क्या होता है वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट? क्यों है ये खतरनाक

About Ventricular Septal Defect : दिल में छेद दो तरह के होते हैं, जिसमें वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट शामिल है। यह काफी गंभीर स्थिति होती है। आइए डॉक्टर वैभव मिश्रा से जानते हैं इसके बारे में विस्तार से-

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Written By: Kishori Mishra | Published : August 13, 2025 5:59 PM IST

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Medically Verified By: Vaibhav Mishra

What is Ventricular Septal Defect : आज के समय में बच्चों से लेकर बुजुर्गों को हार्ट से जुड़ी कई तरह की परेशानी हो रही हैं। हैरान करने वाली बात तो यह है कि कुछ बच्चे जन्म से ही हार्ट डिजीज लेकर पैदा होता हैं। यह स्थिति न सिर्फ उनके माता-पिता को परेशान करने वाली होती है, बल्कि इस स्थिति में नवजात शिशुओं को भी कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। जन्म के समय होने वाली हार्ट डिजीज में वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट है। यह स्थिति दिल में छेद का एक प्रकार है। यह काफी गंभीर मानी जाती है। इस विषय की अधिक जानकारी के लिए हमने पटपड़गंज स्थित मैक्स हॉस्पिटल के सीनियर डायरेक्टर कार्डियक साइंसेस के डॉ. वैभव मिश्रा से बातचीत है। आइए जानते हैं क्या है वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट और क्यों है ये स्थिति खतरनाक?

क्या है वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट? - What is Ventricular Septal Defect 

डॉक्टर वैभव मिश्रा का कहना है कि वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट (Ventricular Septal Defect - VSD) एक हार्ट संबंधी जन्मजात विकार है, जिसमें हृदय के दो मुख्य वेंट्रिकल्स (दाएं और बाएं) के बीच एक असामान्य छेद बन जाता है। यह छेद, हृदय की सेप्टम (स्लेट) में होता है, जो दोनों वेंट्रिकल्स को अलग करता है। इसके कारण, ब्लड एक वेंट्रिकल से दूसरे वेंट्रिकल में अवांछित रूप से प्रवाहित हो सकता है।

जब यह छेद छोटा होता है, तो व्यक्ति को कोई खास समस्या नहीं हो सकती। लेकिन जब यह बड़ा होता है, तो यह हृदय पर अतिरिक्त दबाव डालता है। बाएं वेंट्रिकल से ब्लड का एक हिस्सा दाएं वेंट्रिकल में चला जाता है, जिससे लंग्स में ब्लड का दबाव बढ़ सकता है। इससे फेफड़ों में तरल पदार्थ जमा हो सकता है और सांस लेने में दिक्कत हो सकती है।

क्यों है वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट खतरनाक

बच्चों में यह स्थिति खतरनाक हो सकती है, क्योंकि यह हृदय की कार्यक्षमता को प्रभावित करती है और समय के साथ हृदय की अन्य समस्याओं का कारण बन सकती है, जैसे कि हार्ट फेलियर, हाई ब्लड प्रेशर या फेफड़ों में दिक्कतें। यदि छेद बहुत बड़ा हो, तो ऑपरेशन की आवश्यकता पड़ सकती है।

वेंट्रिकुलर सेप्टल डिफेक्ट के लक्षण क्या हैं?

जन्म के साथ इस बीमारी से जूझ रहे बच्चों में इसके लक्षण जन्म लेने के कुछ दिनों या हफ्तों बाद दिखाई देते हैं। वेंट्रीकुलर सेप्टल डिफेक्ट (वीएसडी) के लक्षण छेद के आकार और हृदय की अन्य समस्याओं पर निर्भर करते हैं। एक छोटा वीएसडी कभी भी लक्षण पैदा नहीं कर सकता है। 

  • खानपान सही से न कर पाना
  • शरीर का विकास धीमा होना
  • सांस लेने में परेशानी होना, खासकर एक्सरसाइज या फिर किसी तरह के फिजिकल वर्क के दौरान परेशानी होना
  • स्टेथोस्कोप से हृदय की धड़कन सुनते समय मरमर जैसी आवाज आना, इत्यादि। 

Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसल‍िए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए ज‍िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।