
विद्या शर्मा
विद्या शर्मा को डिजिटल मीडिया में लगभग 3 साल का अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता ... Read More
Written By: Vidya Sharma | Published : November 25, 2025 2:19 PM IST
Medically Verified By: Dr. Monika Sharma
Vitamin D Ki Purti Kaise Kare: सर्दियों में लोगों में बोन और बॉडी पेन से जुड़ी समस्या सबसे ज्यादा देखने को मिलती हैं, क्योंकि पॉल्यूशन इतना बढ़ा हुआ है कि धूप अच्छे खिल ही नहीं पा रही है। ऐसे में हल्की धूप में बैठने की कोई गलती कर भी दे तो खांसी, आंखों में जलन और सांस से जुड़ी समस्याएं पैदा हो सकती हैं। ऐसे में भला हम शरीर में विटामिन डी की पूर्ति कैसे करें? यही जानने के लिए हमने आकाश हेल्थकेयर की एंडोक्राइनोलॉजिस्ट डॉक्टर मोनिका शर्मा से बातचीत की।
उन्होंने बताया कि 'विटामिन D शरीर के हड्डियों, मांसपेशियों, इम्यूनिटी और हार्मोनल बैलेंस के लिए बेहद जरूरी है। इसकी कमी से थकान, कमर दर्द, मूड स्विंग, बाल झड़ना, हड्डियों में कमजोरी और बार-बार संक्रमण जैसी समस्याएं बढ़ जाती हैं। इसलिए जरूरी है कि सर्दियों में हमारी शरीर की यह जरूरत सही तरीके से पूरी हो।' इसलिए लिए डॉक्टर ने कुछ उपाय बताए, जिन्हें अपनाकर आप विटामिन डी की पूर्ति कर सकते हैं।
सर्दियों में धूप कमजोर हो जाती है और लोग कपड़ों से बहुत ढके रहते हैं। सुबह के समय कोहरा, देर से सूरज निकलना और लोगों का अधिकतर समय घर के अंदर बिताना भी इसका बड़ा कारण है। इसके अलावा स्क्रीन टाइम बढ़ने और लाइफस्टाइल में बदलाव से लोग कम बाहर निकलते हैं, जिससे शरीर में विटामिन D का प्राकृतिक स्तर गिरने लगता है।
डॉक्टर ने बताया कि विटामिन डी का सबसे अच्छा और प्राकृतिक स्रोत धूप है। इसलिए रोज सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे के बीच 10–20 मिनट धूप में बैठना फायदेमंद होता है। चेहरे, हाथों और पैरों तक सीधी धूप पहुंचनी चाहिए। गर्माहट से बचने के लिए धूप में सिर्फ हल्का समय बिताना ही काफी है, यह नहीं कि आप पूरे दिन धूप में तप रहे हैं।
डॉक्टर ने बताया कि 'कुछ खाद्य पदार्थ शरीर में विटामिन D बढ़ाने में मदद करते हैं जैसे- अंडे की जर्दी, फोर्टिफाइड दूध और दही, फोर्टिफाइड ऑरेंज जूस, फैटी फिश (सैल्मन, टूना), गाय का दूध, चीज, बटर
शाकाहारी लोगों के लिए फोर्टिफाइड फूड सबसे अच्छा विकल्प है।' ऐसा इसलिए क्योंकि सप्लीमेंट लेने से पहले हमें अपनी डाइट में सुधार करना चाहिए और फिर फर्क देखना चाहिए। अगर कोई सुधार न हो तो डॉक्टर के बताए अनुसार सप्लीमेंट लेने चाहिए।
सर्दियों में शरीर की सक्रियता कम हो जाती है, जिससे मेटाबॉलिज्म भी धीमा पड़ सकता है। ऐसे में हल्की वॉक, योगा, सूर्य नमस्कार और स्ट्रेचिंग से विटामिन D का उपयोग शरीर में बेहतर तरीके से होता है। इसके साथ ही एक्सरसाइज कैल्शियम के अवशोषण को भी बढ़ाती है।
डॉक्टर ने बताया कि कई बार सिर्फ धूप और आहार से पर्याप्त विटामिन D नहीं मिल पाता, खासकर महिलाओं, बुजुर्गों और ऑफिस में अधिक समय बिताने वालों को। ऐसे में आप डॉक्टर की सलाह से विटामिन डी 3 सैशे, चबाने वाली टैबलेट या मंथली डोज (60,000 IU) ले सकते हैं। लेकिन सप्लीमेंट खुद से न लें। ओवरडोज नुकसानदायक हो सकती है।
अगर शरीर में कैल्शियम और मैग्नीशियम की कमी है तो विटामिन D भी सही से अवशोषित नहीं होता। इसलिए अपने आहार में बादाम, मूंगफली, हरी पत्तेदार सब्जियां, दही, बाजरा जैसी चीजों को शामिल करें जो फायदेमंद होती हैं।
डॉ. मोनिका शर्मा कहती हैं कि 'सर्दियों में धूप की कमी के कारण विटामिन डी का स्तर कम होना बेहद सामान्य है। लेकिन अच्छी बात यह है कि इसे सहज रूप से पूरा किया जा सकता है। सुबह की हल्की धूप, संतुलित आहार और जरूरत पड़ने पर सप्लीमेंट्स विटामिन डी की कमी को काफी हद तक नियंत्रित कर सकते हैं। अगर किसी को लगातार थकान, मांसपेशियों में दर्द या हड्डियों में कमजोरी महसूस हो रही हो, तो उन्हें अपना विटामिन डी लेवल जरूर जांच कराना चाहिए।'
Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।