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Written By: Atul Modi | Published : September 29, 2023 5:01 PM IST
संपूर्ण शारीरिक स्वास्थ्य के लिए दिल को स्वस्थ रखना बहुत जरूरी है। हृदय हमारे शरीर में रक्त को पंप करता है और पूरे शरीर में ऑक्सीजन युक्त रक्त का संचार करता है। यह लगातार धड़कता रहता है और शरीर में रक्त का संचार करता है। अगर हमारा हृदय कुछ सेकंड्स के लिए भी काम करना बंद कर देता है, तो इससे व्यक्ति की तुरंत मौत हो सकती है। लेकिन फिर भी हम देखते हैं कि लोग अपने हृदय स्वास्थ्य का ध्यान नहीं रखते हैं। यही कारण है कि आजकल लोगों में हृदय रोग और इनसे मौत के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। यह दुनिया भर में मौत के प्रमुख कारणों में से एक है। अगर अपने देश भारत की बात करें, तो WHO की एक रिपोर्ट के अनुसार, वैश्विक स्तर पर हार्ट अटैक होने वाली 17.9 मिलियन मौतों में से लगभग पांचवां हिस्सा भारत से आता है। ये आंकड़े बहुत बड़े हैं, जो यह दर्शाते हैं दिल को स्वस्थ रखना कितना जरूरी हैं।
अच्छी बात यह है कि अगर समय रहते हृदय स्वास्थ्य या रोगों का पता चल जाए, तो हृदय स्वास्थ्य में सुधार किया जा सकता है और जटिलताओं को कम किया जा सकता है। इससे मौत के खतरे को भी कम किया जा सकता है। अपने हृदय स्वास्थ्य बारे में जानने का सबसे अच्छा तरीका है, समय-समय पर डॉक्टर से चेकअप कराना और उनसे हृदय स्वास्थ्य का पता लगाने के लिए कुछ जरूरी टेस्ट का सुझाव लेना। ऐसे कई मेडिकल टेस्ट हैं, जिनकी मदद से अपने दिल का हाल सकते हैं।
इस टेस्ट की मदद से उपयोग कोरोनरी धमनियों में रुकावट, संकुचन और कई अन्य समस्याओं का पता लगाया जाता है। साथ ही इससे हृदय की मांसपेशियों में ब्लड फ्लो का भी जांत की जा सकती है।
इस टेस्ट की मदद से हृदय में इलेक्ट्रिक गतिविधि को रिकॉर्ड किया जाता है। यह हृदय रोगों का पता लगाने के लिए किये जाने वाले महत्वपूर्ण टेस्ट में से एक है।
आपका हृदय शारीरिक व्यायाम या तनाव के दौरान कैसी प्रतिक्रिया करता है, इनके आधार पर इस टेस्ट की मदद से व्यक्ति की फिटनेस के बारे में पता लगाया जाता है। इससे यह भी पता चलता है कि व्यक्ति को कड़ी मेहनत करने पर सीने में परेशानी या सांस लेने में तकलीफ हो रही है या नहीं।
यह एक प्रकार का अल्ट्रासाउंड टेस्ट है, जो हृदय और इसके आसपास की धमनियों को स्थिता का पता लगाने के लिए किया जाता है। इसकी मदद से समय के साथ दिल की समस्याओं के विकास को ट्रैक किया जा सकता है। आमतौर पर इस टेस्ट को दिल के ऑपरेशन और प्रक्रियाओं के लिए प्री-ऑपरेटिव योजना के दौरान किया जाता है।
यह एक इमेजिंग तकनीक है जिसका सुझाव हृदय की संरचना और संचालन को देखने के लिए किया जाता है। इसमें हृदय और आसपास की रक्त वाहिकाओं की विस्तृत तस्वीरें प्रदान की जाती हैं, जिससे इस बात का पता लगाया जाता है कि आपका हार्ट कितनी कुशलता से पंप कर रहा है।