाव से जुड़े दावे किए जा रहे हैं। इन सब बातों से यह समझा जा सकता है कि सोशल मीडिया का प्रयोग हमारी मानसिक सेहत को बुरी तरह प्रभावित कर सकता है। इसीलिए सभी को कोशिश करनी चाहिए कि, सोशल मीडिया पर कम से कम रहें और अगर आप वहां समय बिताते भी हैं तो, खुद को मेंटली फिट रख सकें। (World Mental Health Day 2020)

ऑनलाइन रहते हैं ज़्यादा तो तनाव से बचने के लिए करें ये उपाय

  • भड़काऊ और नकारात्मक सोच वाले लोगों के अकाउंट ना देखें। क्योंकि, इस तरह की पोस्ट से आपका दुख, संताप, और निराशा बढ़ सकती है।
  • दूसरों की तस्वीरें और पोस्ट देखकर उनसे अपनी तुलना ना करें। इससे, अभाव, कमी और अकेलापन महसूस हो सकता है।
  • सोशल मीडिया अकाउंट्स के नोटिफिकेशन्स से आपको खीज हो सकती है और गुस्सा आ सकता है। इसीलिए, अपने फोन और कम्प्यूटर पर नोटिफिकेशन्स बंद रखें।