जामिया और जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं ने लिवर कैंसर की पोटेंशियल ड्रग खोजी
जामिया और जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी (अमेरिका) के शोधकर्ताओं द्वारा लीवर कैंसर के थेरप्युटिक मैनेजमेंट के लिए पोटेंशियल ड्रग टारगेट की खोज की गई है। यह फैटी लीवर रोग और लीवर कैंसर के थेरप्युटिक मैनेजमेंट के लिए पोटेंशियल ड्रग टारगेट के रूप में स्पेक्ट्रिन प्रोटीन की खोज है।
Potential Drug for Liver Cancer Treatment: लिवर कैंसर (Liver cancer) एक खतरनाक बीमारी है, जिसका सही समय पर इलाज ना शुरू किया जाए, तो मरीज की जान जा सकती है। लिवर कैंसर और फैटी लिवर से संबंधित इलाज में हाल ही में एक ड्रग टारगेट की खोज की गई है। यह खोज भारत के जामिया मिलिया इस्लामिया (JMI) और अमेरिका स्थित जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी (George Washington University) के शोधकर्ताओं द्वारा मिलकर की गई है। इस शोध में लीवर कैंसर के थेरप्युटिक मैनेजमेंट के लिए पोटेंशियल ड्रग टारगेट की खोज की गई है। यह फैटी लीवर रोग (Fatty Liver) और लीवर कैंसर (Liver cancer) के थेरप्युटिक मैनेजमेंट के लिए पोटेंशियल ड्रग टारगेट के रूप में स्पेक्ट्रिन प्रोटीन की खोज है। सेंटर फॉर इंटरडिसिप्लिनरी रिसर्च इन बेसिक साइंसेज, जामिया और जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने संयुक्त रूप यह शोध किया है। यह एक नॉन-एल्कोहल स्टीटोहेपेटाइटिस (non-alcoholic steatohepatitis), नॉन-एल्कोहल फैटी लीवर डिजीज (non-alcoholic fatty liver disease) और लीवर कैंसर (Liver cancer) के थेरप्युटिक मैनेजमेंट के लिए पोटेंशियल ड्रग टारगेट के रूप में स्पेक्ट्रिन प्रोटीन की खोज की है। यह शोध नॉन-एल्कोहलिक फैटी लीवर डिजीज और लीवर कैंसर के मामलों को नियंत्रित करने में सहायता करेगा, जो तेजी से बढ़ रहे हैं।
शोध दल प्रोफेसर लोपा मिश्रा, एक प्रसिद्ध गैस्ट्रोएंट्रोलॉजिस्ट और निदेशक, सेंटर फॉर ट्रांसलेशनल मेडिसिन, सर्जरी विभाग, जॉर्ज वाशिंगटन यूनिवर्सिटी, जामिया के डॉ. मो. इम्तियाज हसन और उनके पीएचडी स्कॉलर ताज मोहम्मद और अन्य शोधकर्ताओं के निष्कर्ष को अमेरिकन एसोसिएशन फॉर द एडवांसमेंट ऑफ साइंस (एएएएस) द्वारा प्रकाशित 'साइंस' की एक अत्यधिक प्रतिष्ठित पत्रिका, साइंस ट्रांसलेशनल मेडिसिन (17.956 का प्रभाव कारक) में प्रकाशित किया गया है।
जामिया के अनुसार, टीम ने एक प्रोटीन एसपीटीबीएन1 की भूमिका की जांच की, जो लीवर रोग और ट्यूमर के गठन में टीजीएफ-एसएमएडी3 सिग्नलिंग को बढ़ावा देता है। इसमें पाया गया है कि 2-स्पेक्ट्रिन वेस्टर्न डाइट पर चूहों में लिपोजेनेसिस और लीवर कैंसर के विकास को बढ़ावा देता है। उन्होंने यह भी पाया कि एसपीटीबीएन1 की मेडीएटिड थेरेपी के नॉकआउट ने चूहों को आहार-प्रेरित मोटापे, फाइब्रोसिस, लिपिड एक्युमेलेशन और लीवर में टिशू डेमेज से बचाया।
जामिया के अनुसार, ये डाटा दर्शाते हैं कि एसपीटीबीएन 1 नॉन-एल्कोहल स्टीटोहेपेटाइटिस (Non-alcoholic steatohepatitis) और लीवर कैंसर में चिकित्सीय हस्तक्षेप के लिए एक पोटेंशियल टारगेट का प्रतिनिधित्व करता है।
स्रोत: (IANS Hindi)