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Written By: Yogita Yadav | Published : August 30, 2019 10:17 AM IST
Conditions like rheumatoid arthritis, sinus infection, diabetes, celiac disease, alcoholism and even bowel disease first manifests as some dental health problem.© Shutterstock
ओरल हेल्थ (Oral health) के लिए यह जरूरी है कि बच्चों को सही तरीके से ब्रश करना आता हो। अमूमन सुबह की जल्दबाजी में बच्चे सिर्फ ब्रश को दांतों (Oral health) पर रगड़ कर भाग जाते हैं। जबकि मुंह की पूरी सफाई के लिए दांतों पर सही तरह से ब्रश (Oral health) किया जाना चाहिए। आइए बताते हैं बच्चों को ब्रश करना सिखाने के लिए जरूरी कुछ खास टिप्स (Oral health)।
हम जो भी खाते हैं वह मुंह से ही खाते हैं। यानी हमारे पेट तक जाने का केवल यही रास्ता है। इसलिए इसकी सफाई बहुत जरूरी है। अगर ओरल हेल्थ (Oral health) यानी मुंह की सफाई पर पूरा ध्यान न दिया जाए मुंह में कई तरह के बैक्टीरिया पनपने लगते हैं। जिससे दांत सड़ना, उनमें कीड़ा लगना और कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। पेट में होने वाली कई तरह की समस्याओं की वजह भी ओरल हेल्थ पर ध्यान न देना है।
बच्चों के दांत निकलने 6 माह से शुरू हो जाते हैं। पर पूरे दांत आने में उन्हें साल से डेढ़ साल तक का समय लग जाता है। उसमें भी वे इस काबिल नहीं होते कि उन्हें ब्रश (Oral health) पकड़ाया जा सके। साथ ही टूथपेस्ट में कुछ ऐसे कैमिकल्स होते हैं, जो बच्चों के नाजुक पेट के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं। जबकि छोटे बच्चे अमूमन टूथपेस्ट खा जाते हैं। इसलिए डेढ़ से दो साल की उम्र के बीच आप खुद उनके टीथ ब्रश करें। इसके बाद जैसे-जैसे वे सीख जाएं आप उन्हें ब्रश करने के लिए दे सकते हैं।
छोटे बच्चे जो खुद ब्रश नहीं कर सकते उनके लिए बाजार में ब्रशिंग कैप (Oral health) मिलती हैं। आप इन्हें अपनी अंगुली पर कैप की तरह पहनकर बच्चों को ब्रश करवा सकती हैं। छोटे बच्चों के लिए उनके मुंह के आकार का छोटा ब्रश ही चुनें। टूथ पेस्ट भी ऐसा चुनें जो बहुत तेज या ज्यादा कैमिकल वाला न हो।
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