डेंगू से सुरक्षित रहने के लिए ध्यान में रखें ये 6 बातें

हमेशा मच्छरदानी लगाकर सोएं।

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : August 8, 2018 5:14 PM IST

बरसात के मौसम में डेंगू की बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। यह एक गंभीर बीमारी है जो संक्रमित मादा एडीज एजिप्टी मच्छर के काटने से फैलती है। डेंगू को ‘ब्रेक बोन फ़ीवर’ के नाम से भी जाना जाता है और डेंगू से पीड़ित व्यक्ति को काफी दर्द और कमज़ोरी महसूस होती है। आमतौर पर डेंगू के लक्षण संक्रमित मच्छर के काटने के 4-10 दिनों के बाद दिखायी पड़वे लगते हैं। डेंगू के कुछ आम लक्षण हैं, तेज़ बुखार, तेज़ सिर दर्द, आंखों में दर्द, मतली-उल्टी, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द और शरीर पर रैशेज़।

इस बीमारी से बचाव बहुत ज़रूरी है क्योंकि यह जानलेवा भी साबित हो सकता है। यहां हम बता रहे हैं डेंगू से सुरक्षित रहने के कुछ तरीके:

  1. बरसात के मौसम में मच्छरों की समस्या बहुत अधिक बढ़ जाती है। डेंगू के मच्छरों से बचने का सबसे आसान उपाय है कि आप अपने घर के आसपास कहीं भी पानी जमा ना होने दें। एडीज एजिप्टी मच्छर ज़्यादातर दिन में काटते हैं और खाली पड़े डिब्बों और गंदी जगहों में पैदा होते हैं। इसीलिए घर के गमलों, बड़े बर्तनों और बगीचे के गड्ढों में पानी ना जमा होने दें। इसी तरह खाली बर्तनों, ड्रम, बाल्टियों और स्टोरेज के बर्तनों आदि को पलटकर रखें और अगर ये रोज़ इस्तेमाल ना हों तो उन्हें धोकर-सुखाकर बंद कर दें।
  2. घर में दिन और रात के समय नियमित रूप से मच्छर की दवा छिड़के।
  3. घर की खिड़कियां, रोशनदान और उनपर लगी जालियां अगर टूटी-फूटी हैं तो उन्हें ठीक करा लें। क्योंकि मच्छरों को इनसे घर में प्रवेश करने का मौका मिलता है।
  4. हमेशा मच्छरदानी लगाकर सोएं।
  5. घर में अगर कूलर है तो नियमित रूप से पानी की ट्रे को साफ करें।
  6. मच्छरों को दूर रखने का एक प्राकृतिक उपाय है अपने घर की खिड़किओं के पास तुलसी के पौधे लगाना। यह मच्छरों को पनपने से रोकते हैं। मच्छर भगाने का एक और अदभुत तरीका है कपूर का प्रयोग। अपने कमरे की खिड़कियां और दरवाज़ों को बंद करके कपूर जलाएं। १५-२० मिनट तक कमरे को बंद रहने

चित्रस्रोत: Shutterstock.

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