डायबिटीज के शिकार पुरुषों में हो सकती है इनफर्टिलिटी की समस्या, जानें बचाव के तरीके

Diabetes And Infertility: डायबिटीज के कारण पुरुषों को प्रजनन से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। आइए, जानते हैं इसके बारे में विस्तार से  -

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Written By: priya mishra | Updated : November 17, 2024 7:31 AM IST

Effect Of Diabetes On Male Fertility: आजकल के गलत खानपान और खराब जीवनशैली के कारण डायबिटीज एक आम समस्या बन चुकी है। डायबिटीज होने पर पैंक्रियाज में इंसुलिन का उत्पादन कम हो जाता है या बंद हो जाता है, जिसकी वजह से ब्लड शुगर लेवल अनियंत्रित तरीके से बढ़ने लगता है। अगर समय रहते इसका इलाज न किया जाए, तो यह बीमारी शरीर के कई प्रमुख अंगों को डैमेज कर देती है। डायबिटीज का असर न सिर्फ शरीर के दूसरे हिस्सों पर होता है, बल्कि पुरुषों के प्रजनन स्वास्थ्य पर भी पड़ता है। टाइप-1 और टाइप-2, दोनों डायबिटीज पुरुषों की प्रजनन क्षमता को प्रभावित कर सकते हैं। खासकर, डायबिटीज के कारण पुरुषों में स्पर्म की संख्या और उनकी गुणवत्ता पर बुरा असर पड़ता है, जिससे उनकी संतान उत्पन्न करने की क्षमता कम हो सकती है। आज इस लेख में हम आपको बताने जा रहे हैं कि डायबिटीज का पुरुषों के प्रजनन पर क्या असर होता है और इससे कैसे बचा जा सकता है। तो आइए, जानते हैं विस्तार से -

डायबिटीज के कारण पुरुषों में हो सकती है ये 5 समस्याएं

स्पर्म काउंट में कमी

डायबिटीज से पीड़ित पुरुषों में स्पर्म की संख्या कम हो सकती है। शरीर में बढ़ी हुई शुगर का असर स्पर्म के निर्माण पर पड़ता है। इससे स्पर्म की संख्या घट जाती है, जिससे गर्भधारण की संभावना कम हो जाती है।

स्पर्म की गति पर असर

डायबिटीज के कारण स्पर्म की गति (मोटिलिटी) भी धीमी हो सकती है। स्पर्म को अंडाणु तक पहुंचने के लिए तेज गति की जरूरत होती है। लेकिन डायबिटीज से उनकी गति कमजोर पड़ जाती है, जिससे गर्भधारण मुश्किल हो सकता है।

स्पर्म के डीएनए पर असर

डायबिटीज के कारण स्पर्म के डीएनए में भी खराबी आ सकती है। खराब डीएनए से भ्रूण (गर्भ में पल रहा शिशु) का विकास ठीक से नहीं होता और गर्भपात का खतरा बढ़ सकता है।

हार्मोन में बदलाव

डायबिटीज पुरुषों में हार्मोन का स्तर बिगाड़ सकता है। खासकर, टेस्टोस्टेरोन हार्मोन को। यह हार्मोन स्पर्म के उत्पादन और यौन इच्छा के लिए जरूरी है। डायबिटीज से टेस्टोस्टेरोन का स्तर कम हो सकता है, जिससे स्पर्म की संख्या और यौन इच्छा कम हो सकती है।

इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या

डायबिटीज पुरुषों में इरेक्टाइल डिसफंक्शन (नपुंसकता) की समस्या भी ला सकता है। डायबिटीज के कारण नसों और रक्त वाहिकाओं पर असर पड़ता है, जिससे यौन क्षमता कमजोर हो जाती है और प्रजनन में दिक्कत आ सकती है।

डायबिटीज से बचाव के उपाय

खानपान का ध्यान रखें

शरीर में ब्लड शुगर के स्तर को कंट्रोल रखने के लिए अपने आहार में ज्यादा फाइबर, हरी सब्जियां और फल शामिल करने चाहिए। इसके अलावा, प्रोसेस्ड फूड्स, जंक फूड और मीठे का सेवन न करें।

नियमित व्यायाम करें

रोजाना व्यायाम करने से शरीर में ब्लड शुगर का स्तर संतुलित रहता है। इसलिए रोजाना कम से कम 30 मिनट योग और व्यायाम जरूर करें।

धूम्रपान और शराब से बचें

अत्यधिक धूम्रपान और शराब के सेवन स्पर्म की गुणवत्ता को कमजोर हो सकती है। ऐसे में, इस तरह के नशीले पदार्थों से दूरी ही बनाकर रखें।

तनाव कम करें

तनाव के कारण ब्लड शुगर का स्तर बढ़ सकता है। नियमित रूप से ध्यान और योग करने से तनाव को कम करने में मदद मिल सकती है, जिससे शरीर और मन स्वस्थ रहते हैं।

शुगर की नियमित जांच करवाएं

समय-समय पर अपने ब्लड शुगर की जांच करवाते रहें और डॉक्टर की सलाह से ही उपचार लें। अगर आपका ब्लड शुगर लेवल ज्यादा है, तो ऐसी स्थिति में डॉक्टर द्वारा दी गई दवाइयां या इंसुलिन लेना बहुत जरूरी है।

Disclaimer: प्र‍िय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्‍य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसल‍िए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए ज‍िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।