
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Written By: Kishori Mishra | Updated : March 23, 2026 4:16 PM IST
Medically Verified By: Dr. Parinita Kaur
Weather change Affect on Health
Weather change effects : दिल्ली-एनसीआर का मौसम इन काफी अलग नजर आ रहा है। मार्च की शुरुआत जहां कड़क धूप के साथ हुई थी। वहीं, इसका अंत ठंडी हवाओं के साथ हो रहा है। हम में से कई लोगों के मार्च शुरू होते ही अपने स्वेटर और कंबल पैक करके रख दिए होंगे, लेकिन अब मौसम का ऐसा हाल देखकर महसूस हो रहा है कि अब पैक किए हुए स्वेटर्स को फिर से अन-पैक करना होगा। मौसम में अचानक से आए बदलाव की वजह से लोगों के शरीर पर गहरा प्रभाव पड़ रहा है। द्वारका स्थित मैक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल की एशोसिएट डायरेक्टर एंड यूनिट हेड, इंटरनल मेडिसिन डॉक्यर परिनीता कौर का कहना है कि मौसम में आए अनाचक बदलाव शरीर के आंतरिक संतुलन प्रणाली को लगातार एडजस्ट करने के लिए मजबूर करते हैं, जिससे लोग काफी जल्दी बीमार पड़ रहे हैं। मुख्य रूप से कमजोर इम्यून सिस्टम वाले लोग इस बदलते मौसम की वजह से काफी ज्यादा बीमार हो रहे हैं, जिसमें बड़े-बुजुर्ग और बच्चे शामिल हैं। आइए डॉक्टर से जानते हैं बदलते मौसम का सेहत पर क्या प्रभाव पड़ रहा है?
मौसम में अचानक से आए बदलाव की वजह से लोगों को सांस से जुड़ी परेशानियं काफी ज्यादा हो रही हैं। दरअसल, तापमान और नमी में तेजी से आए बदलाव से एयरवे इरिटेट होने लगते हैं। इसकी वजह से खांसी, गले में खराश और अस्थमा या एलर्जी जैसी बीमारियों के बढ़ने की संभावना काफी ज्यादा बढ़ जाती है। इसके अलावा मौसम बदलते समय धूल, परागकण और प्रदूषण भी सांस लेने में दिक्कत बढ़ा सकते हैं।
सर्दी और गर्मी में अचानक बदलाव शरीर की प्राकृतिक सुरक्षा प्रणाली को कमजोर कर सकते हैं। ऐसे में आम सर्दी, फ्लू या वायरल बुखार का खतरा बढ़ जाता है। यही कारण है कि मौसम बदलते ही लोग जल्दी बीमार पड़ते हैं। इसलिए इस बदलते सीजन में खुद को और अपने बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए इम्यूनिटी बूस्टर जैसी चीजों को अपनाएं।
मौसम अचानक से ठंड और गर्म होने के कारण जोड़ों और मांसपेशियों पर दबाव पड़ता है। इसकी वजह से ज्वाइंट्स में दर्द और अकड़न की परेशानी हो सकती है। मुख्य रूप से जिन बुजुर्गों को अर्थराइटिस का खतरा होता है। उन्हें इस तरह की परेशानी ज्यादा होती है।
तापमान में अचानाक तेजी से बदलाव देखने को मिल रहा है, जिसकी वजह से ब्लड वेसेल्स सिकुड़ या फैल सकती हैं, जिससे ब्लड प्रेशर में उतार-चढ़ाव आ सकता है। ऐसी स्थिति में हार्ट डिजीज और ब्लड प्रेशर का खतरा बढ़ने लग जाता है। वहीं, अगर आपको पहले से ही हार्ट डिजीज या फिर ब्लड प्रेशर की परेशानी है, तो इस बदलते सीजन में थोड़ा सजग रहिए।
गर्म मौसम में शरीर जल्दी पानी खो देता है, जिससे थकान, सिरदर्द और डिहाइड्रेशन हो सकता है। ठंडी परिस्थितियों में प्यास कम लगने से भी अनजाने में शरीर डिहाइड्रेट हो सकता है। इसलिए बीच-बीच में पानी पीते रहें। ताकि डिहाइड्रेशन की परेशानी कम हो सके।
कुछ आसन से टिप्स को फॉलो करके आप बदलते मौसम में खुद को सुरक्षित रख सकते हैं, जैसे-
Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।