
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : September 16, 2021 4:43 PM IST
Eye Diseases Caused By Diabetes: डायबिटीज के मरीज़ों को अन्य कई हेल्थ प्रॉब्लम्स का भी खतरा होता है। नॉन-डायबिटिक लोगों की तुलना में डायबिटीज के मरीजों में हार्ट डिज़िज़ेज़ से लेकर हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) और किडनी से जुड़ी समस्याओं (Kidney related problems) की संभावना बहुत अधिक होती है। इसी तरह इन मरीजों में नर्व डैमेज (Nerve Damage) और आंखों से जुड़ी समस्याएं भी हो सकती हैं। हालांकि, डायबिटीज में आंखों को होनेवाले नुकसान के बारे में बहुत कम लोगों को जानकारी होती है।
बता दें कि, टाइप 1 डायबिटीज (Type 1 Diabetes) और टाइप 2 (Type 2 Diabetes) के अलावा जेस्टेशनल डायबिटीज (Gestation Diabetes) में भी आंखों से जुड़ी समस्याएं सबसे आम हैं। एक्सपर्ट्स के अनुसार, अगर लम्बे समय तक ब्लड शुगर लेवल (Blood Sugar Level) अनियंत्रित रहता है या डायबिटीज के मरीज इस ओर ध्यान नहीं देते तो आंखों से जुड़ी समस्याएं (Eye related problems) हो सकती हैं। यहां पढ़ें डायबिटीज में आंखों से जुड़ी उन समस्याओं के बारे में जो सबसे आम हैं। (Eye Diseases Caused By Diabetes In Hindi)

विश्व स्वास्थ्य संगठन (World Health Organization) के अनुसार, डायबिटीज के 40 प्रतिशत मरीज़ों में यह समस्या पायी जाती है। रेटिनोपैथी में आंखों में स्थित ब्लड वेसल्स (blood vessels) द्वारा रक्त का संचार रेटिना (retina) की तरफ सही तरीके से नहीं होता और ब्लड वेसल्स (Blood Vessels) कमज़ोर हो जाती हैं। ऐसी स्थिति में रेटिना भी सही तरीके से काम नहीं कर पाता। इस स्थिति को डायबिटीक रेटिनोपैथी (diabetic retinopathy) कहा जाता है। एक्सपर्ट्स के अनुसार, डायबिटीक रेटिनोपैथी का इलाज ज़रूर किया जा सकता है लेकिन, यह समस्या पूरी तरह ठीक नहीं हो पाती और इससे छुटकारा नहीं मिल सकता है। इसीलिए, डायबिटिक्स को अपने स्वास्थ्य का खास ख्याल रखना चाहिए और ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रण में रखने के प्रयास करने चाहिए।