Advertisement

Sleep Boosts Immunity : क्या कोरोनावायरस के खिलाफ लड़ाई में नींद बढ़ाती है शरीर की इम्यूनिटी, जानें क्या कहते हैं एक्सपर्ट

क्या आप जानते हैं कि नींद वायरस के खिलाफ लड़ाई में शरीर की इम्यूनिटी (sleep boosts immunity in hindi) भी बढ़ाती है? यदि आप नहीं जानते हैं, तो जानें एक्सपर्ट इस बारे में क्या कहते हैं। नींद किस तरह शरीर की इम्यूनिटी को मजबूत बनाती है और बेहतर नींद पाने के लिए क्या करना चाहिए...

Written By Anshumala
Updated : March 28, 2020 8:59 PM IST

According to the US Centers for Disease and Control, lack of sleep can affect the hormones related to fertility.

Sleep Boosts Immunity : नींद हमारी जीवन के लिए कितनी जरूरी है, आज भी अधिकतर लोगों को पता नहीं। नींद की अहमियत सेहत के लिए कितनी है, इसे समझना बेहद जरूरी है। नींद शरीर की गहराई से सफाई करती है और एंटीबॉडीज विकसित करती है। हर रात जब हम गहरी नींद में सोते हैं, हमारा दिमाग और शरीर धीरे-धीरे अपना काम बंद कर देता है। जब इंसान गहरी नींद में होता है, तो दिमाग और शरीर की गहराई से सफाई होती है। इससे हानिकारक विषाक्त पदार्थ हमारे शरीर से दूर हो जाते हैं और एंटीबॉडीज विकसित होती है। क्या आप जानते हैं कि नींद वायरस के खिलाफ लड़ाई में शरीर की इम्यूनिटी (sleep boosts immunity in hindi) भी बढ़ाती है? यदि आप नहीं जानते हैं, तो इस पर विस्तार से बता रहे हैं स्लीप इवैंजेलिस्ट और ड्यूरोफ्लेक्स मैट्रेसेस के प्रबंध निदेशक मैथ्यू चैंडी...

नींद मांसपेशियों को देती है ऊर्जा

नींद से हमारी थकी हुई मांसपेशियों को नई ऊर्जा मिलती है। शरीर के लिए आवश्यक हार्मोन्स नियमित होते हैं। जब हम सोते हैं, तो हमारे अद्भुत तरीके से बने हर अंग का स्वस्थ ढंग से कार्य करना सुनिश्चित होता है। नीद थके हुए शरीर के हर अंग को फिर से चुस्त-दुरुस्त करने का काम बखूबी करती है।

Advertisement

Shilpa shetty Lockdown Diaries: लॉकडाउन में शिल्पा कर रही हैं मेडिटेशन, लगा रही हैं झाड़ू, देखें वीडियो

तनाव करे कम

आधुनिक जीवनशैली के तनाव में नींद एक ऐसी परंपरा है, जिससे काफी हद तक समझौता किया गया है। नींद ही व्यक्ति के बेहतर स्वास्थ्य और उनके अच्छे रहन-सहन का आधार है। यह अच्छे पोषण और व्यायाम का पूरक है। असल में नींद से नियमित रूप से व्यायाम करने की हमारी क्षमता को बढ़ावा मिलता है। इससे संतुलित पोषक आहार को ठीक ढंग से ग्रहण करने में शरीर को मदद मिलती है। इससे हमारा शरीर चुस्त-दुरुस्त रहता है और उसकी काम करने की क्षमता में बढ़ोतरी होती है।

Advertisement

7 घंटे सोने से सर्दी-जुकाम, राइनोवायरस का खतरा होता है कम

सैनफ्रांसिस्को स्थित कैलिफोर्निया यूनिवर्सिटी में सामान्य सर्दी-जुकाम (Cold and cough) और राइनो वायरस (Rhinovirus) के संबंध में डॉ. एरिक पैंथर ने एक नियंत्रित मेडिकल अध्ययन किया। स्टडी में उन्होंने पाया कि इसमें शामिल होने वाले उन भागीदारों की वायरस से संक्रमित होने की दर नाटकीय रूप से काफी कम हो गई, जिन्होंने इस प्रयोग के तहत 7 घंटे या उससे ज्यादा की नींद ली। 5 घंटे या उससे कम सोने वाले लोगों में वायरस से संक्रमित होने की आशंका 50 प्रतिशत हो गई। अध्ययन के अनुसार 7 घंटे या उससे ज्यादा नींद लेने वाले लोगों में वायरस से संक्रमण का खतरा 18 फीसदी तक कम हो गया।

क्या नींद पूरी लेने से कोरोनावायरस का खतरा होता है कम?

