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रूमटॉइड अर्थराइटिस यानी गठिया एक ऐसी बीमारी है जो तब होती है जब इम्यून सिस्टम गलती से शरीर के ऊतकों को नष्ट कर देता है। इस बीमारी का कोई उपचार नहीं है। जोड़ों में तेज़ दर्द व जकड़न इसके लक्षण हैं। इस स्थिति में मरीज़ हल्के फुल्के काम करने में भी मुश्किल महसूस करता है। हालांकि इसके लक्षणों में राहत पाने के लिए आप दवाएं ले सकते हैं। अगर आप घरेलु उपचार करना चाहें तो सरसों के दाने आपके बहुत काम आ सकते हैं। ये इसके लक्षणों को कम करते हैं। (सरसों के तेल के 8 लाभ जानिये)
सरसों के दाने कैसे करते हैं मदद?
सरसों के दानों में सेलेनियम (selenium) और मैग्नीशियम (magnesium) की मात्रा काफी अधिक होती है। ये शक्तिशाली एंटी-इनफ्लैमटोरी एजेंट के रूप काम करके शरीर से नुकसानदायक टॉक्सिन्स बाहर निकाल देते हैं। आयुर्वेद के अनुसार, सरसों के दाने गर्माहट पैदा करते हैं जिसकी वजह से इनको लगाने से प्रभावित स्थान का तापमान बढ़ता है। इससे आपको दर्द में राहत मिलती है।
इस्तेमाल का तरीका
रूमटॉयड अर्थराइटिस के दर्द में राहत पाने के लिए सरसों के दानों का इस्तेमाल दो तरीकों से किया जा सकता है-
1) जोड़ों के दर्द के लिए – इन दानों को इस्तेमाल करने का सबसे अच्छा तरीका है कि इनको नहाने के गर्म पानी में थोड़ी देर के लिए डालकर रख दें। इसके बाद आप अपने शरीर को इस पानी में डालें या सिर्फ जोड़ों को डालें।
2) सूजन के लिए – थोड़ा पानी मिलाकर सरसों के दानों का एक पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को उस हिस्से पर लगाएं जहां सूजन है। अब 20-30 मिनट तक रूकें। इसके बाद साफ कर लें। इसे दिन में दो बार करने से नैचुरली सूजन दूर हो जाएगी।
मूल स्रोत –Relieve the symptoms of rheumatoid arthritis with mustard seeds
अनुवादक –Shabnam Khan
चित्र स्रोत - Shutterstock
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