मौसम में अचानक बदलाव से क्यों बढ़ जाती हैं गले और साइनस की समस्याएं? बता रहे हैं डॉक्टर
जब दिन में तापमान ज्यादा गर्म हो और सुबह-शाम ठंडक बनी रहे, तो शरीर की श्वसन प्रणाली ज्यादा सेंसिटव हो जाती है और सीधा असर हमारे गले, नाक और साइनस पर पड़ता है।
Why do I get a sinus infection when the weather changes : मौसम में अचानक बदलाव के कारण इन दिनों गले और साइनस से जुड़ी समस्याओं के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। मेडफर्स्ट ईएनटी सेंटर के कंसल्टेंट डॉ. (मेजर) राजेश भारद्वाज का कहना है कि मौसम में बदलाव के साथ गले में परेशानी और साइनस के मामले लाइफस्टाइल के कारण हो रहे हैं। जब दिन में तापमान ज्यादा गर्म हो और सुबह-शाम ठंडक बनी रहे, तो शरीर की श्वसन प्रणाली ज्यादा सेंसिटव हो जाती है और सीधा असर हमारे गले, नाक और साइनस पर पड़ता है।
1. नाक और गले को प्रभावित करता है मौसम
डॉक्टर बताते हैं कि नाक और गले के अंदर मौजूद म्यूकस मेम्ब्रेन शरीर की एक महत्वपूर्ण सुरक्षा परत होती है, जो धूल, एलर्जी पैदा करने वाले कणों और सूक्ष्म जीवों को फिल्टर करने का काम करती है। मौसम में तेज बदलाव इन परतों को प्रभावित कर सकता है, जिससे उनमें सूजन होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके कारण लोगों को गले में खराश, नाक बंद होना, साइनस में दबाव, छींक आना और हल्की खांसी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
2. ठंडा पानी पीना
डॉक्टर का कहना है कि अभी ठीक तरीके से गर्मी आई भी नहीं है और कुछ लोगों ने पूरी तरह से ठंडा पानी पीना शुरू कर दिया है। यह आदत भी गले और साइनस से जुड़ी समस्याओं को बढ़ा सकती है। बहुत ठंडे पानी, छाछ और कोल्डड्रिंक का सेवन करने से गले की अंदरूनी परत में जलन हो सकती है और ऊपरी श्वसन तंत्र की स्थानीय रोग प्रतिरोधक क्षमता कुछ समय के लिए कम हो जाती है। ऐसी स्थिति में वायरस और बैक्टीरिया के संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
3. एलर्जन का प्रभाव
मौसम बदलने के दौरान एलर्जी भी एक महत्वपूर्ण कारण बनती है। इस समय हवा में परागकण, धूल और फफूंद के कण अधिक मात्रा में मौजूद रहते हैं। ये एलर्जन नाक और साइनस की परतों में सूजन पैदा कर सकते हैं, जिससे छींक आना, नाक बंद होना, पोस्ट-नेज़ल ड्रिप, सिरदर्द और साइनस में दबाव जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं। जिन लोगों को पहले से एलर्जी की समस्या है, उनमें इस समय लक्षण अधिक गंभीर हो सकते हैं।
डॉक्टर बताते हैं कि अधिकांश मामलों में यह लक्षण मौसमी एलर्जी या ऊपरी श्वसन तंत्र में होने वाली जलन से जुड़े होते हैं। सही देखभाल करने पर ये समस्याएं कुछ ही दिनों में ठीक हो सकती हैं।
इन परिस्थितियों में क्या करें और क्या नहीं
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम बदलने के दौरान कुछ साधारण सावधानियां अपनाकर इन समस्याओं से बचा जा सकता है। मौसम में बदलाव होने पर आपको गले और साइनस की परेशानी होती है, तो आप नीचे बताए गए उपायों को अपना सकते हैं।
- जब तक मौसम पूरी तरह से गर्म न हो जाए ठंडा पानी और अन्य ड्रिंक्स को पीने से बचें।
- कमरे में पंखा चलाते समय हल्की चादर या कंबल जरूर डालें।
- गले में खराश होने पर हल्का गुनगुना पानी पिएं, भाप लें।
इन उपायों को अपनाने के बावजूद अगर आपको गले और साइनस की परेशानी लगातार हो रही है, तो इस विषय पर डॉक्टर से बात करें और इलाज करवाएं।
Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।