वर्ल्ड अर्थ डे 2019 : पर्यावरण का रखेंगे ख्याल, तो पृथ्वी के साथ-साथ आपकी भी सेहत होगी अच्‍छी

पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, वातावरण में फैल रहे प्रदूषण के कारण समूची मानव जाति प्रभावित हो रही है। अगर इस पर समय रहते रोक न लगाई गई तो इसके और भी हानिकारक प्रभाव होंगे।

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Written By: Anshumala | Published : April 22, 2019 11:09 AM IST

पूरी दुनिया आज ''पृथ्वी दिवस'' मना रही है। पृथ्वी दिवस सिर्फ एक दिन मना लेने से कुछ नहीं होगा। इसके लिए हर दिन हर किसी को प्रयास करना होगा, अपने पर्यावरण को साफ सुथरा रखने का। आसपास के वातावरण को स्वस्थ रखना है, तो हर दिन पृथ्वी को बचाने के लिए प्रयास करने होंगे। क्या आप जानते हैं कि प्रदूषण का स्तर किस कदर बढ़ता जा रहा है? आप प्रदूषित वायु में सांस ले रहे हैं, जो आपको कई बीमारियों की चपेट में लाने के लिए काफी है। विश्‍व स्‍वास्‍थ्य संगठन के अनुसार, पूरी दुनिया में 102 प्रमुख बीमारियां है, जिसमें 85 बीमारियों का कारण प्रदूषित वातावरण हैं। ऐसे में पृथ्वी पर सुकून और हेल्दी जीवन व्यतीत करना है, तो वायु, जल आदि प्रदूषण से बचने के उपायों को अमल करना ही होगा।

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कौन-कौन सी हैं बीमारियां

मलेरिया, कैंसर के कुछ प्रकार, पेट संबंधित बीमारी और सांस से संबंधित संक्रमण, अस्थमा जैसी बीमारियां प्रदूषित वातावरण में जीने से होती हैं। पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, वातावरण में फैल रहे प्रदूषण के कारण समूची मानव जाति प्रभावित हो रही है। अगर इस पर समय रहते रोक न लगाई गई तो इसके और भी हानिकारक प्रभाव होंगे।

जल प्रदूषण भी है खतरनाक

साफ पानी के लिए डब्ल्यूएचओ ने मानक तैयार किए हैं, इसके अनुसार 100 से 150 स्तर के टीडीएस वाला पानी साफ होता है। आपके घर में आरओ (रिवर्स ऑसमोसिस) या यूवी सिस्टम है तो उसकी भी जांच कराएं। कई बार मिनरल वॉटर या सप्‍लाई किया हुआ पानी भी पूरी तरह से शुद्ध नहीं होता है। इसमें शरीर को नुकसान पहुंचाने वाले जीवाणु गियार्डिया (Giardia) होते हैं। अक्सर, कंपनियां पानी साफ करने के लिए नदियों, नालों, भूमिगत स्रोतों आदि से पानी लाते हैं। इस पानी को साफ करने के लिए कोएगुलेंट (coagulants) केमिकल का यूज होता है। यह केमिकल पानी में मौजूद गंदी को साफ तो कर देता है, लेकिन यह आपकी सेहत के लिए नुकसानदायक होता है।

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वायु प्रदूषण से बढ़ती सांस की बीमारियां

जीना है, तो सांस लेना जरूरी है, लेकिन हम हर दिन दूषित वायु में सांस ले रहे हैं, जो हमारी सेहत को भयंकर नुकसान पहुंचा रही है। आसपास की हवा पूरी तरह से प्रदूषित है, जो सांस संबंधित बीमारियां जैसे अस्‍थमा आदि के होने की संभावना बढ़ रही है। हवा में मौजूद कार्बन मोनोऑक्‍साइड जहर की तरह है। ऐसे में हमें यही कोशिश करनी चाहिए कि घर से बाहर निकलते समय अच्‍छी गुणवत्‍ता वाला मास्‍क जरूर पहनें।

कूड़े-कचरों का ढेर

आसपास जमा गंदगी और कूड़े के कारण वातावरण हमारे लिए जानेलवा हो सकता है। वर्तमान में सबसे ज्‍यादा प्रयोग किया जाने वाला प्‍लास्टिक बहुत हानिकारक है। कई शोधों में यह बात साबित हुई कि अगर हमारे आसपास का माहौल प्रदूषण युक्‍त है तो इसके कारण कई बीमारियां होती हैं। गर्भवती महिला से उसके बच्‍चे पर भी इस प्रदूषण का असर होता है।

आहार भी डालता है असर

शरीर को स्‍वस्‍थ और ऊर्जावान रखने के लिए पौष्टिक आहार का सेवन जरूरी है लेकिन अगर आप गंदे माहौल में पौष्टिक आहार का सेवन कर रहे हैं तो यह आपके स्‍वास्‍थ्‍य पर बुरा असर डालता है। ऐसे में खानपान के मामले में सफाई का विशेष ध्‍यान रखें। स्‍वस्‍थ आहार का सेवन करके आप कैंसर, डायबिटीज, कॉर्डियोवैस्‍कुलर बीमारियों से बच सकते हैं।

प्राकृतिक आपदा

अक्सर किसी न किसी रूप में प्रकृति हमारे ऊपर अपना कहर बरपाता है, इसका इंसान की सेहत पर भी असर होता है। अपनी प्रकृति के दुश्‍मन ना बनें, इससे प्यार करें। प्राकृतिक आपदा के कारण हवा, पानी आदि की गुणवत्‍ता पर असर पड़ता है। वन्‍य जीवों को भी यह प्रभावित करती है।

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