हम इस बात को पूरी गारंटी से नहीं कह सकते कि अच्छी नींद लेने से कोरोनावायरस (coronavirus) के संपर्क में आने का खतरा कम हो जाएगा और इससे आपकी रक्षा होगी, लेकिन हम यह पूरे विश्वास के साथ कह सकते हैं कि गहरी नींद लेने से शरीर की वायरस से लड़ने की हमारी शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (sleep boosts immunity) में बढ़ोतरी होगी। इसके अलावा कोरोना वायरस से बचाव (Prevention from coronaviurs) के लिए हमें सुरक्षा के अन्य उपाय अपनाना भी समान रूप से जरूरी है।

Coronavirus and Infertility : क्या कोरोनावायरस से ठीक हुए मरीज हो सकते हैं नपुंसक, जानें क्या है सच्चाई

गहरी नींद में सोने के उपाय (Tips for sound sleep)

1 रात में सोने से कुछ देर पहले हल्का भोजन लें : रात में सोने से काफी पहले हल्का भोजन करें। रात में ज्यादा खाने, खासकर तेल, चिकनाई और मसाले युक्त खानपान से नींद में बार-बार खलल पड़ सकता है।

2 शराब का कम से कम सेवन करें : शराब पीने से अच्छी नींद लेने में मदद नहीं मिलती। शराब पीने के बाद सोने से बेचैनी बढ़ सकती है।

3 कॉफी दिन में जल्दी पीएं : जिन लोगों को कॉफी पीना पसंद है, वो दोपहर 3 बजे बाद कॉफी पीने से बचें। यह एक स्टिमुलेंट है और आपको सोने से रोक सकता है अथवा इसके कारण आप सोने के बाद भी उठ सकते हैं। स्टिमुलेंट के असर को आपके शरीर से उतरने में काफी लंबा समय लगता है।

4 सोते समय पास में ना रखें गैजेट्स : अधिकतर लोग सोते समय मोबाइल, टैब को पास में रखकर सोते हैं। गैजेट्स के स्‍क्रीन की नीली रोशनी शरीर के स्लीप हार्मोन (मेलाटोटिन) में गड़बड़ी पैदा कर देती है। लगातार नकारात्मक खबरें देखते रहने से नींद आने में काफी मुश्किल होती है।

5  सोने का हो स्वस्थ माहौल : आप जहां सोते हैं, उस कमरे को ठंडा रखें। इसके साथ ही साफ-सुथरा और सुव्‍यवस्थित ढंग से रखे हुए सामान वाले कमरे गहरी नींद में सोने में मदद करते हैं। बिस्तर पर स्लीप ट्रैकर के अलावा किताबें रखें। अपने गद्दे के सपोर्ट और उसकी मजबूती पर खास ध्‍यान दें।

6 अच्छे हों मैट्रेस : अच्छे और वैज्ञानिक लिहाज से डिजाइन किए गए मैट्रेस से आपको गहरी नींद में सोने में मदद मिलती है। गद्दों को चुनने से पहले अच्छी तरह सोच-विचार करना चाहिए, जिससे आपको सोते समय पूरी रात गद्दों से व्यक्तिगत रूप से मनचाहा आराम और भरपूर सपोर्ट मिले। कोशिश करें कि हर रात एक ही समय पर सोएं और जागें। लगातार एक ही रूटीन से सोने और जागने से शरीर को अपनी कुदरती जैविक प्रक्रिया से तालमेल बनाने में मदद मिलती है।

Covid-19 Spread : क्या आंखों से भी फैल सकता है कोरोनावायरस का संक्रमण, जानें क्या कहते हैं एक्सपर्ट

About the Author

... Read More