
अंजू रावत
अंजू रावत एक अनुभवी हेल्थ, फिटनेस, रिलेशनशिप, ब्यूटी और लाइफस्टाइल लेखक हैं, जिन्हें इन विषयों पर लिखने ... Read More
influenza
इन्फ्लूएंजा या फ्लू एक श्वसन संबंधी बीमारी है। यह संक्रामक होती है यानी एक से दूसरे में फैल सकती है। यह इन्फ्लूएंजा वायरस के कारण होती है। यह वायरस श्वसन-तंत्र को प्रभावित करता है और नाक, मुंह और फेफड़ों में संक्रमण पैदा कर सकता है। कुछ मामलों में इंफ्लूएंजा के रोगी सही इलाज और खान-पान से घर पर ही ठीक हो जाते हैं। लेकिन, कुछ लोगों में फ्लू काफी गंभीर और जानलेवा हो सकता है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, दुनियाभर में फ्लू की वजह से हर साल लगभग 2.90 लाख से 6.50 लाख लोगों की मौत हो जाती हैं। वहीं, सीजनल इन्फ्लूएंजा से हर साल लगभग 100 करोड़ मामले सामने आते हैं। इनमें करीब 30 से 50 लाख लोग गंभीर रूप से इन्फ्लूएंजा से बीमार पड़ते हैं। WHO के अनुसार, आमतौर पर संक्रमित होने के 1 से 4 दिन बाद शुरू होते हैं और सामान्यत: लगभग एक सप्ताह तक बने रहते हैं।
Centers for Disease Control and Prevention के अनुसार, जब कोई इन्फ्लूएंजा वायरस के संपर्क में आता है, तो उसे कई लक्षण महसूस हो सकते हैं। इसके लक्षण आमतौर पर अचानक शुरू होते हैं। इनमें शामिल हैं-
इन्फ्लूएंजा से संक्रमित व्यक्ति में इनमें से कोई लक्षण महसूस हो सकता है। ज्यादातर लोगों को लगता है कि फ्लू होने पर सबसे पहले बुखार आता है, लेकिन यह जरूरी नहीं है।
CDC के अनुसार, इन्फ्लूएंजा संक्रमित व्यक्ति के श्वसन बूंदों यानी ड्रॉपलेट्स के जरिए फैलता है। ये बूंदे खांसने, छींकने या बातचीत के दौरान बाहर निकलती हैं। जब ये ड्रॉपलेट्स पास बैठे लोगों के मुंह या नाक तक पहुंचती है, तो स्वस्थ व्यक्ति भी संक्रमित हो सकता है। कुछ लोगों में इन्फ्लूएंजा का खतरा ज्यादा रहता है, इनमें शामिल हैं-
Disclaimer: इन्फ्लूएंजा या फ्लू एक सामान्य बीमारी है। यह संक्रामक होता है और एक से दूसरे व्यक्ति में फैलता है। इसकी वजह से शरीर में दर्द, थकान और उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इन्फ्लूएंजा से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाना जरूरी है। अगर आपको इन्फ्लूएंजा से जुड़ा कोई भी लक्षण महसूस हो तो इनकी अनदेखी बिल्कुल न करें और अगर तेजी से तबीयत बिगड़ने लगे तो इस स्थिति में डॉक्टर से मिलें।