
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : August 27, 2022 12:14 PM IST
हेल्दी रहने के लिए सही डाइट होना भी जरूरी है। इसलिए हमें बचपन से ही अच्छी चीजों को अपनी डाइट में शामिल करना सिखाया जाता है। लेकिन कई बार हम अधूरी जानकारी के कारण ऐसी गलती कर देते हैं, जिससे हेल्दी खाना भी जहर बन सकता है। आजकल हर घर और ऑफिस में माइक्रोवेव हो गया है और लोगों को खाना गर्म करके खाने की आदत पड़ गई है। अगर आप भी प्लास्टिक के बर्तन में ही खाना गर्म करते हैं, तो आपको यह लेख जरूर पढ़ना चाहिए। कुछ अध्ययन किए गए जिनमें पाया गया कि प्लास्टिक के बर्तन में माइक्रोवेव किया गया खाना खाने से कैंसर और बांझपन जैसी बीमारियां होने का खतरा बढ़ जाता है। चलिए जानते हैं आखिर किस प्रकार प्लास्टिक के बर्तन खाना माइक्रोवेव करने से कई रोग होने का खतरा बढ़ जाता है और साथ में जानें माइक्रोवेव इस्तेमाल करने का सही तरीका क्या है।
प्लास्टिक में फ्थैलेट्स (Phthalates) और बिस्फेनॉल ए (Bisphenol A) नाम के दो केमिकल होते हैं। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक ये दोनों रसायन एंडोक्राइन ग्रंथि को प्रभावित करते हैं। कुछ रिसर्चों में यह भी पाया गया कि ये केमिकल एस्ट्रोजन और टेस्टोस्टेरोन जैसे हार्मोन्स के कार्यों को भी प्रभावित करते हैं। डब्ल्यूएचओ के अनुसार माइक्रोवेव करने के दौरान प्लास्टिक बर्तनों से ये केमिकल कुछ मात्रा में रिसकर खाने में मिल सकते हैं।
हालांकि, निर्देशों के अनुसार सभी प्लास्टिक के बर्तन हानिकारक नहीं होते हैं। आपको सिर्फ उन बर्तनों का इस्तेमाल माइक्रोवेव में नहीं करना है, जिनमें फ्लैथलेट्स, बिस्फेनॉल और स्टाइरीन जैसे केमिकल होते हैं। अमेरिका के एनवायरमेंटल वर्किंग ग्रुप के अनुसार प्लास्टिक के उन बर्तनों का ही इस्तेमाल किया जाना चाहिए, जो बीपीए-फ्री हो। हालांकि, माइक्रोवेव के लिए जितना हो सके बायो बेस्ड बर्तनों का ही इस्तेमाल करें।
माइक्रोवेव में खाना गर्म करते समय कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है, जिनमें निम्न शामिल है -
हालांकि, सभी प्रकार के प्लास्टिक स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक नहीं होते हैं। इनमें से कुछ प्लास्टिक पूरी तरह से सुरक्षित होते हैं और उनके बर्तनों का इस्तेमाल सामान्य तापमान के खाने के रखने में इस्तेमाल किया जा सकता है। बस आपको ध्यान रखना है कि आप सही प्लास्टिक के बर्तन का चुनाव कर रहे हैं। साथ ही आपको एक बार इस्तेमाल किए जाने वाले प्लास्टिक के बर्तनों (डिस्पोजेबल कंटेनर) का इस्तेमाल न करने की सलाह दी जाती है।