सुबह उठते ही एड़ी में दर्द किस बीमारी का संकेत है?

क्या आपके साथ ऐसा हुआ है कि सुबह उठकर जब अपने पैर जमीन में रखें हैं, तो अचानक ही एड़ी में तेज दर्द महसूस हुआ हो? अगर हां तो आइए आपको बताते हैं कि चुभन जैसा यह दर्द क्यों होता है?

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Written By: Vidya Sharma | Published : August 5, 2026 10:48 AM IST

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Medically Verified By: Dr. Sonal Goyal

“मैं अपने पेन क्लिनिक में रेगुलर सुनती हूं, 'जब मैं उठती हूं, बिस्तर से अपने पैर बाहर निकालती हूं, और अपना दिन शुरू करने की तरफ पहला कदम बढ़ाती हूं, तो मुझे तुरंत अपनी एड़ी के निचले हिस्से में तेज, चुभने वाला दर्द महसूस होता है।” यह एक्सपीरियंस कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी हॉस्पिटल मुंबई, की पेन एंड पैलिएटिव केयर कंसल्टेंट डॉक्टर सोनल गोयल द्वारा अपनी एक मरीज का अनुभव साझा किया गया है।

वह कहती हैं कि शुरुआती कुछ कदम तक व्यक्ति लंगड़ा सकता है या अपने पैर के बाहरी किनारे पर चल सकता है। हैरानी की बात है कि कुछ मिनट चलने के बाद, यह तकलीफ़ कम होकर एक हल्के दर्द में बदलने लगती है। वहीं दोपहर तक हो सकता है कि आपका इस पर ध्यान ही न जाए। आइए डॉक्टर से इस दर्द के पीछे का कारण जानते हैं।

प्लांटर फेशिआइटिस क्या है?

पैर के तलवे में एड़ी से लेकर पैर की उंगलियों तक एक मजबूत और लचीला टिशू बैंड होता है, जिसे प्लांटर फेशिआ (Plantar Fascia) कहा जाता है। डॉक्टर कहती हैं कि यह चलते, दौड़ते या खड़े रहते समय शरीर का वजन संभालने और पैर के आर्च को सहारा देने का काम करता है। लेकिन जब इस टिशू पर लंबे समय तक लगातार अधिक दबाव पड़ता है, तो इसमें छोटे-छोटे माइक्रो-टियर्स हो सकते हैं।

इसकी वजह से प्लांटर फेशिया में जलन, दर्द और कभी-कभी सूजन की स्थिति पैदा हो जाती है। इसी समस्या को प्लांटर फेशिआइटिस कहा जाता है। इस स्थिति में आमतौर पर एड़ी के पास तेज दर्द महसूस होता है, जो सुबह बिस्तर से उठते समय या लंबे समय तक बैठे रहने के बाद सबसे ज्यादा होता है।

रेस्ट करने के बाद भी क्यों होता है दर्द?

डॉक्टर कहती हैं कि मरीज अक्सर मुझसे पूछते हैं कि पूरी रात आराम करने के ठीक बाद दर्द इतना ज्यादा क्यों हो जाता है? तो बता दें कि ऐसा तब होता है जब आप सोते हैं, और आपके पैर अपने आप आराम की पोजिशन में आ जाते हैं। आराम की हालत में, डैमेज प्लांटर फेशिया छोटा हो जाता है और रात भर में खुद को ठीक करना शुरू कर देता है। लेकिन जब आप सुबह उठते हैं, तो आपके पूरे शरीर का वजन अचानक प्लांटर फेशिआ पर पड़ता है और पैर को चपटा कर देता है, जिससे अचानक छोटा और सूजा हुआ फेशिया खिंच जाता है।

जैसे ही आप पहला कदम रखते हैं ठीक हो रहे नाजुक फाइबर फिर से फट जाते हैं या उन पर बहुत ज्यादा दबाव पड़ता है, जिससे तेज दर्द होता है। जैसे-जैसे आप धीरे-धीरे आगे बढ़ते हैं, फेशिया धीरे-धीरे गर्म होता है और लचीला होने लगता है, जिससे दर्द कुछ समय के लिए हल्का हो जाता है।

किन लोगों को अधिक खतरा है?

