लॉकडाउन में ऐसे करें एयर कंडीशनर और कूलर का इस्तेमाल, सरकार द्वारा जारी की गयी गाइडलाइन्स

कोविड-19 महामारी के चलते लोगों के मन में एसी और कूलर के इस्तेमाल को लेकर कुछ सवाल भी हैं।  क्योंकि, कुछ स्टडीज़ में कहा गया है कि गर्मी बढ़ने से कोविड-19 इंफेक्शन कम हो सकता है। जबकि,  कुछ स्टडीज़ में कहा गया कि 19 डिग्री सेल्सियस से अधिक तापमान में भी कोरोना वायरस फैल सकता है। इस तरह की हवा में 75 फीसदी नमी और 30 मिली से कम बरसात भी रिकॉर्ड करते हैं।

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : April 28, 2020 1:37 AM IST

Using AC and Cooler during Covid-19: जैसे-जैसे मौसम में गर्मी बढ़ रही है। लोगों ने अपने एयर कंडीशनर और कूलर का इस्तेमाल करना शुरु कर दिया है। लेकिन, कोविड-19 महामारी के चलते लोगों के मन में एसी और कूलर के इस्तेमाल को लेकर कुछ सवाल भी हैं।  क्योंकि, कुछ स्टडीज़ में कहा गया है कि गर्मी बढ़ने से कोविड-19 इंफेक्शन कम हो सकता है। जबकि,  कुछ स्टडीज़ में कहा गया कि 19 डिग्री सेल्सियस से अधिक तापमान में भी कोरोना वायरस फैल सकता है। इस तरह की हवा में 75 फीसदी नमी और 30 मिली से कम बरसात भी रिकॉर्ड करते हैं। (Using AC and Cooler during Covid-19 in hindi)

क्या एसी की हवा में फैलता है कोरोना वायरस ? (Using AC and Cooler during Covid-19):

हालांकि, हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स ने ठंडे और अधिक गर्म या सूखे वातावरण में कोरोना वायरस फैलने को लेकर कोई विशेष अंतर नहीं पाया। इसी बीच भारत सरकार की तरफ से शनिवार (25 अप्रैल) को एक 18 पन्नों की गाइडलाइन्स दी गयीं। जिसमें, बताया गया कि कोरोना वायरस के इस माहौल में एसी और कूलर का टेम्परेचर कितना होना चाहिए? (Using AC and Cooler during Covid-19)

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एयर कंडीशनर (Air Conditioners)

घरों में इस्तेमाल होने वाले एयर कंडीशनर के लिए 24-30 डिग्री टेम्परेचर ठीक बताया गया। जबकि, इसमें ह्यूमिडिटी (humidity) 40-70 फीसदी होनी चाहिए। एसी की ठंडी हवा के साथ-साथ कमरे में नैचुरल हवा आने के लिए खिड़कियों को थोड़ा-सा खोल दें। इसी तरह एक्जॉस्ट की भी व्यवस्था होनी चाहिए।

दरअसल, कमरे में बहुत अधिक नमी के कारण दीमक और फुंगी पनप सकते हैं। जो कि इंडोर एलर्जिस जैसी समस्याओं की सबसे बड़ी वजह हो सकती है। इससे, सांस से जुड़ी समस्याएं जैसे अस्थमा (Asthma Triggers)  आदि ट्रिगर हो सकती हैं। इन गाइडलाइन्स में यह भी कहा गया कि जब एसी बंद हों, तब भी अपने कमरे की सारी खिड़कियां खोल कर रखें। साथ ही अपनी एसी की सर्विसिंग भी जल्दी-जल्दी करवाएं।

ऑफिस और कमर्शियल जगहें

इस एडवायज़री में बताया गया है कि, दफ्तर या कमर्शियल सेटअप्स में नैचुरल वेंटिलेशन को जितना संभव हो सके, उतनी कोशिश करनी चाहिए। कमर्शियल एक्ज़ॉस्ट में 70-80 फीसदी फ्रेश हवा होनी चाहिए, जिसे पॉजिटिव प्रेशर सही तरीके से बनाया जा सके।

डेज़र्ट कूलर्स (Desert Or Evaporative Coolers)

इस तरह के कूलर्स की नियमित सफाई और डिस्इंफेक्शन का काम किया जाना चाहिए। कूलर में जमा पानी का बाहर निकाल कर साफ पानी भरा जाना चाहिए। इसी तरह पोर्टेबल कूलर्स के इस्तेमाल से बचने की सलाह दी गयी है। क्योंकि, इस तरह के कूलर्स में बाहर की हवा का अवशोषण नहीं होता।

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