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Constipation होने पर खाएं इस तरह का खाना

irregular bowel movement से हों परेशान तो फॉलो करें यह एक्सपर्ट मील प्लान।

अगर आज सुबह आपका पेट अच्छी तरह साफ हुआ तो आप खुश होंगे लेकिन अगर नहीं, तो आपसे ज़्यादा दुखी व्यक्ति शायद ही इस धरती पर कोई और होगा! है ना? कब्ज़ या कॉन्स्टिपेशन ऐसी ही समस्या है जिससे अक्सर बहुत से लोगों को दो-चार होना पड़ता है। न्यूट्रिशनिस्ट प्रेमा कोडिकल ने बनाया एक स्पेशल मील प्लान उन लोगों के लिए जिन्हें होती है कॉन्स्टिपेशन से परेशानी। बाउल के सही तरीके से काम करने के लिए बहुत ज़रूरी है कि आप अपनी डायट में फाइबर से भरपूर चीज़ें शामिल करें। क्योंकि फाइबर वाली चीजें बाउल का काम सरल बनाने के साथ कॉन्स्टिपेशन से राहत दिलाती हैं। आपको अपने भोजन में जौ, ओटमील, साबुत अनाज और होल ग्रेन सेरेल्स के साथ पालक, मेथी जैसी हरी सब्ज़ियां और बीन्स खानी चाहिए। इसी तरह संतरा जैसे खट्टे फलों से भी आपको ढेर सारा फाइबर प्राप्त होगा। Chronic Constipation से राहत पाने के 5 ईजी तरीके

आपकी डायट में फाइबर वाली चीजें शामिल करने के लिए आप इस डायट प्लान की मदद ले सकते हैं।

• सुबह का पहला आहार- रात में कुछ किशमिश पानी में भिगोएं और सुबह उठकर उन्हें खाएं। इसी तरह आप सूखे हुए आलूबुखारे, बेर या प्रून (prunes) भी खा सकते हैं।

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• सुबह का नाश्ता- ब्रेकफास्ट में आप मेथी के पराठे और एक गिलास स्किम्ड मिल्क पीएं।

• लंच से पहले स्नैक्स- ब्रेकफास्ट और लंच के बीच भूख लगने पर एक केला या एक छोटी कटोरी भरकर पपीता या खरबूज (muskmelon) खाएं।

• दोपहर का खाना- एक कटोरी सलाद, एक छोटी कटोरी ब्राउन राइस, एक छोटी कटोरी दाल या कोई सब्ज़ी, एक टुकड़ा स्टीम्ड फिश (खाना चाहें तो) और एक गिलास छांस या बटरमिल्क अपने लंच में शामिल करें।

• शाम का नाश्ता- एक संतरा या एक छोटी कटोरी अंगूर या स्ट्राबेरीज।

• डिनर- एक कटोरी सलाद, 1 या 2 फुलके या रोटियां, एक छोटी कटोरी दाल, एक छोटी कटोरी मेथी की सब्ज़ी, एक टुकड़ा स्टीम्ड फिश (खाना चाहें तो) और एक गिलास छास या बटरमिल्क।

• इसके साथ ही हर दिन कम से कम 8 गिलास पानी पीएं। एक गिलास नींबू पानी और नारियल पानी पीना भी न भूलें।

• कमाल की टिप- खूब सारा पानी पीएं। आप जितना अधिक पानी पीएंगे आपके पेट का खाना आंतों से उतना ही सुचारू रूप से गुज़रता है और इस तरह कब्ज से बचाव होता है। पर्याप्त पानी नहीं पीने से आपकी आंतों की दीवारें स्टूल का गीलापन कम करती हैं और स्टूल कठोर होता है। कठोर स्टूल ही कॉन्स्टिपेशन का मुख्य कारण हैं। इसीलिए जितना हो सके उतना पानी पीएं।

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अनुवादक -Sadhna Tiwari

चित्र स्रोत- Shutterstock

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