
आशु कुमार दास
आशु कुमार दास एक अनुभवी हेल्थ कंटेंट स्पेशलिस्ट हैं। इन्हें हेल्थ कंटेंट राइटर के तौर पर काम करते हुए 6 ... Read More
भारतीय रसोई में टमाटर का इस्तेमाल लगभग हर दिन होता है। सब्जी, सलाद, सूप, चटनी या की तरह की ग्रेवी लगभग हर दूसरी चीज में टमाटर का यूज किया जाता है। टमाटर के बिना भारतीय खाने का स्वाद अधूरा लगता है। टमाटर बेशक से खाने का स्वाद बढ़ाता है, लेकिन हमारे देश में जब किसी व्यक्ति को किडनी स्टोन की समस्या होती है तो उन्हें टमाटर न खाने की सलाह दी जाती है। कई लोग मानते हैं कि टमाटर के बीज अगर खाई जाए तो किडनी में पथरी बन जाती है। पिछले दिनों मेरे एक क्लीग ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पर देखा और उसे किडनी पथरी हो जाएगी, यह सोचकर टमाटर खाना बिल्कुल छोड़ दिया। मेरे क्लीग की तरह ही कई लोग ऐसा ही करते हैं। अगर आप भी उनमें शामिल है तो हम आपको बताने जा रहे हैं क्या वाकई टमाटर खाने से किडनी स्टोन हो सकता है? इस बारे में रिसर्च क्या कहती है और डॉक्टर की क्या राय है।
नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन की वेबसाइट पर मौजूद रिसर्च बताती है कि किडनी स्टोन तब बनता है जब मूत्र (यूरिन) में मौजूद कुछ मिनरल्स और लवण, जैसे कैल्शियम, ऑक्सालेट और यूरिक एसिड ज्यादा मात्रा में जमा होकर क्रिस्टल का रूप ले लेते हैं। समय के साथ ये छोटे-छोटे क्रिस्टल आपस में जुड़कर पथरी बन जाते हैं। नई दिल्ली के वसंत कुंज स्थित फोर्टिस अस्पताल के नेफ्रोलॉजिस्ट और किडनी ट्रांसप्लांट विभाग के चेयरमेन डॉ. संजीव गुलाटी बताते हैं किडनी स्टोन कई प्रकार के होते हैं। भारत में किडनी स्टोन के जो मामले दर्ज किए जाते हैं, उनमें सबसे ज्यादा कैल्शियम ऑक्सालेट स्टोन होता है। यह स्टोन मुख्य रूप से ऑक्सालेट वाले फूड्स को खाने की वजह से होता है। यही कारण है कि ऑक्सालेट वाले फूड्स खाने को लेकर कई तरह की गलतफहमियां हो जाती हैं।
किडनी स्टोन में काफी दर्दनाक होती है। (File image)
इस सवाल का जवाब देते हुए डॉ. संजीव कहते हैं कि हां, टमाटर में ऑक्सालेट पाया जाता है, लेकिन इसकी मात्रा बहुत अधिक नहीं होती। पालक, चुकंदर के पत्ते, बादाम, चॉकलेट में भी ऑक्सालेट की मात्रा होती है।
डॉक्टर बताते हैं कि भारत में कई लोग इस बात को मानते हैं कि टमाटर के बीज खाने से किडनी स्टोन हो सकता है। लेकिन यह कहना बिल्कुल गलत होगा कि सिर्फ टमाटर खाने से ही किडनी स्टोन की परेशानी हो सकती है। डॉ. संजीव कहते हैं- "जब हम टमाटर खाते हैं, तो उसके बीज पाचन तंत्र से होकर गुजरते है और जब आप मल त्याग करते हैं तो यह शरीर से आसानी से बाहर निकल जाता है। इसलिए टमाटर खाने से इसके बीज पथरी बना देते हैं। किडनी स्टोन बनने की प्रक्रिया शरीर के अंदर केमिकल असंतुलन से जुड़ी होती है और सिर्फ टमाटर खाने से यह नहीं होता है।"
डॉ. संजीव का कहना है कि किसी भी व्यक्ति को किडनी में पथरी बनने के पीछे कई कारण जिम्मेदार होते हैं। इसमें मुख्य रूप से शामिल हैः
नेफ्रोलॉजिस्ट का मानना है कि अगर किसी व्यक्ति को विशेष रूप से ऑक्सालेट से जुड़ी बार-बार पथरी बनने की समस्या है, तो उसे अपनी पूरी डाइट का जायजा लेना चाहिए। किडनी स्टोन के लिए सिर्फ टमाटर को जिम्मेदार मानना बिल्कुल गलत है।
टमाटर में ऑक्सालेट पाया जाता है
हां, किडनी स्टोन वाले मरीज भी टमाटर का सेवन कर सकते हैं। लेकिन सिर्फ डॉक्टर की सलाह पर ही। डॉक्टर ने किडनी स्टोन वाले मरीज को ऑक्सालेट वाले फूड आइटम खाने से मना नहीं किया है, तो टमाटर खाना बिल्कुल सुरक्षित है। इसके विपरीत जिन किडनी स्टोन के मरीजों को डॉक्टर ने ऑक्सालेट युक्त फूड्स खाने के लिए मना किया है, उन्हें टमाटर का सेवन बिल्कुल भी नहीं करना चाहिए।
अगर आप किडनी स्टोन के खतरे को कम करना चाहते हैं, तो केवल टमाटर खाने से बचना इसका सॉल्यूशन नहीं है। डॉ. संजीव बताते हैं कि किडनी स्टोन से बचाव के लिए रोजमर्रा की आदतों में छोटे- छोटे बदलाव करने की जरूरत होती है।
रिसर्च और डॉक्टर के साथ बातचीत के आधार पर हम यह कह सकते हैं कि टमाटर खाने से किडनी स्टोन हो जाता है बिल्कुल गलत है। टमाटर में ऑक्सालेट जरूर होता है, लेकिन इसकी मात्रा काफी कम होती है और सामान्य मात्रा में इसका सेवन ज्यादातर लोगों के लिए सुरक्षित माना जाता है। इसलिए किडनी स्टोन की समस्या में किसी भी फूड आइटम को खाना छोड़ने से पहले डॉक्टर की सलाह लें।
Disclaimer: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए लिखा गया है। अगर आपको किडनी स्टोन की समस्या है तो टमाटर या कोई भी ऑक्सालेट वाले फूड आइटम को खाने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें।