
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
hiv pakistan (AI generated image)
भारत के पड़ोसी देश पाकिस्तान में बच्चों का स्वास्थ्य भी अब दांव पर लगा हुआ है, जहां पर सिंध प्रांत में बच्चों में भी एचआईवी संक्रमण तेजी से बढ़ता हुआ दिख रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार सिंध प्रांत में आने वाले प्रमुख शहर कराची के अस्पताल में एचआईवी संक्रमण के लगभग 130 मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें से ज्यादातर बच्चे हैं। ध्यान देने वाली बात यह भी है कि वहां कि रिपोर्ट्स यह बताती हैं कि एचआईवी के मामले पिछले कुछ हफ्तों में से तेजी से बढ़े हैं। Aljazeera की एक रिपोर्ट के अनुसार सिंध के लेबर मिनिस्टर सईद घनी के एक बयान के अनुसार सिंध एम्प्लॉइज सोशल सिक्योरिटी इंस्टीट्यूशन' (SESSI) के द्वारा चलाए जा रहे कुलसूम बाई वलीका अस्पताल में और उसके आसपास के इलाकों में इस हफ्ते लगभग 10500 लोगों का टेस्ट किया गया था जिसमें लगभग 120 के करीब लोग संक्रमित पाए गए थे। इसके अलावा कराची के लांधी इलाके में एक दूसरे SESSI सेंटर फेसिलिटी में जांच की गई तो वहां पर 10 और नए पॉजिटिव केस मिले पाए गए।
अब सोचने वाली बात यह है कि बच्चों में यह वायरस तेजी से क्यों बढ़ रहा है, इसपर हमने विश्व स्वास्थ्य संगठन के पूर्वी भूमध्यसागरीय क्षेत्र ऑफिस (WHO EMRO) की एक रिपोर्ट के स्टडी किया। इस रिपोर्ट में पाया गया कि पाकिस्तान में बच्चों में एचआईवी फैलने का सबसे प्रमुख कारण असुरक्षित इंजेक्शन का इस्तेमाल करना पाया गया। ध्यान देने वाली बात यह है कि यह रिपोर्ट कई पुरानी रिसर्चों को फिर से स्टडी करके बनाई गई थी और अभी तक भी पाकिस्तान में इसपर बहुत ज्यादा सुधार नहीं देखा गया। सरल शब्दों में कहें तो रिपोर्ट्स के अनुसार पाकिस्तान के सिंध बच्चों में एचआईवी संक्रमण फैलने का सबसे प्रमुख कारण पहले से इस्तेमाल किए गए या असुरक्षित इंजेक्शन, सुई या असुरक्षित खून चढ़ाने के कारण हुआ है।
hiv in pakistan
रिपोर्ट में एक और चीज पर ध्यान दिया गया कि सिंध समेत पाकिस्तान के कुछ क्षेत्रों में बिना लाइसेंस वाले छोटे क्लिनिक या डॉक्टर की दुकानें बहुत ज्यादा हैं, जिन्हें जो हाईजीन की पूरी प्रैक्टिस नहीं करते हैं और एक ही सुई को कई अलग-अलग मरीजों में बार-बार इस्तेमाल कर लेते हैं। इसके अलावा गर्भवती महिलाओं की HIV जांच पर्याप्त न होना भी इसका एक प्रमुख कारण पाया गया।
हालांकि, कुछ अफवाहें यौन संबंध को लेकर उड़ती रही, लेकिन WHO EMRO की रिपोर्ट ने यह स्पष्ट किया कि एचआईवी से संक्रमित ज्यादातर बच्चे उम्र में बहुत छोटे थे, जिनमें संक्रमण के फैलने के पीछे असुरक्षित यौन संबंध होना नहीं है। इसमें ज्यादातर इसी बात पर ध्यान दिया गया कि संक्रमण ज्यादातर स्वास्थ्य सेवाओं के दौरान की जा रही गलतियों के कारण ही फैला है।
hiv in children
पाकिस्तान में 2019 में एचआईवी संक्रमण का प्रकोप देखा गया था UNAIDSकी एक रिपोर्ट के अनुसार 2019 में एचआईवी से संक्रमित जो मामले पाए गए थे उनमें लगभग 80 प्रतिशत से भी ज्यादा बच्चे ही थे। इसमें भी ध्यान देने वाली बात यह रही कि संक्रमित बच्चों में अधिकांश की उम्र 15 वर्ष से भी कम थी, जो एक बार फिर स्वास्थ्य सेवाओं द्वारा की गई गलतियों को ही उजागर करता है।
डिसक्लेमर: इस लेख का उद्देश्य केवल पाकिस्तान में तेजी से बढ़ रहे एचआईवी संक्रमण के बारे में जानकारी देना है और स्रोत की जानकारी के लिंक साथ में दिए गए हैं। Thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।