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Written By: Pallavi Kumari | Updated : June 21, 2022 11:22 AM IST
ग्लूकोज की कमी (low levels of glucose) के बारे में ज्यादातर लोग नहीं जानते या फिर उन्हें लगता ह कि ये हमारे शरीर के लिए उतना जरूरी नहीं है। जबकि ग्लूकोज हमारे शरीर के लिए इकलौता एनर्जी का सोर्स है। हमारा खून ग्लूकोज को शरीर की सभी कोशिकाओं में एनर्जी के रूप में उपयोग करने के लिए ले जाता है। इंसुलिन एक हार्मोन है जो आपके खून से ग्लूकोज को ऊर्जा और स्टोरेज के लिए कोशिकाओं में ले जाता है। जिससे ये शरीर के लिए कई तरह से काम करता है। वहीं, जब शरीर में ग्लूकोज की कमी हो जाती है तो कई दूसरी समस्याएं भी होने लगती हैं। ऐसे में जरूरी ये है कि आप जानें कि शरीर के लिए ग्लूकोज क्यों जरूरी है और इसकी कमी से क्या समस्याएं हो सकती हैं।
जब हम खाते हैं तो हमारा शरीर तुरंत ग्लूकोज को प्रोसेस करने का काम करने लगता है। एंजाइम पेनक्रियाज की मदद से टूटने की प्रक्रिया शुरू करते हैं। इस दौरान ये इंसुलिन सहित कई हार्मोन का उत्पादन करतें है। यही खाना को तोड़ कर शरीर के लिए ग्लूकोज को पैदा करते हैं। इसके अलावा ये शरीर के दूसरे कामों में भी एक जरूरी भूमिका निभाते हैं। जैसे कि
- ग्लूकोज शरीर में एनर्जी और स्टेमिना (Energy and Stamina) बनाए रखने में मदद करते हैं।
-कार्बोहाइड्रेट मेटाबोलिज्म (Carbohydrate Metabolism) को संतुलित रखने में मदद करते हैं और ग्लूकोज़, फ्रक्टोज और गैलेक्टोज नामक कार्बोहाइड्रेट को आसामी से पचा देते हैं।
- मांशपेशियों में पाया जाने वाला ग्लाइकोजिन जिसे हम ग्लूकोज भी कहते हैं शरीर के तापमान को सही और संतुलित रखने में मदद करता है।
-इसके अलावा दिल के काम काज को हेल्दी रखने में भी ग्लूकोज मददगार है। ये हृदयगति, श्वसन प्रणाली को सुचारु रूप से काम करने में मदद करता है।
जब आपके शरीर में ग्लूकोज की मात्रा कम होने लगती है तो, ये कई समस्याओं का कारण बनने लगता है और इसकी शुरुआत जल्दी-जल्दी थक जाने, कमजोरी और तेज दिल की धड़कनों के साथ होती है। जब आपके शरीर में ग्लूकोज की कमी होती है तो शरीर धीमे-धीमे अपनी ताकत खो देता है और इसके बाद हमारे दिल को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है और धड़कन तेज हो जाता है जिससे हमें ज्यादा पासीना आने लगता है।
ग्लूकोज हमारे शरीर के लिए एनर्जी का काम करता है और जब शरीर में एनर्जी कम होने लगती है तो हमारा ब्रेन काम करना बंद कर देता है। इसकी वजह से धीमे-धीमे व्यक्ति अपना होश खाने लगता है, उसे चक्कर आने लगता है और कई बार वो अचानक कोमा में भी जा सकता है।
अगर आपको तेज भूख लग रही है तो ये शरीर का संकेत है कि उसे ग्लूकोज की जरूरत है। इसके अलावा इस दौरान खाना ना मिलने से तेज गुस्सा आता है और आप अपने अंदर बेचैनी महसूस कर सकते हैं। इसके अलावा ग्लूकोज की कमी से शरीर ग्लूकागोन (glucagon) नाम का हार्मोन रिलीज करने लगता है, जिससे स्ट्रेस हार्मोन बढ़ता है और ये हार्मोनल असंतुलन का कारण बन जाता है।
आपने देखा होगा कि कुछ लोगों के होंठ बाकी लोगों की तुलना में ज्यादा कपकपाहट होता है। जरअसल, ये इस बात का संकेत है कि शरीर में ग्लूकोज की कमी हो रही है और आपके सेल्स और टिशूज अपना कंट्रोल खो रहे हैं। इसके अलावा ये कांपना तेज दिल की धड़कनों के कारण भी होता है जो कि ग्लूकोज लेवल के कम होने से ज्यादा मेहनत कर रहे होते हैं।
नींद की कमी, चिड़चिड़ापन और चिंतित रहना भी लो ग्लूकोज लेवल के लक्षण हो सकते हैं। साथ ही इस दौरान कई बार आपको हल्का सिर दर्द रह सकता है और आपको धुंधला नजर आ सकता है।
ऐसी स्थिति से बचने के लिए अपने पास जूस और ग्लूकोज की गोलियां रखें। साथ ही कुछ ना हो तो कोई फल खा लें, कुछ मीठा खा लें या कोई मीठी ड्रिंक पी लें। ये तुरंत ही लो ग्लूकोज के लक्षणों को कम कर देगी।