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Medically Verified By: Dr. Vikram Jeet Singh
Obesity Causes in Hindi: पिछले कुछ वर्षों में युवाओं के बीच मोटापे की समस्या तेजी से बढ़ती हुई देखी जा रही है। पहले जहां मोटापा आमतौर पर बढ़ती उम्र से जुड़ी समस्या माना जाता था। वहीं, अब 20 से 35 वर्ष की उम्र के लोगों में भी वजन बढ़ने के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, यह केवल शरीर के आकार का मामला नहीं है, बल्कि यह कई गंभीर बीमारियों जैसे फैटी लिवर, डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर और हृदय रोग का जोखिम भी बढ़ा सकता है। युवाओं में बढ़ता मोटापा, अक्सर जीवनशैली से जुड़ी कई आदतों का परिणाम होता है। खासतौर पर अनियमित दिनचर्या, गलत खान-पान और कम शारीरिक गतिविधि इसके प्रमुख कारण हैं। आइए, आकाश हेल्थकेयर के सीनियर कंसल्टेंट और इंटरनल मेडिसिन डॉ. विक्रम जीत सिंह (Dr Vikramjeet Singh- Senior Consultant, Internal Medicine, Aakash Healthcare) से जानते हैं युवाओं में मोटापे के मुख्य कारणों के बारे में-
आजकल ज्यादातर लोग जंक फूड्स और प्रोसेस्ड फूड्स खाना पसंद करते हैं। लोगों को पिज्जा, बर्गर, फ्राइड स्नैक्स, पैकेज्ड फूड और मीठे पेय पदार्थ ज्यादा पसंद आते हैं। इनमें कैलोरी, चीनी और अनहेल्दी फैट अधिक मात्रा में पाए जाते हैं। अगर आप इनका सेवन ज्यादा मात्रा में करते हैं, तो इससे मोटापा हो सकता है। इनके नियमित सेवन से शरीर में कैलोरी जमा होने लगती है और वजन तेजी से बढ़ने लगता है।
आजकल ज्यादातर लोग डेस्क जॉब कर रहे हैं और लंबे समय तक एक ही जगह पर बैठे रहते हैं। कई लोग घर पर भी दिनभर लैपटॉप, मोबाइल और टीवी के सामने बैठे रहना पसंद करते हैं और शारीरिक रूप से बिल्कुल भी सक्रिय नहीं रहते हैं। इससे कैलोरी खर्च नहीं हो पाती है और मोटापा बढ़ने लगता है। जब शरीर कैलोरी जलाने में सक्षम नहीं होता है, तो वह फैट के रूप में जमा होने लगता है। इसकी वजह से मोटापा और वजन तेजी से बढ़ सकता है।
नींद का पैटर्न भी वजन बढ़ने का मुख्य कारण हो सकता है। देर रात तक जागने की वजह से हार्मोन असंतुलनहोता है और वजन बढ़ने लगता है। इससे भूख को नियंत्रित करने वाले हार्मोन प्रभावित हो जाते हैं और व्यक्ति को ज्यादा भूख लगने लगती है। इस स्थिति में व्यक्ति को हाई कैलोरी फूड्स खाने की क्रेविंग होने लगती है और इससे तेजी से वजन बढ़ने लगता है।
आजकल ज्यादातर लोग किसी-न-किसी तरह के तनाव से जूझ रहे हैं। पढ़ाई, करियर और सामाजिक दबाव के कारण युवाओं में तनाव बढ़ा रहता है। कई लोग तनाव के दौरान ज्यादा खाना शुरू कर देते हैं, जिसे “इमोशनल ईटिंग” कहा जाता है। इससे शरीर में अतिरिक्त कैलोरी जमा होने लगती है और धीरे-धीरे वजन बढ़ जाता है। इसलिए तनाव को भी मोटापे का एक मुख्य कारण माना जाता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, मोटापा सिर्फ शरीर के वजन को नहीं लेकिन को भी बुरी तरह से प्रभावित करता है। मोटापे की वजह से लिवर में फैट जमा होने लगता है और फैटी लिवर की समस्या हो जाता है। अगर फैटी लिवर की स्थिति पर ध्यान न दिया जाए, तो यह लिवर में सूजन, फाइब्रोसिस और सिरोसिस जैसी गंभीर समस्याओं का कारण बन सकती है।
मोटापे से बचाव के लिए आप कुछ उपाय आजमा सकते हैं।
Disclaimer : प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।