
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Written By: Kishori Mishra | Updated : August 4, 2023 5:03 PM IST
Vitamin B12 Deficiency : हमारे खाने की थाली में लगभग हर तरह के पोषक तत्वों की जरूरत होती है। इन पोषक तत्वों में विटामिन बी12 भी शामिल है। विटामिन बी12 की मदद से तंत्रिका स्वास्थ्य को बढ़ावा मिल सकता है। साथ ही यह शरीर में समग्र ऊर्जा स्तर को बढ़ाने में मददगार साबित हो सकता है। अगर शरीर में विटामिन बी12 की कमी होने लगे, तो कई तरह की समस्याएं होने लगती हैं। इन समस्याओं में नसों में झुनझुनी और थकान शामिल है। शरीर में विटामिन बी12 की कमी से होने वाली परेशानियों को कम करने के लिए समय पर इसके लक्षणों को पहचानकर इसका निदान और परीक्षण कराना बहुत ही जरूरी होता है। आइए इस विषय पर न्यूबर्ग डायग्नोसिस के चीफ लैब डॉक्टर प्रीति काबड़ा ( Dr. preeti kabra chief of lab, neuberg diagnostics ) से इस विषय के बारे में विस्तार से जानते हैं।
डॉक्टर प्रीति का कहना है कि शरीर में विटामिन बी12 की कमी होने पर सबसे पहले नसों में झुनझुनी होने के लक्षण दिखते हैं, जिसे पेरेस्टेसिया भी कहा जाता है। यह विटामिन बी12 की कमी के प्रमुख लक्षणों में से एक है। इस तरह के लक्षण आमतौर पर हाथ-पैरों जैसे अंगों पर नजर आते हैं, जिसमें चुभन, सुइयों जैसा चुभना या सुन्नपन महसूस होता है। शरीर में विटामिन बी12 की कमी जैसे-जैसे बढ़ती है, व्यक्तियों की मांसपेशियां उतनी ही कमजोर होने लगती है। इसके अलावा मरीजों को कमजोरी, अस्थिर चाल और दैनिक कार्यों को करने में कठिनाई का अनुभव होता है।
इसके अलावा मरीजों को थकान भी काफी ज्यादा महसूस होता है। इस स्थिति में मरीजों के शरीर में लगातार थकान और ऊर्जा की कमी होती है, जिसकी वजह से उन्हें ध्यान केंद्रित करने में भी परेशानी का अनुभव होता है। डॉक्टर का कहना है कि विटामिन बी12 की कमी के कारण होने वाली थकान का संबंध एनीमिया से भी हो ( vitamin b12 deficiency causes anemia ) सकता है। इस स्थिति में शरीर के टिश्यूज में पर्याप्त रूप से ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाते हैं, जिसकी वजह से रेड ब्लड सेल्स में कमी आ सकती है।
विटामिन बी12 की कमी के कारण इन लक्षणों के साथ-साथ स्किन का पीला होना, सांस लेने में परेशानी, घाव, लाल या सूजी हुई जीभ इत्यादि भी नजर आते हैं। इसके अलावा कुछ व्यक्तियों को दस्त या कब्ज जैसी पाचन संबंधी समस्याओं का भी अनुभव हो सकता है, क्योंकि इसमें पाचन तंत्र पर भी बुरा असर पड़ सकता है।
डॉक्टर का कहना है कि खानपान में पोषक तत्वों की कमी के कारण विटामिन बी12 की कमी का खतरा रहता है। हालांकि, कुछ लोगों में विटामिन बी12 की कमी के जोखिम अधिक होते हैं, जिसमें शाकाहारी भोजन, बढ़ती उम्र, गैस्ट्रोएन्टराइटिस से जुड़ी बीमारी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, जिन व्यक्तियों ने अपना वजन घटाने के लिए सर्जरी कराई है, उनमें भी इसका खतरा अधिक रहता है, ऐसे व्यक्तियों में पोषक तत्वों को अवशोषित करने की क्षमता कम हो जाती है। इसलिए विटामिन बी12 की कमी होने लगती है।
डॉक्टर का कहना है कि शरीर में विटामिन बी12 की कमी का शीघ्र पता लगाना बहुत ही जरूरी है ऐसे में अगर आपको शरीर में किसी भी तरह के लक्षण महसूस हो रहे हैं, तो तुरंत अपना ब्लड टेस्ट कराएं। ब्लड टेस्ट के माध्यम से विटामिन बी12 की कमी का पता लगाया जा सकता है। इसके बाद अपने डॉक्टर से तुरंत संपर्क करें, ताकि इसकी कमी को जल्द से जल्द दूर किया जा सके।
ध्यान रखें कि आपको नसों में झुनझुनी, थकान जैसे अन्य लक्षणों के प्रति सतर्क रहना बहुत ही जरूरी होता है। ताकि किसी भी गंभीर स्थिति से बचाव किया जा सके। इसलिए अगर आपको शरीर में किसी भी तरह के बदलाव नजर आते हैं, तो ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।