Kids Health : बच्चों के दिल को हेल्दी रखने के टिप्स

बच्चों को कम उम्र में ही दिल के रोगों से बचाए रखना चाहते हैं, तो उनमें कुछ अच्छी आदतें विकसित करना जरूरी है। इससे वे हार्ट से संबंधित (Tips to keep kids heart healthy) बीमारियों से दूर रहेंगे।

WrittenBy

Written By: Anshumala | Updated : January 8, 2020 9:27 AM IST

दिल से संबंधित समस्याओं से आज युवा ही नहीं, बच्चे भी ग्रस्त हो रहे हैं। कार्डियोवैस्कुलर डिजीज काफी तेजी से लोगों में बढ़ रहा है। इसकी मुख्य वजह है अनहेल्दी खानपान, अनहेल्दी लाइफस्टाइल आदि। एक्सरसाइज ना करना भी लोगों में दिल से संबंधित रोगों को जन्म देता है। यदि आप चाहते हैं कि आपके बच्चे इस दिल की बीमारी से बचे रहें, तो उनकी लाइफस्टाइल में बदलाव लाएं। सारा दिन मोबाइल पर बच्चों को ना लगे रहने दें, इससे बेहतर है कि उनमें बाहर जाकर खेलने की आदत विकसित करें। अगर बच्चे शुरू से हेल्दी डाइट और लाइफस्टाइल को अपनाएंगे, तो इससे वे भविष्य में भी उनका दिल और संपूर्ण सेहत बेहतर बना रहेगा (Kids heart health)। ये हैं कुछ अच्छी आदतें, जिन्हें आप अपने बच्चों को सिखाते हैं, तो इससे वे हार्ट से संबंधित (Tips to keep kids heart healthy) बीमारियों से बचे रह सकते हैं।

1 बच्चे शारीरिक और हार्ट से स्वस्थ तभी रहेंगे, जब वह शारीरिक रूप से ऐक्टिव रहेंगे। बच्चों के हार्ट का हेल्दी (Kids heart health) रहना इसलिए भी जरूरी है, ताकि उन्हें कोई और समस्या ना हो। बच्चे को घर की बजाय बाहर खेलने जाने दें। गैजेट्स में व्यस्त अधिक देर तक ना होने दें। पार्क में खेलने दें, जहां वे पेड़-पौधों के बीच खुलकर हवा में सांस ले सकें।

2 आजकल बहुत से बच्चे कम उम्र में ही मोटापे का शिकार हो जाते हैं। ये भी जंक फूड के अधिक सेवन से होता है। कम उम्र में वजन का अधिक होना यानी दिल, डायबिटीज आदि रोगों के होने की संभावना का बढ़ जाना। ऐसे में जरूरी है कि आप अपने बच्चों को वजन मेंटेन करने की बात सिखाएं।

Tips for Baby Care : शिशुओं को साबुन-शैम्पू लगाने का सही समय और तरीका जानती हैं आप ?

3 उनके भोजन में नमक कम हो। जंक फूड, मसालेदार, फैटी फूड्स भी कम ही शामिल करें। उन्हें सैचुरेटेड फैट, अन-सैचुरेटेड और पॉलीसैचुरेटेड फैट के बारे में बताएं। उनमें पौष्टिक खाने की आदत डालें। समझाएं कि क्यों पौष्टिक चीजें जैसे हरी सब्जियां, फल, दालें, दूध, दही, अनाज सेहत के लिए जरूरी हैं।

4 अगर पेरेंट्स होने के नाते आप अधिक शराब और सिगरेट पीते हैं, तो इसमें आपको कटौती करने की जरूरत है। आपको ये चीजें पीता देख, उनमें भी इन्हें चखने, पीने की आदत विकसित हो सकती है। ये दोनों चीजें भी हार्ट की बीमारी को जन्म देते हैं।

5 पढ़ाई, परीक्षा में अच्छे मार्क्स लाने, स्कूल होमवर्क करने का प्रेशर आदि कारणों से भी कई बच्चे तनाव के शिकार होने लगते हैं। कम उम्र में स्ट्रेस लेना ना सिर्फ बच्चों के दिल पर बल्कि मानसिक रूप से भी असर करता है। ऐसे में पेरेंट्स को बच्चे पर ज्यादा नंबर लाने का दबाव नहीं बनाना चाहिए।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source