
अंजू रावत
अंजू रावत एक अनुभवी हेल्थ, फिटनेस, रिलेशनशिप, ब्यूटी और लाइफस्टाइल लेखक हैं, जिन्हें इन विषयों पर लिखने ... Read More
Written By: Anju Rawat | Updated : May 25, 2025 11:34 AM IST
How to Read Thyroid Test Report at Home: थायराइड, तितली के आकार की ग्रंथि है, जो गले में स्थित होती है। यह ग्रंथि थायराइड हार्मोन का उत्पादन करती है। यह हार्मोन शरीर में मेटाबॉलज्म को कंट्रोल करता है। थायराइड हार्मोन शरीर में कई जरूरी कार्य भी करता है। जब थायराइड ग्रंथि ठीक से काम नहीं करती है, तो इससे थायराइड से संबंधित रोग हो सकते हैं। वजन में बदलाव, दिल की तेज धड़कन, पसीना आना, चिड़चिड़ापन, थकान, बालों का झड़ना और ड्राई स्किन थायराइड के आम लक्षण (Thyroid ke Lakshan) होते हैं। जब शरीर में थायराइड के लक्षण नजर आते हैं, तो डॉक्टर थायराइड का टेस्ट करवाने की सलाह दे सकते हैं। ज्यादातर लोग थायराइड की रिपोर्ट पढ़वाने के लिए डॉक्टर के पास जाते हैं। आप घर पर भी थायराइड टेस्ट रिपोर्ट पढ़ सकते हैं। लेकिन, इसके बाद भी आपको डॉक्टर के पास जरूर जाना चाहिए। हर साल 25 मई को विश्व थायराइड दिवस (World Thyroid Day) मनाया जाता है। आइए, आज इस मौके पर प्रकाश हॉस्पिटल के जनरल फिजिशियन डॉ. सुनील चौधरी से जानते हैं कि घर पर थायराइड की रिपोर्ट कैसे पढ़ें (Thyroid ki Report Kaise Padhe)? थायराइड की रिपोर्ट पढ़ने के लिए आपको T3, T4 और TSH के बारे में जानना जरूरी होता है।
आपको बता दें कि T3 हार्मोन, शरीर के मेटाबॉलिज्म को कंट्रोल करता है। अगर T3 का स्तर ज्यादा होता है, तो व्यक्ति को हाइपरथायरायडिज्म हो सकता है। वहीं, अगर T3 का स्तर कम होता है, तो हाइपोथायरायडिज्म की संभावना बढ़ जाती है। अगर आपकी रिपोर्ट में T3 का स्तर 0.87–1.78 ng/mL (नैनोग्राम प्रति डेसिलीटर) है, तो इसका मतलब है कि आपको थायराइड रोग नहीं है। लेकिन अगर T3 का स्तर इससे कम या ज्यादा है तो डॉक्टर से जरूर कंसल्ट करें।
T4 थायराइड ग्रंथि द्वारा सबसे ज्यादा बनाया जाने वाला हार्मोन है। जब T4 का स्तर घटता या बढ़ता है, तो इससे शरीर की ऊर्जा, वजन और मूड प्रभावित होता है। अगर आपकी रिपोर्ट में T4 का स्तर 0.8–1.8 ng/dL है, तो इसका मतलब है कि आपको थायराइड रोग नहीं है। लेकिन अगर T4 का स्तर इससे कम या ज्यादा है तो डॉक्टर से जरूर कंसल्ट करें।
टीएसएच पिट्यूटरी ग्रंथि द्वारा बनता है। यह थायराइड को T3 और T4 को बनाने का संकेत देता है। अगर TSH का स्तर कम होता है, तो यह हाइपोथायरायडिज्म की संभावना को बढ़ाता है। वहीं, TSH का ज्यादा स्तर हाइपरथायरायडिज्म की संभावना को बढ़ाता है। इसकी सामान्य रेंज 0.38–5.33 uIU/mL (माइक्रो इंटरनेशनल यूनिट प्रति लीटर) होता है।
Disclaimer : प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।