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Written By: Agencies | Updated : January 4, 2017 7:37 PM IST
आजकल के तनाव भरे जीवन का सौगात है ब्लड-प्रेशर। वैसे तो ब्लड-प्रेशरके बढ़ने के कई कारण है लेकिन हाल के अध्ययन से यह पता चला है कि सिर्फ नमक खाने से रक्तचाप नहीं बढ़ता है। बल्कि अगर शरीर में पोटाशियम की मात्रा कम हो जाय तो भी ब्लड-प्रेशर के बढ़ने का खतरा बढ़ सकता है। शोधकर्ताओं ने पाया है कि आहार में अधिक पोटाशियम ग्रहण करने वाली किशोरियों में बाद में रक्त चाप कम पाया गया। पढ़े- आयुर्वेदिक तरीके से उच्च रक्तचाप का उपचार कैसे करें
बॉस्टन यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मेडिसिन के लीन मूरे ने कहा, 'इसके विपरीत, रक्तचाप पर अकेले सोडियम का कोई प्रभाव नहीं दिखाई पड़ा, जिसके कारण वैश्विक स्तर बच्चों तथा किशोरों के आहार में सोडियम की मात्रा कम करने की जरूरत पर बल देने की जरूरत नहीं।' निष्कर्ष के मुताबिक, जो किशोरियां प्रतिदिन तीन हजार मिलीग्राम नमक का सेवन करती हैं, उनके रक्त चाप पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता, जबकि जो किशोरियां प्रतिदिन 2,400 मिलीग्राम या उससे अधिक पोटाशियम का सेवन करती हैं, तो बाद में उनका रक्त चाप कम होता है।पढ़े- प्रोसेस्ड फूड में चीनी की उपस्थिति उच्च रक्तचाप के खतरे को बढ़ाती है
उल्लेखनीय है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) लोगों को दो हजार मिलीग्राम से अधिक सोडियम का सेवन नहीं करने की सलाह देता है। शोधकर्ताओं ने किशोरावस्था के अंत में आहार में सोडियम व पोटाशियम का रक्तचाप पर दीर्घावधि तक प्रभाव का अध्ययन किया। जिन लड़कियों ने प्रतिदिन 2,400 मिलीग्राम या उससे अधिक पोटाशियम का सेवन किया था, उनका रक्तचाप कम पाया गया। पढ़े-कम नींद वज़न बढ़ाने के साथ-साथ ब्लड-प्रेशर भी बढ़ाता है
यह अध्ययन ऑनलाइन पत्रिका 'जेएएमए पीडियाट्रिक्स' में प्रकाशित हुआ है।
स्रोत: IANS Hindi
चित्र स्रोत: Getty image
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