
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : February 4, 2026 2:53 PM IST
Nind ki Goli khane se Kya Hota Hai: क्या आपको दिन भर के काम निपटाना के बाद बिस्तर पर लेटने के बाद भी सुकून भरी नींद नहीं आती है? आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में नींद न आना एक आम समस्या बन गई है। दस में से आठ लोग तो नींद ना आने की परेशानी से जूझ ही रहे हैं। नींद ना आने का कारण तनाव, मोबाइल की लत और अनियमित दिनचर्या को बताते हैं, जो कि लगभग हर व्यक्ति की आज हो ही चुकी है। ऐसे में नींद ना आने के कारण लोग नींद की गोली का सहारा लेने लगते हैं। आपको यह कारगर उपाय लग सकता है क्योंकि इसे लेने के बाद नींद जल्दी आ जाती है। ऐसा इसलिए क्योंकि शुरुआत में ये गोलियां आराम देती हैं, लेकिन लंबे समय तक इनका सेवन करने से शरीर को नुकसान होता है। आप में से बहुत कम लोग जानते होंगे कि नींद की गोली आपकी एक आदत बन सकती है और कई गंभीर बीमारियों को बुलावा दे सकती है। इसलिए इन्हें हल्के में लेना खतरनाक हो सकता है। तो आइए आज हम आपको बताते हैं कि नींद की गोली का सेवन करने से आपको किन बीमारियों का खतरा हो सकता है।
लगातार नींद की गोली का सेवन करने से आपके दिमाग पर असर होता है। कहीं शोध बताते हैं कि नींद की गोलियां दिमाग पर सीधा असर डालती हैं। ऐसे में जब आप लंबे समय तक इन गोलियों का सेवन करते हैं तो आपकी याददाश्त कमजोर होने लगती है और आप छोटी बड़ी बातें भूलने लगते हैं। ऐसे में आपको ध्यान लगाने में भी परेशानी होती है और एकाग्र होकर कोई काम नहीं कर पाते। शोध इस बात की पुष्टि भी करते हैं कि उम्र बढ़ने के साथ यह समस्या और गंभीर हो सकती है।

कुछ रिसर्च यह भी दावा करते हैं कि नींद की गोलियों का लगातार सेवन आपके दिल को कमजोर करता है। असल में नींद की गोलियों का ज्यादा इस्तेमाल दिल की सेहत पर बुरा असर डालता है और हार्ट रेट को प्रभावित करता है, जिससे ब्लड प्रेशर की समस्या बढ़ा जाती है। ऐसे मेरे घर आप पहले से ही हार्ट पेशेंट है तो आपको नींद की गोलियों का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।
रिसर्च में आगे यह भी दावा किया गया है कि यह दवाइयां आपको डिप्रेशन में डाल सकती हैं। असल में नींद की गोली कुछ समय के लिए नींद तो दे देती है, लेकिन मानसिक सेहत को धीरे-धीरे नुकसान पहुंचाने लगती है। इससे आप चिड़चिड़ापन बेचैनी और डिप्रेशन जैसी समस्याओं का सामना करते हैं। वही आपको इसकी आदत लग जाती है और आप बिना नींद की गोली का सेवन किए बगैर सो नहीं पाते।
जब आप लगातार नींद की गोलियों का सेवन करते हैं तो आपका शरीर प्राकृतिक रूप से स्वस्थ रहने लगता है। वही जब आप इसका रात में सेवन करके सोते हैं और आपकी नींद खुलती है तो रात में उठने पर चक्कर आना या संतुलन बिगड़ना आम है। इससे गिरने का खतरा बढ़ जाता है। बुजुर्गों में यह समस्या हड्डी टूटने तक का कारण बन सकती है।
नींद की गोली सिर्फ डॉक्टर की सलाह के अनुसार और उनके द्वारा बताई गई डोज के अनुसार ही लेनी चाहिए। बिना डॉक्टर सलाह के गलती से भी एक बार भी ये दवाएं लेने की सलाह नहीं दी जाती है। एक अच्छी और गुणवत्ता युक्त नींद लाने के लिए सोने से पहले मोबाइल से दूरी बनाएं, हल्की एक्सरसाइज करें और नियमित दिनचर्या अपनाएं। वहीं अगर नींद की समस्या लंबे समय से है, तो खुद दवा लेने की बजाय डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।