व्हाइट डिस्चार्ज होने पर आंवला के बीजों का सेवन परेशानी करता है कम, जानें बीजों का सेवन करने का तरीका

वे महिलाएं जो व्हाइट डिस्चार्ज की समस्या से जूझ रही हैं उन्हें आंवला के बीजों का सेवन करना चाहिए क्योंकि ये उनकी परेशानी को कम करने में मदद कर सकते हैं। जानें कैसे लें ताकि मिले ज्यादा फायदा।

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Written By: Jitendra Gupta | Published : January 30, 2021 11:30 AM IST

हम सभी पहले भी कई बार आंवला खाने के फायदों के बारे में पढ़ चुके हैं, सुन चुके हैं और यहां तक की देख भी चुके हैं। आंवला को सर्दियों का हेल्दी सुपरफूड भी कहा जाता है, जो हमारे शरीर के लिए कई जरूरी पोषक तत्वों की आपूर्ति करने में मदद करता है और आपको ठंड व फ्लू से बचाता है। इतना ही नहीं आंवला का सेवन आपकी इम्यूनिटी बूस्ट करने में भी मदद करता है, ब्लड प्रेशर कंट्रोल रखता है और लिवर को होने वाले नुकसान को कम करता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि ये महिलाओं के लिए भी कई स्वास्थ्य स्थितियों में फायदेमंद है। महिलाओं को पूरा आंवला नहीं खाना है बल्कि आपको इसके बीजों का सेवन करना है। आंवला के बीज कई पोषक तत्वों और एंटीऑक्सिडेंट का भंडार हैं, जो उनके स्वास्थ्य को कई तरीकों से दुरुस्त रखने में मदद कर सकते हैं। हम अक्सर आंवला की बात करते हैं लेकिन इन बीजों को नजरअंदाज कर देते हैं लेकिन आप नहीं जानते कि ये बीज स्किन हेल्थ को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। इतना ही नहीं ये बीज महिलाओं को होने वाले वैजाइनल व्हाइट डिस्चार्ज या ल्यूकोरिया जैसी समस्या में राहत प्रदान कर फायदा पहुंचाते हैं। आइए जानते हैं इन बीजों से होने वाले फायदे।

आंवला में मौजूद न्यूट्रिशनल वैल्यू

सभी जानते हैं कि आंवला विटामिन सी का एक समृद्ध स्रोत है और आंवले में संतरे के मुकाबले 20 गुना अधिक विटामिन सी होता है। इतना ही नहीं आंवला में कई फ्लेवोनोल्स और रसायन भी शामिल होते हैं, जो याददाश्त को बेहतर बनाने के साथ-साथ कई फायदों से जुड़े होते हैं। इसके अलावा आंवला में कैलोरी और फैट की मात्रा भी बहुत कम पाई जाती है और इसमें विटामिन बी 5, विटामिन बी 6, कॉपर, मैंगनीज और पोटेशियम जैसे हेल्दी पोषक तत्व पाए जाते हैं।

वैजाइनल डिस्चार्ज में कैसे प्रयोग करें आंवला के बीज

आप अलग-अलग तरीकों से आंवला का इस्तेमाल कर सकते हैं। आप आंवला को कच्चा फिर आचार या फिर जूस के रूप में ले सकती हैं। लेकिन ल्यूकोरिया जैसी स्वास्थ्य स्थिति में आपको आंवला के पीसे हुए बीजों का ही सेवन करना चाहिए। आप या तो इसे बाजार से खरीद सकती हैं या फिर आप इसे घर पर ही निकाल सकती हैं। आप आसानी से आंवला के बीजों को निकाल सकती है फिर उन्हें मिक्सर में पीसकर उनका पेस्ट बना लें। स्वाद के लिए इसमें शहद या गुड़ मिलाएं और एक हवा बंद कंटेनर में स्टोर कर लें।

कैसे लें: आपको सुबह उठकर एक गिलास गर्म पानी में 1 चम्मच आंवला के बीज का पेस्ट मिलाना है और उसे पी जाना है। ये तरीका आपको राहत प्रदान करेगा और डिस्चार्ज को कम करेगा।

कैसे काम करते हैं आंवला के बीज

ल्यूकोरिया या फिर वैजाइनल डिस्चार्ज की स्थिति में महिलाओं को गंधहीन, गाढ़ा, सफेद या फिर पीले रंग का योनि स्राव या फिर डिस्चार्ज होता है। कई बार ये प्रक्रिया सामान्य होती है लेकिन गंभीर मामलों में डिस्चार्ज की समस्या से एस्ट्रोजन के असंतुलन या संक्रमण का संकेत हो सकती है।

दरअसल होता ये है कि प्राइवेट पार्ट में संक्रमण के कारण डिस्चार्ज की मात्रा बढ़ सकती है। ये समस्या समय-समय पर अपनेआप आ सकती है और खत्म भी हो सकती है। आंवला के बीज सूजन को कम करने के साथ-साथ संक्रमण को कम करने में मदद कर सकते हैं। प्रभावी परिणाम पाने के लिए आपको सिर्फ सप्ताह भर इसका इस्तेमाल करना है।

किन स्थितियों में न करें सेवन

आंवला भले ही हेल्दी दिखाई देता हो लेकिन कुछ मामलों में इसका सेवन नहीं करना चाहिए। इस सिट्रस फूड का सेवन उन लोगों को नहीं करना चाहिए जो लोग खून पतला करने वाली दवाईयां खा रहे हों या फिर जिसकी सर्जरी हुई हो। इनके अलावा गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली महिलाओं या फिर जो महिलाएं कंसीव करना चाहती हैं उन्हें आंवला का सेवन नहीं करना चाहिए।