कोरोना से भी तेज क्यों फैल सकता है HMPV वायरस? शुरुआती लक्षण समझकर लग जाएगा अंदाजा

चीन में शुरू हुआ एचएमपीवी वायरस (HMPV Virus in Hindi) का कहर अब भारत में भी पहुंच गया है। सर्दी-जुकाम और खांसी इसके आम लक्षण हैं। यह वायरस तेजी से फैल रहा है और दुनियाभर में चिंता का विषय बना है। जानें, इसके कारण और बचाव के उपाय-

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Written By: Anju Rawat | Updated : January 7, 2025 12:19 PM IST

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Medically Verified By: Dr. Diksha Goyal

HMPV Virus: चीन में शुरू हुआ एचएमपीवी वायरस अब भारत तक पहुंच गया है। इस वायरस ने दुनियाभर में हड़कंप मचा रखा है। भारत में बच्चों में एचएमपीवी वायरस के 7 मामलों की पुष्टि की गई है। ये मामले बेंगलुरु, नागपुर, तमिलनाडु और अहमदाबाद से सामने आए हैं। भारत में एचएमपीवी वायरस के दस्तक देने के बाद, लोगों में डर का माहौल बन गया है। हालांकि, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी.नड्डा ने लोगों को आश्वासन दिया है कि स्थिति नियंत्रण में है और घबराने की कोई बात नहीं है। उन्होंने कहा कि एचएमपीवी कोई नया वायरस नहीं है। इसे पहली बार 2001 में पहचाना गया था। लेकिन, बढ़ते मामलों को ध्यान में रखते हुए एचएमपीवी वायरस को लेकर अलर्ट रहना बेहद जरूरी है। चएमपीवी वायरस क्या है? एचएमपीवी वायरस के लक्षण क्या हैं? आइए, मैरिंगो एशिया हॉस्पिटल, गुरुग्राम की सीनियर कंसल्टेंट और इंटरनल मेडिसिन डॉ. दीक्षा गोयल से जानते हैं इसके बारे में-

कोरोना से तेज क्यों फैल सकता है HMPV वायरस?

एचएमपीवी वायरस मुख्य रूप से संक्रमित व्यक्ति के खांसने या छींकने के दौरान निकलने वाले तरल पदार्थ के संपर्क में आने से फैलता है। वैसे तो इसके फैलने की दर कम होती है। लेकिन, सर्दियों में यह काफी तेजी से फैलता है। ऐसे में सर्दियों के मौसम में एचएमपीवी वायरस, कोरोना वायरस की तुलना में ज्यादा तेजी से फैल सकता है। खासकर, बच्चों, बुजुर्गों और कमजोरी रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले लोगों में एचएमपीवी वायरस फैलने की संभावना अधिक होती है।

एचएमपीवी वायरस के लक्षण- HMPV Virus Symptoms in Hindi

यूएस सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) के अनुसार एचएमपीवी वायरस होने पर आम फ्लू की तरह लक्षण नजर आते हैं। हालांकि, समय पर इलाज न करवाने से एचएमपीवी वायरस निमोनिया में भी बदल सकता है। यह वायरस ऊपरी और निचले श्वसन संक्रमण का कारण बन सकता है। आपको बता दें कि वायरस के संपर्क में आने के 3 से 6 दिन बाद लक्षणों का अनुभव हो सकता है। खांसी, बुखार, नाक बंद होना और सांस लेने में तकलीफ एचएमपीवी वायरस के आम लक्षण (HMPV ke Lakshan) हैं।

एचएमपीवी वायरस के कारण- HMPV Virus Causes in Hindi

  • एचएमपीवी वायरस उसी समूह का हिस्सा है, जो आरएसवी, खसरा और मम्प्स का कारण बनता है। यह एक छोटा सा रोगाणु है, जो संपर्क में आने के बाद व्यक्ति को बीमार बना सकता है।
  • आपको बता दें कि बच्चों और बुजुर्गों में इस वायरस का जोखिम सबसे अधिक है। खासकर, 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चे और 65 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों में एचएमपीवी वायरस फैलने की संभावना ज्यादा है।
  • इसके अलावा, जिन लोगों की प्रतिरक्षा प्रणाली कमजोर है, उन लोगों को भी यह वायरस अपनी चपेट में आसानी से ले लेता है।
  • एचआईवी, कैंसर और ऑटोइम्यून डिसऑर्डरवाले लोगों में एचएमपीवी वायरस होने का जोखिम अधिक है।
  • अस्थमा और सीओपीडी से पीड़ित लोगों एचएमपीवी वायरस आसानी से अपनी चपेट में ले सकता है।
  • दूषित सतहों या वस्तुओं क छूने से भी एचएमपीवी वायरस फैल सकता है।

एचएमपीवी वायरस के बचाव के उपाय- HMPV Virus Prevention Tips in Hindi

  • एचमएपीवी वायरस एक संक्रामक बीमारी है। यह संक्रमित व्यक्ति के छींक या आंखों से निकलने वाले तरल पदार्थ के संपर्क में आने से फैल सकता है। लेकिन, कुछ टिप्स को फॉलो करके इस वायरस से खुद का बचाव किया जा सकता है।
  • एचएमपीवी वायरस से बचने के लिए हाथों को बार-बार साबुन से जरूर धोएं। इससे बचाव के लिए पानी से कम से कम 20 सेकेंड तक हाथ धोने चाहिए।
  • बिना साफ किए हाथों को अपनी आंखों, मुंह या नाक पर लगाने से बचें।
  • संक्रमित लोगों के संपर्क में आने से बचें। जिन लोगों को सर्दी-जुकाम, खांसी जैसी समस्याएं हैं, उनसे दूरी बनाकर रखें।
  • खांसते और छींकते समय अपने मुंह और नाक को जरूर ढकें। इससे संक्रमण फैलने से बचाव होगा।
  • संक्रमित व्यक्ति के निजी वस्तुओं का इस्तेमाल करने से बचें।

Disclaimer : प्र‍िय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्‍य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसल‍िए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए ज‍िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

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