हालांकि यह कंडीशन किसी को भी हो सकती है, लेकिन कुछ आदतें आपके पैरों को इसके प्रति ज्यादा कमजोर बना देती हैं। शुरुआत के लिए, अचानक अचानक ज्यादा एक्सरसाइज शुरू करना- जैसे दौड़ना शुरू करना या अपने रोज के कदम अचानक बढ़ाना आदि अक्सर इसे शुरू कर देता है। पैरों की बनावट एक बड़ी भूमिका निभाती है, जैसे फ्लैट पैर, ऊंचे आर्च, या पिंडली की लगातार रहने वाली जकड़न, ये सभी एड़ी पर ज्यादा खिंचाव डालते हैं।

रोजाना की छोटी आदतें डालती हैं असर

डॉक्टर कहती हैं कि रोज की छोटी-छोटी आदतें जैसे बार-बार सख्त फर्श पर नंगे पैर चलना या फ्लिप-फ्लॉप, सख्त सोल वाले फ्लैट जूते और पुराने स्नीकर्स जैसे कम सपोर्ट वाले जूते पहनना, आपके आर्च के बचाव को कमजोर कर देता है। कुछ पेशों में लंबे समय तक खड़े रहने के कारण भी प्लांटर फेशिआइटिस का खतरा बढ़ सकता है। अगर आप आठ घंटे से ज्यादा सख्त जमीन पर खड़े रहते हैं, फिर चाहे आप नर्स हों, टीचर हों, या रिटेल कर्मचारी हों तो रोजाना की उस लगातार पड़ने वाला दबाव का असर आपकी एड़ियों पर पड़ता है।

इसका इलाज कैसे करते हैं?

डॉक्टर कहती हैं कि अच्छी खबर यह है कि अधिकांश मामलों (करीब 90%) में प्लांटर फेशिआइटिस बिना सर्जरी के आराम, स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज, उचित फुटवियर, फिजियोथेरेपी और अन्य कंजर्वेटिव उपचारों से ठीक हो जाता है। हालांकि, इस लक्षण को नजरअंदाज करने से अक्सर पुरानी सूजन हो जाती है, जिससे आपके चलने का तरीका बदल जाता है और समय के साथ आपके घुटनों, कूल्हों या पीठ के निचले हिस्से में दर्द होने लगता है।

"एक पेन स्पेशलिस्ट के तौर पर, मैं अक्सर अपने मरीजों को सलाह देता हूं कि वे बिस्तर से उठने से पहले अपने पैरों को स्ट्रेच करें, नंगे पैर चलने के बजाय तुरंत सपोर्टिव जूते पहनें, रोजाना सुबह के रूटीन में काफ स्ट्रेच शामिल करें, और वजन को फिर से बांटने के लिए आर्च सपोर्ट का इस्तेमाल करें ताकि एड़ी सारा जोर न सोख ले।"

पेन स्पेशलिस्ट से कब सलाह लें?

डॉक्टर सोनल के अनुसार "अगर आराम और स्ट्रेच रूटीन के बावजूद आपकी एड़ी का दर्द कुछ हफ्तों से ज्यादा समय तक बना रहता है, तो यह प्रोफेशनल देखभाल लेने का समय है। मॉडर्न पेन मेडिसिन टारगेटेड इलाज देती है, जिसमें एडवांस्ड फिजिकल थेरेपी, कस्टम ऑर्थोटिक्स, रीजेनरेटिव मेडिसिन के विकल्प और इमेज-गाइडेड थेरेपी शामिल हैं, जो लंबे समय तक आराम किए बिना सूजन की असली वजह को ठीक करती हैं।"

डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें दी गई जानकारी विशेषज्ञ की सलाह पर आधारित है, लेकिन यह किसी चिकित्सीय परामर्श या उपचार का विकल्प नहीं है। अगर आपकी एड़ी का दर्द बहुत अधिक बढ़ गया है तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं और सही इलाज करवाएं।