
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Medically Verified By: Dr. Vineeta Singh Tandon
metabolic burnout (AI generated Image)
कुछ महिलाओं को अपने शरीर का वजन कम करने में काफी मेहनत करनी पड़ती है और यहां तक कि कई बार उन्हें लगता है कि वे सही डाइट ले रही हैं रेगुलर एक्सरसाइज कर रही हैं लेकिन फिर भी उनके शरीर का बढ़ा हुआ वजन कम नहीं हो रहा है। अगर आपको भी ऐसा लगता है और आप दिनभर थका हुआ महसूस करते हैं, तो यह केवल बढ़ते वजन की समस्या नहीं बल्कि शरीर के अंदर किसी अन्य समस्या का संकेत भी हो सकता है। ISIC मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में इंटरनल मेडिसिन डिपार्टमेंट की सीनियर कंसल्टेंट डॉ. विनीता सिंह टंडन बताती हैं कि यह मेटाबॉलिक बर्नआउट का संकेत भी हो सकता है। हो सकता है कि ज्यादातर महिलाएं इस समस्या से परेशान हों लेकिन उन्हें इस बारे में पता न हो। इस लेख में हम एक्सपर्ट से मेटाबॉलिक बर्नआउट के बारे में जानेंगे।
डॉ. विनीता ने बताया कि मेटाबॉलिक बर्नआउट कोई बीमारी नहीं बल्कि शरीर की एक स्थिति है जो तब होती है जब हम लंबे समय से खराब जीवनशैली अपना रहे हैं जैसे पर्याप्त नींद न लेना, एक्सरसाइज न करना, दिन का ज्यादातर समय बैठकर निकालना और अनहेल्दी चीजें खाना। इस स्थिति में शरीर का मेटाबॉलिज्म बहुत धीमा पड़ जाता है, जिससे कारण से शरीर अपनी एनर्जी को बचाने के लिए कैलोरी बर्न करना कम कर देता है। यही कारण है कि कई बार शरीर का वजन कम करना मुश्किल हो जाता है।
मेटाबॉलिक बर्नआउट विकसित होने का सबसे बड़ा कारण मानसिक तनाव को ही माना जाता है, क्योंकि जब हम लंबे समय तक तनाव में रहते हैं तो, तो हमारे शरीर में कॉर्टिसोल नामक का स्ट्रेस बढ़ाने वाला हार्मोन बढ़ने लगता है। स्ट्रेस बढ़ने के कारण ज्यादा भूख लगने लगती है, मीठा व अन्य जंक फूड खाने का मन करने लगता है और इस कारण से शरीर में जरूरत से ज्यादा फैट जमा होने लगता है।
metabolic burnout and stress (AI generated Image)
जैसा कि मेटाबॉलिक बर्नआउट कोई बीमारी नहीं है, बल्कि यह शरीर की एक स्थिति है। इसलिए जब शरीर इस स्थिति में आ जाता है, तो इससे कुछ समस्याएं पैदा होने लगती हैं और फिर उन समस्याओं के अनुसार शरीर में धीरे-धीरे कुछ लक्षण दिखने लग सकते हैं जैसे -
हालांकि, हर व्यक्ति में मेटाबॉलिक बर्नआउट के दौरान अलग-अलग लक्षण देखे जा सकते हैं, जो मुख्य रूप से इस बात पर निर्भर करता है कि शरीर इससे किस प्रकार प्रभावित हो रहा है।
यह कोई मेडिकल कंडीशन नहीं है और इसलिए इसका कोई स्पेशल ट्रीटमेंट भी नहीं है। लेकिन इस स्थिति को सामान्य किया जा सकता है और उसके लिए किसी दवा का खास डाइट की जरूरत नहीं, बल्कि अपनी लाइफस्टाइल में जरूरी बदलाव करना जरूरी है। छोटी-छोटी आदतों में में सुधार लाएं और नियमित रूप से उन्हें फॉलो करें जैसे -
यदि लंबे समय तक थकान और तनाव रहता है व साथ में शरीर का वजन भी बढ़ रहा है तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। सही समय पर डॉक्टर या मनोवैज्ञानिक से सलाह लेकर आप अपने मेटाबॉलिक और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं।
डिसक्लेमर: इस लेख का उद्देश्य केवल मेटाबॉलिक बर्नआउट के बारे में जानकारियां देना है और इस लेख में दी गई कोई भी जानकारी किसी भी स्वास्थ्य समस्या के इलाज के लिए नहीं है। अगर आपको किसी भी तरह की परेशानी होती है, तो उसके लिए अपने नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें। Thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।