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Written By: Editorial Team | Updated : January 5, 2017 8:43 AM IST
एचआईवी (ह्यूमन इम्यूनो डिफिशिएंसी वायरस) एक ऐसा वायरस है, जिसकी वजह से एड्स होता है। यह वायरस एक इंसान से दूसरे इंसान में फैलता है। जिस इंसान में इस वायरस की मौजूदगी होती है, उसे एचआईवी पॉजिटिव कहते हैं। आमतौर पर लोग एचआईवी पॉजिटिव होने का मतलब ही एड्स समझने लगते हैं, लेकिन ऐसा नहीं है। एचआईवी के शरीर में दाखिल होने के बाद शरीर की प्रतिरोधक क्षमता धीरे-धीरे कम होने लगती है और शरीर पर तरह तरह की बीमारियां और इन्फेक्शन पैदा करने वाले वायरस अटैक करने लगते हैं। क्या आपको पता है HIV/Aids का इलाज कैसे हो सकता है? एचआईवी पॉजिटिव होने के करीब 8 से 10 साल बाद इन तमाम बीमारियों के लक्षण दिखने शुरू हो जाते हैं। इस स्थिति को ही एड्स कहा जाता है।
मुंबई स्थित फोर्टिस हॉस्पिटल एंड फोर्टिस एसएल रहेजा में फिजिशियन एंड इन्फेक्शस डिजीज कंसल्टेंट डॉक्टर अनीता मैथ्यू डेविस के अनुसार, एचआईवी वायरस ब्लड और ब्लड प्रोडक्ट्स दोनों में से किसी से भी फैल सकता है। इसका मतलब यह हुआ कि अगर किसी एचआईवी संक्रमित व्यक्ति को इंजेक्शन लगाने के बाद किसी दूसरे व्यक्ति को भी वही इंजेक्शन लगाया जाता है, तो वो भी संक्रमित हो सकता है। इसके अलावा अगर किसी व्यक्ति को कोई ताजा कट या चोट लगी है और वो किसी तरह एचआईवी पॉजिटिव व्यक्ति के खून में संपर्क में आ जाता है, तो उसे भी इसका खतरा हो सकता है।
इस बात को समझना बहुत जरूरी है कि अगर आपकी स्किन पर किसी तरह के कटे या चोट का निशान नहीं है या फिर कटी या चोट वाली जगह पर खून सूखकर जम गया है, तो आपको एचआईवी का खतरा व्यावहारिक रूप से न के बराबर है। यानि यह वायरस तभी शरीर में प्रवेश कर सकता है, जब उसे रिसाव वाली जगह से अंदर प्रवेश करने का रास्ता मिलता है। वास्तव में एचआईवी एक ह्यूमन वायरस है, जो किसी व्यक्ति से किसी सतह, वस्तु या व्यक्ति में तब तक प्रेषित नहीं हो सकता, जब तक किसी तरह के ब्लड या फ्लूइड के संपर्क में नहीं आता है। नीडल्स और सिरिंज एचआईवी को एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक आसानी से पहुंचा सकती हैं। इसलिए डॉक्टर को हमेशा नई नीडल का इस्तेमाल करना चाहिए।
एक बात ध्यान में रहे कि अगर आप शारीरिक तरल पदार्थ (bodily fluids) के साथ किसी से वन-टू-वन या डायरेक्ट संपर्क में आते हैं, तो एहतियाती के तौर पर आपको ग्लव्स का जरूर इस्तेमाल करना चाहिए। संक्रमित रक्त के आदान-प्रदान द्वारा इसका अधिक खतरा होता है।
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अनुवादक – Usman Khan
चित्र स्रोत - Shutterstock