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Hysterectomy से महिलाओं के दिमाग पर पड़ते हैं ये 4 बुरे असर

सोचो उस महिला को कैसा लगता होगा, जिसका गर्भाशय निकाल दिया जाता है!

Hysterectomy से महिलाओं के दिमाग पर पड़ते हैं ये 4 बुरे असर

Written by Editorial Team |Published : August 30, 2017 3:23 AM IST

गर्भाशय एक जीवन देने वाला अंग है। यह एकमात्र मानव अंग है जो अपने भीतर एक अन्य अंग बनाता है। गर्भाशय की हानि किसी भी महिला के दिमाग पर बहुत बुरा प्रभाव डालती है। कभी-कभी फाइब्रॉएड जैसी गंभीर समस्याओं के कारण गर्भाशय को हटाना पड़ जाता है। गर्भाशय के अंदर बनने वाली मांसपेशियों के ट्यूमर को फाइब्रॉएड कहते हैं। हिस्‍टेरेक्‍टॉमी एक प्रकार की सर्जरी है जिसके माध्यम से महिला के गर्भाशय को निकाला जाता है। गर्भाशय महिलाओं की प्रजनन प्रणाली का अंग है, जो कि बंद मुट्ठी के आकार का होता है। गर्भाशय निकाले जाने के बाद महिला मां नहीं बन सकती है, तथा इसके बाद मासिक धर्म भी नहीं होता है। हम आपको बता रहे हैं कि हिस्‍टेरेक्‍टॉमी किसी महिला को कैसे प्रभावित कर सकती है।

1) नकारात्मक सोच

किसी महिला को मां बनने के लिए उसका गर्भाशय का सही होना बहुत जरूरी है। जरा सोचें, गर्भाशय के नहीं होने पर आप कभी मां नहीं बन सकती हैं। इस सर्जरी के बाद महिलाओं में एक नकारात्मक सोच पैदा हो जाती है। 2012 में तुर्की महिलाओं पर किए गए एक अध्ययन से पता चला कि हिस्टेरेक्टोमी से गुज़रने वाली महिलाओं में आत्मविश्वास कम होना शुरू हो जाता है।

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2) चिंता

अध्ययनों के अनुसार इस सर्जरी के बाद महिलाओं में चिंता का बढ़ना आम है. महिलाओं को सर्जरी की रिपोर्ट से पहले चिंता होने लगती हैं और बाद में उनमें चिड़चिड़ापन भी बढ़ जाता है। खासकर जिन महिलाओं का यह अंग निकाल दिया जाता है उनमें चिंता का विकार अधिक देखा जाता है। इतना ही नहीं एक दूसरे अध्ययन के अनुसार महिलाओं में चिड़चिड़ापन बढ़ जाता है जो उनके व्यवहार में दिखता है।

3) तनाव

गर्भाशय को महिलाओं को एक यौन अंग के रूप में देखा जाता है, जो महत्वपूर्ण शारीरिक कार्यों को नियंत्रित करता है। इसे फर्टिलिटी का स्रोत माना जाता है। इसका नुकसान किसी भी महिला को तनाव में डाल सकता है। जाहिर है इस सर्जरी से के बाद महिला तनाव से गुजर सकती है।

4) यौन संबंध पर असर

गर्भाशय को यौन अंग के रूप में माना जाता है। इसलिए जब इस अंग को निकाल दिया जाता है, तो कुछ महिलाओं में पहले की तुलना में कामेच्छा एम्म कमी आ जाती है। यद्यपि यौन क्रियाशीलता महिलाओं में भिन्न हो सकती है। हिस्टेरेक्टोमी से संबंधित कुछ सामान्य मुद्दों में संभोग की आवृत्ति कम हो जाना, यौन प्रतिक्रिया कम होना, संभोग के दौरान कठिनाई, योनि में संवेदना की कमी और संभोग के दौरान दर्द होना शामिल है।

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अनुवादक – Usman Khan

चित्र स्रोत - Shutterstock

सन्दर्भ- 1.Pinar G, Okdem S, Dogan N, Buyukgonenc L, Ayhan A. The effects of hysterectomy on body image, self-esteem, and marital adjustment in Turkish women with gynecologic cancer. Clin J Oncol Nurs. 2012 Jun 1;16(3):E99-104. doi:

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