मामूली खुजली समझकर कर देती हैं इग्नोर? ध्यान नहीं दिया तो बन सकता है सर्वाइकल कैंसर

Common Gynecological Symptoms Women Should Not Ignore: महिलाओं में कई गंभीर बीमारियां शुरुआती लक्षणों के रूप में सामने आती हैं। इन लक्षणों को इग्नोर किया जाए तो बीमारी गंभीर स्टेज में पहुंच जाती है।

WrittenBy

Written By: Ashu Kumar Das | Published : January 18, 2026 10:34 AM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dr. Rajesh Kumar Jain

Common Gynecological Symptoms Women Should Not Ignore: परिवार, घर की जिम्मेदारियों ने हम महिलाओं को इतना बिजी कर दिया है कि हमने अपनी सेहत को जिंदगी की बस की आखिरी सीट पर रखा हुआ है। खासतौर पर स्त्री रोग (Gynecological Health) से जुड़े लक्षणों को महिलाएं नॉर्मल ही मान लेती हैं। अगर किसी महिला को पीरियड्स में दर्द हो रहा है तो हम मान लेते हैं कि ये तो हर महीने की ही कहानी है।

सेक्स के दौरान दर्द होता है तो हम कहते हैं कुछ दिनों में ठीक हो जाएगा, शादी के बाद ऐसा होता ही है या डिलीवरी के बाद ठीक हो जाएगा। डॉ. राजेश कुमार जैन कहते हैं कि रोजाना में नजरअंदाज की जाने वाली छोटी-छोटी बातें भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का कारण बन सके हैं। डॉक्टर के अनुसार, महिलाओं के शरीर में आने वाले कुछ बदलाव सामान्य हो सकते हैं, लेकिन कई लक्षण ऐसे होते हैं जिन्हें नजरअंदाज करना भविष्य की सेहत के लिए जानलेवा भी साबित हो सकते हैं।

कौन से लक्षण महिलाओं को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए

  1. पीरियड्स में प्रॉब्लम- भारत में 10 से 8 महिलाएं आज भी पीरियड्स की डेट के आगे या पीछे होने की स्थिति को सामान्य मानती हैं। लेकिन पीरियड्स में होने वाले बदलावों को नजरअंदाज करना सेहत के लिए नुकसानदायक होता है। 21 दिन से कम या 35 दिन से ज्यादा का साइकिल, बार-बार पीरियड मिस होना, महीनों तक पीरियड न आना और अचानक बहुत अनियमित हो जाना सर्वाइकल कैंसर का पहला संकेत होता है। पीरियड्स के अनियमित होने से PCOS (Polycystic Ovary Syndrome), थायराइड डिसऑर्डर, हार्मोनल असंतुलन, अत्यधिक तनाव, वजन का अचानक बढ़ना या घटना, डायबिटीज अगर समय रहते जांच न हो तो यह आगे चलकर बांझपन और मेटाबॉलिक डिसऑर्डर का कारण बन सकता है।
  2. तेज या लगातार पेल्विक दर्द - पेल्विक में लगातार होने वाला हल्का और तेज दर्द क्रॉनिक पेल्विक पेन और फर्टिलिटी लॉस का कारण बन सकता है। डॉ. राजेश कुमार जैन के अनुसार, पेल्विक में होने वाला दर्द ओवेरियन सिस्ट, एक्टोपिक प्रेग्नेंसी, पेल्विक इंफ्लेमेटरी डिजीज (PID), एंडोमेट्रियोसिस और एडिनोमायोसिस जैसी समस्याओं का कारण बन सकता है।
  3. योनि से असामान्य डिस्चार्ज- महिलाओं की योनि से होने वाला असामान्य डिस्चार्ज बैक्टीरियल वैजिनोसिस, यीस्ट इंफेक्शन और STI (Sexually Transmitted  Infection) जैसी बीमारियों का कारण बन सकता है। स्त्री रोग विशेषज्ञ का कहना है कि अगर किसी महिला को पीला, हरा या ग्रे रंग, बदबूदार, खून मिला हुआ, दही जैसा गाढ़ा, खुजली या जलन के साथ योनि से डिस्चार्ज हो रहा है, तो उन्हें तुरंत इस विषय पर डॉक्टर से बात करनी चाहिए। इन छोटी-छोटी समस्याओं का समय पर इलाज न हो तो संक्रमण गर्भाशय और फैलोपियन ट्यूब तक फैल सकता है। भविष्य में ये संक्रमण सर्वाइकल कैंसर जैसी घातक बीमारी का कारण भी बन सकता है।
  4. बार-बार पेशाब आना या जलन- पेशाब और योनि में होने वाली जलन से होने वाली हर समस्या यूटीआई नहीं होती है। बार-बार पेशाब आना और पेशाब के दौरान जलन होने के पीछे यूटेराइन फाइब्रॉइड, पेल्विक फ्लोर कमजोरी, पेल्विक ऑर्गन प्रोलैप्स और एंडोमेट्रियोसिस जैसी बीमारियां हो सकती हैं। अगर आपको ये समस्या बार-बार हो रही है, तो Gynecologist और Urologist दोनों से जांच जरूर करवाएं।

महिलाओं को डॉक्टर से कब मिलना चाहिए?

  1. पीरियड्स के दौरान तेज दर्द और उसके साथ बुखार
  2. चक्कर आना और शारीरिक कमजोरी
  3. अचानक वजन घटना या बिना किसी कारण वजन बढ़ना
  4. लगातार थकान
  5. एनीमिया के लक्षण खुद में नजर आना
  6. पीरियड्स के बिना भी बार-बार ब्लीडिंग

महिलाओं का प्रजनन स्वास्थ्य (Gynecological Health) क्या होता है?

Gynecological Health का मतलब सिर्फ पीरियड्स या प्रेग्नेंसी नहीं होता। इसमें शामिल हैं:

  • मासिक धर्म चक्र (Menstrual Cycle)
  • गर्भाशय (Uterus)
  • अंडाशय (Ovaries)
  • फैलोपियन ट्यूब
  • हार्मोनल संतुलन
  • यौन और मूत्र स्वास्थ्य

इनमें किसी भी स्तर पर गड़बड़ी पूरे शरीर की सेहत को प्रभावित कर सकती है।

महिलाओं को कब डॉक्टर से मिलना चाहिए?

डॉक्टर बताते हैं कि चाहे कोई बीमारी हो या नहीं महिलाओं को साल में एक बार Gynecological Check-up जरूर करवाना चाहिए। इसके अलावा साल में एक बार Pap Smear (सर्वाइकल कैंसर का पता लगाने के लिए), Breast Examination (ब्रेस्ट कैंसर का पता लगाने के लिए) जरूर करवाना चाहिए। इन टेस्ट के जरिए महिलाओं को होने वाली विभिन्न प्रकार की बीमारी समय से पहले पता चल जाती है, इससे इलाज आसान और सफल होता है।

अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source